मां दुर्गा के छठे स्वरूप से जुड़ा है ये औषधीय पौधा, सेहत के लिए है वरदान
नई दिल्ली, 16 अक्टूबर (आईएएनएस)। नवरात्र के छठे दिन मां कात्यायनी की पूजा-अर्चना की जाती है। मां कात्यायनी को शक्ति, साहस और ओज की देवी माना जाता है। धार्मिक मान्यताओं के साथ-साथ आयुर्वेद में भी इस दिन का विशेष महत्व बताया गया है। आयुर्वेद ग्रंथ मार्कंडेय पुराण के अनुसार, देवी दुर्गा के नौ रूपों का संबंध नौ दिव्य औषधियों से है। इसी क्रम में छठे दिन की अधिष्ठात्री देवी मां कात्यायनी का संबंध पोई नामक औषधीय पौधे से जोड़ा जाता है, जिसे संस्कृत में उपोदिका कहा जाता है।
पोई एक अत्यंत उपयोगी, वाजीकारक और त्रिदोषनाशक जड़ी-बूटी है। यह सिर्फ एक साग नहीं, बल्कि स्वास्थ्य के लिए वरदान है। यह स्वाद में मधुर, तासीर में शीतल, चिकनी, भारी, कफ और पित्त का नाश करने वाली, बल और वर्ण को बढ़ाने वाली तथा रुचि उत्पन्न करने वाली होती है।
पोई की तासीर अत्यंत शीतल होती है। यह शरीर की आंतरिक गर्मी को शांत करती है। हाथ-पैरों में होने वाली जलन, पित्त विकार और एसिडिटी यानी अम्लपित्त की समस्या में यह बेहद लाभकारी है। यह पेट को अंदर से ठंडक पहुंचाती है।
इसकी पत्तियों में प्राकृतिक चिकनाई और भरपूर मात्रा में फाइबर पाया जाता है। यह आंतों की सफाई करती है और पुरानी से पुरानी कब्ज को दूर करने में मददगार है। इसके सेवन से पेट के अल्सर में भी आराम मिलता है और पाचन क्रिया मजबूत होती है।
आयुर्वेद के अनुसार, पोई का सेवन मस्तिष्क की नसों को शांत करता है। यह तनाव, चिंता और अनिद्रा जैसी समस्याओं को दूर करने में प्रभावी है। जिन लोगों को नींद न आने की शिकायत है, उनके लिए यह एक प्राकृतिक औषधि के रूप में काम करती है।
पोई में आयरन, कैल्शियम, विटामिन ए, विटामिन सी और फोलेट प्रचुर मात्रा में पाए जाते हैं। यह शरीर में हीमोग्लोबिन के स्तर को तेजी से बढ़ाती है और एनीमिया यानी रक्तहीनता को दूर करती है। इसके नियमित सेवन से इम्यूनिटी भी मजबूत होती है।
मां कात्यायनी ओज और सौंदर्य की प्रतीक हैं। पोई का सेवन रक्त को शुद्ध करता है, जिससे चेहरे पर प्राकृतिक चमक आती है। यह कील-मुहांसे, दाद-खुजली और अन्य त्वचा संबंधी विकारों को दूर करने में भी सहायक है।
--आईएएनएस
पीआईएम/एएस
डिस्क्लेमरः यह आईएएनएस न्यूज फीड से सीधे पब्लिश हुई खबर है. इसके साथ न्यूज नेशन टीम ने किसी तरह की कोई एडिटिंग नहीं की है. ऐसे में संबंधित खबर को लेकर कोई भी जिम्मेदारी न्यूज एजेंसी की ही होगी.
सिवनी में वाहन की टक्कर से युवक की मौत, चालक मौके से फरार, सीसीटीवी खंगाल रही पुलिस
सिवनी में एक दर्दनाक सड़क हादसा देखने को मिला। यहां के अरी थाना क्षेत्र अंतर्गत आने वाले आमागढ़ गांव के समीप गुरुवार देर रात एक सड़क हादसा देखने को मिला। इस सड़क हादसे में बाइक सवार एक युवक की मौत हो गई है। वाहन चालक मौके से फरार है।
इस हादसे में जिस युवक की मौत हुई है, उसकी पहचान 40 वर्षीय विकास बिसेन के रूप में हुई है। पुलिस ने मामला दर्ज करते हुए दुर्घटना के कारण और वाहन चालक के बारे में जानकारी जुटाना शुरू कर दी है।
बाइक सवार की हुई मौत
जानकारी के मुताबिक विकास बिसेन अपनी बाइक से आमागढ़ गांव के समीप से जा रहा था। इस दौरान अज्ञात वाहन ने अचानक से बाइक को टक्कर मार दी। टक्कर इतनी जोरदार थी कि बाइक सवार को कई जगह चोट आ है। हादसे के बाद मौके पर लोगों की भीड़ इकट्ठा हो गई। इसके बाद पुलिस को सूचना दी गई। मौके पर पहुंची पुलिस ने मामले में कार्रवाई शुरू की।
वाहन चालक की तलाश जारी
सड़क हादसे के इस मामले में अरी थाना पुलिस द्वारा जांच पड़ताल की जा रही है। दुर्घटना स्थल का निरीक्षण करने के साथ जो साक्ष्य उपलब्ध हैं। उनके आधार पर वाहन को पहचानने का प्रयास किया जा रहा है। घटनास्थल के आसपास के मार्गों पर लगे सीसीटीवी कैमरा के फुटेज भी खंगाले जा रहे हैं। पुलिस को राशन का है कि सीसीटीवी के आधार पर वाहन के संबंध में कोई ना कोई सुराग मिल सकता है।
लगातार हो रहे हादसे
सिवनी में यह पहला मामला नहीं है, जब रफ्तार का कहर देखने को मिला है। राष्ट्रीय राजमार्ग-44 पर कुछ घंटे पहले ही एक हादसा देखने को मिला था। एक अज्ञात वाहन ने बाइक सवार युवक को टक्कर मार दी थी। घटना के बाद वाहन चालक मौके से भाग गया। घटना में घायल युवक को प्राथमिक उपचार के बाद गंभीर स्थिति में जबलपुर रेफर किया गया था। पुलिस ने मामला दर्ज कर वाहन चालक की तलाश शुरू की थी। वहीं अब रफ्तार ने एक युवक की जान ले ली है।
होम
जॉब
पॉलिटिक्स
बिजनेस
ऑटोमोबाइल
गैजेट
लाइफस्टाइल
फोटो गैलरी
Others
News Nation
Mp Breaking News








