Responsive Scrollable Menu

Palakkad Mob Lynching मामले में 7 गिरफ्तार, SIT करेगी जांच

केरलम के गृह मंत्री रमेश चेन्निथला ने शुक्रवार को पलक्कड़ जिले में एक अज्ञात व्यक्ति की भीड़ द्वारा पीट-पीटकर हत्या किए जाने की कथित घटना की कड़ी निंदा की। उन्होंने कहा कि इस मामले में सात लोगों को गिरफ्तार किया गया है और घटना की जांच के लिए विशेष जांच दल (एसआईटी) गठित किया गया है। राज्य विधानसभा में चेन्निथला ने इस घटना को “बेहद क्रूर और निंदनीय” बताया।

उन्होंने कहा कि केरलम जैसे प्रगतिशील राज्य में इस तरह की क्रूरता स्वीकार नहीं की जा सकती, जिसने पूर्ण साक्षरता हासिल की है और प्रगतिशील कानून लागू किए हैं। उन्होंने कहा कि मामले की जांच के लिए 10 सदस्यीय विशेष जांच दल (एसआईटी) गठित किया गया है। उन्होंने सदन को आश्वासन दिया कि अपराध में शामिल किसी भी व्यक्ति को बख्शा नहीं जाएगा।

मंत्री ने बताया कि मृतक की उम्र 35 से 40 वर्ष के बीच होने का अनुमान है, लेकिन अभी तक उसकी पहचान नहीं हो पाई है। चेन्निथला ने कहा कि उन्होंने अतिरिक्त पुलिस महानिदेशक (खुफिया) को निर्देश दिया है कि मृतक की पहचान करने के लिए तमिलनाडु में अपने समकक्ष अधिकारी की मदद लें, क्योंकि यह घटना पड़ोसी राज्य की सीमा से लगे एक गांव में हुई थी। मंत्री ने इस हत्या को अमानवीय और जघन्य बताते हुए कहा कि मृतक के शरीर पर करीब 52 चोटों के निशान थे।

उन्होंने सवाल किया, “लोगों का एक समूह एकजुट होकर इस तरह की अमानवीय और जघन्य हत्या करे, तो इसे कैसे जायज ठहराया जा सकता है?” रविवार सुबह मीनाक्षीपुरम के पास मूलथारा बांध के नजदीक एक व्यक्ति का शव मिलने के बाद यह घटना सामने आई। स्थानीय निवासियों ने शव देखा था। चेन्निथला ने कहा कि पुलिस ने शुरुआत में अप्राकृतिक मौत का मामला दर्ज किया था।

हालांकि, सीसीटीवी फुटेज की जांच और नए सबूत सामने आने के बाद पता चला कि कथित तौर पर लोगों के एक समूह ने व्यक्ति पर हमला किया था। उन्होंने उस पर पत्थर फेंके और डंडों से उसकी पिटाई की थी। उन्होंने बताया कि इसके बाद आरोपियों के खिलाफ हत्या समेत अन्य धाराएं लगाई गईं।

मंत्री के अनुसार, आरोप लगाया गया था कि पीड़ित ने कुछ स्थानीय महिलाओं के सामने अश्लील हरकत की थी, जिसके बाद आरोपियों ने उस पर हमला किया। हालांकि, उन्होंने कहा कि ऐसे मामलों से निपटने के लिए कानून लागू करने वाली एजेंसियां और अदालतें हैं। किसी को भी किसी व्यक्ति पर हमला करके उसकी हत्या करने और कानून अपने हाथ में लेने की अनुमति नहीं दी जा सकती।

पुलिस ने पहले बताया था कि त्रिशूर मेडिकल कॉलेज अस्पताल में किए गए पोस्टमार्टम में हत्या के संकेत मिले थे। बताया गया कि वह व्यक्ति केरलम-तमिलनाडु सीमा क्षेत्र के एक गांव में पिछले कुछ समय से घूम रहा था, लेकिन उसकी पहचान अब तक नहीं हो पाई थी। शनिवार को कथित तौर पर हुई इस घटना से पूरे जिले में सनसनी फैल गई है।

