रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु आईपीएल 2026 के लिए वैकल्पिक होम वेन्यू की तलाश में जुटी हुई है, हालांकि इस बीच नवी मुंबई स्थित डीवाई पाटिल स्टेडियम अब विकल्पों की सूची से बाहर हो गया है।
बता दें कि मौजूद जानकारी के अनुसार मुंबई इंडियंस ने आरसीबी से साफ तौर पर कहा है कि डीवाई पाटिल स्टेडियम पर विचार करने से पहले देश के अन्य विकल्पों को पूरी तरह आजमाया जाए। इसके पीछे तर्क यह दिया गया है कि डीवाई पाटिल और वानखेड़े स्टेडियम एक ही कैचमेंट एरिया में आते हैं, जिससे भविष्य में होम ग्राउंड की परंपरा पर असर पड़ सकता है।
सूत्रों का कहना है कि यदि किसी फ्रेंचाइज़ी को किसी दूसरी टीम के घरेलू क्षेत्र के पास अपना आधार बनाना है, तो इसके लिए पहले से वहां खेलने वाली फ्रेंचाइज़ी की मंजूरी जरूरी होती है। मुंबई इंडियंस का मानना है कि यदि डीवाई पाटिल को अनुमति दी जाती है, तो आगे चलकर अन्य टीमें भी ब्रेबोर्न जैसे मैदानों पर दावा कर सकती हैं, जिससे घरेलू क्षेत्रों की पहचान कमजोर हो सकती है।
गौरतलब है कि देश में कई ऐसे शहर हैं, जहां अभी आईपीएल के नियमित मुकाबले नहीं होते। राजकोट, पुणे, रायपुर, विशाखापत्तनम और इंदौर जैसे केंद्र पहले से मौजूद बुनियादी ढांचे के साथ विकल्प बन सकते हैं। इसी क्रम में यह भी सामने आया है कि आरसीबी ने छत्तीसगढ़ सरकार से रायपुर में कम से कम दो घरेलू मैच कराने को लेकर बातचीत कर ली है।
डीवाई पाटिल के रेस से बाहर होने के बाद इंदौर एक बार फिर चर्चा में आ गया है और शेष पांच मैचों के लिए उसे संभावित स्थल माना जा रहा है। सूत्रों के अनुसार पहले भी इंदौर पर विचार हुआ था, लेकिन अब उसकी दावेदारी और मजबूत हो गई है।
इस बीच कर्नाटक राज्य क्रिकेट संघ लगातार चिन्नास्वामी स्टेडियम में मैच कराने के पक्ष में दबाव बना रहा है। गौरतलब है कि 4 जून की दुखद भगदड़ की घटना के बाद से यह स्टेडियम किसी बड़े क्रिकेट मुकाबले का गवाह नहीं बना है। फिलहाल जस्टिस डी’कुन्हा समिति की 17 सिफारिशों के आधार पर यहां सुधार कार्य चल रहा है।
आरसीबी प्रबंधन ने हाल ही में कर्नाटक के गृह मंत्री जी परमेश्वर से भी मुलाकात की है, जिसमें KSCA के वरिष्ठ पदाधिकारी शामिल रहे। बैठक के बाद सकारात्मक संकेत जरूर मिले हैं, लेकिन फ्रेंचाइज़ी एहतियात के तौर पर अन्य विकल्पों पर भी काम कर रही है।
सीजन के नजदीक आते ही यह फैसला जल्द से जल्द आईपीएल गवर्निंग काउंसिल और बीसीसीआई को बताना जरूरी होगा, ताकि कार्यक्रम समय पर जारी किया जा सके। बुधवार को प्रस्तावित निरीक्षण और अधिकारियों की बैठक के बाद स्थिति पर कुछ स्पष्टता आने की उम्मीद जताई जा रही है।
Wed, 11 Feb 2026 23:15:41 +0530