हाल के वर्षों में पलक्कड़ में भीड़ द्वारा पीट-पीटकर हत्या किए जाने की यह तीसरी कथित घटना है। चेन्निथला ने अट्टापडी के चिंडक्की ऊरू के 27 वर्षीय आदिवासी युवक मधु की 2018 में भीड़ द्वारा पीट-पीटकर हत्या किए जाने की घटना को याद करते हुए कहा कि यह घटना भीड़ की हिंसा की एक भयावह याद दिलाती है। मधु पर एक दुकान से चावल और अन्य किराने का सामान चुराने का आरोप लगाया गया था, जिसके बाद कथित तौर पर भीड़ ने उसे पीट-पीटकर मार डाला था।

दिसंबर 2025 में एक अन्य घटना में, वालयार पुलिस थाना क्षेत्र में चोरी के संदेह में छत्तीसगढ़ के एक निवासी को कथित तौर पर पीट-पीटकर मार डालने के मामले में पांच लोगों को गिरफ्तार किया गया था।

Continue reading on the app

Supreme Court पहुंचा गर्भवती पत्रकार से बदसलूकी का मामला, Rahul Gandhi के खिलाफ सुनवाई तय

सुप्रीम कोर्ट ने शुक्रवार को कहा कि वह 26 अक्टूबर को एक गर्भवती पत्रकार की अर्जी पर सुनवाई करेगा। पत्रकार ने आरोप लगाया है कि 12 अक्टूबर को सुप्रीम कोर्ट रजिस्ट्री के अंदर राहुल गांधी ने उसे धक्का दिया था। उस दिन राहुल गांधी चुनाव आयोग की मतदाता सूची (इलेक्टोरल रोल) से जुड़ी प्रक्रिया को चुनौती देने वाली याचिका दाखिल करने के लिए विपक्ष के मार्च का नेतृत्व कर रहे थे। मुख्य न्यायाधीश (CJI) की बेंच - जिसमें जस्टिस सूर्यकांत और जस्टिस जॉयमाल्य बागची शामिल हैं - ने कहा कि इस अर्जी पर 26 या 27 अक्टूबर को सुनवाई की जाएगी। वरिष्ठ वकील गौरव भाटिया के आग्रह पर बेंच इस मामले की सुनवाई के लिए तैयार हो गई। उन्होंने बेंच से अर्जी को सूचीबद्ध (लिस्ट) करने और यह स्पष्ट करने को कहा था कि क्या इससे जुड़े मामलों में नोटिस जारी किए गए हैं। 

इसे भी पढ़ें: BJP में शामिल नेताओं पर बिफरे Rahul Gandhi तो Kharge ने दिलाई पुरानी दोस्ती की याद


पत्रकार ऋचा पाराशर ने आरोप लगाया है कि विरोध प्रदर्शन की कवरेज के दौरान राहुल गांधी और उनके सुरक्षाकर्मियों ने उनके साथ बदसलूकी की। उन्होंने दावा किया कि इस घटना में उन्हें चोटें आईं और उनकी गर्भावस्था के पहले ट्राइमेस्टर (शुरुआती महीनों) में एक मेडिकल इमरजेंसी जैसी स्थिति पैदा हो गई। घटना के बारे में बताते हुए पाराशर ने कहा कि वह विरोध प्रदर्शन को रिकॉर्ड कर रही थीं, तभी राहुल गांधी ने कथित तौर पर उनका हाथ पकड़ा और खींचा, जिसके बाद उनके सुरक्षाकर्मियों ने उन्हें धक्का दे दिया। उन्होंने कहा मेरे वीडियो में यह साफ दिख रहा है: राहुल गांधी आगे आते हैं, मेरा हाथ पकड़ते हैं और उसे खींचते हैं। उन्होंने हाथ खींचा और मुझे उनकी ताकत महसूस हुई। जैसे ही उन्होंने हाथ खींचा, उसी पल उनके गार्ड्स ने मुझे धक्का दे दिया। पाराशर ने आगे दावा किया कि जब वह अपने आस-पास मौजूद लोगों से धक्का न देने की गुहार लगा रही थीं, तभी वह सुप्रीम कोर्ट की सीढ़ियों पर गिर गईं। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि इस घटना में उनका फोन टूट गया। 

इसे भी पढ़ें: Illinois में मंदिर पर गोलीबारी की साजिश नाकाम, Raja Krishnamoorthi समेत अमेरिकी सांसदों ने की निंदा


उन्होंने बताया मैं गिर गई, फोन भी गिर गया, लेकिन माइक्रोफोन मेरे कॉलर पर लगा था, इसलिए सब कुछ रिकॉर्ड हो गया। मैं उठी और चिल्लाने लगी कि 'मेरा माइक्रोफोन गिर गया है', जबकि उनके लोग मुझसे कह रहे थे, 'अरे, तुम कहाँ गिर गईं?' मैंने कहा, यह मेरे कैमरे में रिकॉर्ड हो गया है। आप किसी पत्रकार को दबा नहीं सकते। मैं भारी भीड़ के बीच खड़ी थी और मुझे सांस लेने में दिक्कत हो रही थी। मैंने वहां कहा कि राहुल गांधी ने मुझे धक्का दिया है; वह ठीक मेरे पीछे थे। और मेरी आवाज़ को दबाने के लिए उनके लोग 'राहुल गांधी जिंदाबाद, राहुल गांधी जिंदाबाद' के नारे लगाने लगे। उन्होंने आगे कहा मैं हैरान रह गई क्योंकि मुझे लगा कि वहां कोई तो ऐसा होगा जो पूछेगा क्या आप ठीक हैं? थोड़ा पानी पी लीजिए, एक तरफ हो जाइए।' किसी को तो पूछना चाहिए था कि 'क्या आप ठीक हैं?' लेकिन किसी ने कुछ नहीं कहा। मैं कुछ समझ नहीं पा रही थी; मैं वहीं बैठकर रोने लगी। मैंने कैमरे के सामने चिल्लाकर कहा, और फिर बैठकर रोने लगी क्योंकि गर्भावस्था के शुरुआती महीनों में होने के कारण, मुझे नहीं पता था कि आगे क्या होगा। मैं अपने पेट के बल गिरी थी।

Continue reading on the app

  Sports

अन्वय द्रविड़ के 151 रन और आर्यवीर सहवाग का शानदार शतक, वीनू मांकड़ ट्रॉफी में चमके दिग्गजों के लाडले

Anvay Dravid Aaryavir Sehwag slams hundred : राहुल द्रविड़ के छोटे बेटे अन्वय द्रविड़ ने वीनू मांकड़ ट्रॉफी में कर्नाटक की कप्तानी करते हुए गुजरात के खिलाफ 100 गेंदों पर 151 रनों की तूफानी पारी खेली. उनकी इस शतकीय पारी की बदौलत कर्नाटक ने 358 रनों के विशाल लक्ष्य को पांच विकेट शेष रहते हासिल कर लिया. वहीं, दूसरे मुकाबले में वीरेंद्र सहवाग के बेटे आर्यवीर सहवाग ने दिल्ली के लिए 143 गेंदों पर 173 रन बनाए, लेकिन उनकी यह शानदार पारी भी टीम को जीत नहीं दिला सकी. Fri, 16 Oct 2026 23:01:42 +0530

  Videos
See all

Weather Update : 22 राज्यों में बदलेगा मौसम, 17 अक्टूबर के लिए IMD का अलर्ट! | IMDAlert | #tmktech #vivo #v29pro
2026-10-16T23:00:28+00:00

Iran America War : ईरान पर अमेरिका के हमले की तैयारी? | Middle East Crisis | US Military | #tmktech #vivo #v29pro
2026-10-16T22:30:10+00:00
Editor Choice
See all
Photo Gallery
See all
World News
See all
Top publishers