Responsive Scrollable Menu

डीबीटी के जरिये पांच लाख करोड़ रुपये ‘‘गलत हाथों’’ में जाने से बचाए गए : प्रधानमंत्री मोदी

डीबीटी के जरिये पांच लाख करोड़ रुपये ‘‘गलत हाथों’’ में जाने से बचाए गए : प्रधानमंत्री मोदी

Continue reading on the app

UN महासभा में Raghu Puri ने Pakistan को घेरा, आतंकियों को पनाह देने पर लगाई फटकार

भारत ने एक बार फिर आतंकवाद को लगातार समर्थन देने के लिए पाकिस्तान को निशाने पर लिया है। भारत ने इस बात पर ज़ोर दिया है कि दुनिया 2008 के मुंबई आतंकी हमलों और 22 अप्रैल के पहलगाम हमले को भूली नहीं है। साथ ही, यह भी दोहराया है कि आतंकवाद को उसके फाइनेंसरों और प्रायोजकों के ख़िलाफ़ कार्रवाई किए बिना नहीं हराया जा सकता। संयुक्त राष्ट्र (UN) में भारत के स्थायी मिशन के सदस्य रघु पुरी ने ये बातें कहीं। उन्होंने UN महासभा की छठी समिति में 'अंतर्राष्ट्रीय आतंकवाद को खत्म करने के उपाय' एजेंडा आइटम पर पाकिस्तान के प्रतिनिधि के बयान के जवाब में दिल्ली का 'जवाब देने का अधिकार' इस्तेमाल करते हुए ये टिप्पणियां कीं। पुरी ने कहा कि पाकिस्तान ने खुद को पीड़ित के तौर पर पेश किया है, लेकिन उसने ऐसे 'फ्रेंकस्टीन' पैदा किए हैं, जिन पर से उसका नियंत्रण खत्म हो गया है और जो अब पड़ोसी देशों में तबाही मचा रहे हैं।

इसे भी पढ़ें: UN में भारत ने पाकिस्तान को घेरा, मसूद अजहर पर इनाम को बताया ढोंग

उन्होंने कहा कि हमें यह भी याद है कि कुछ महीने पहले ही पाकिस्तानी प्रतिनिधियों ने इसी मंच का इस्तेमाल करके जैश-ए-मोहम्मद को एक खत्म हो चुका संगठन बताया था। दुनिया पहले भी यह नाटक देख चुकी है और हमें साफ पता है कि इस बार भी कुछ अलग नहीं होने वाला है। पुरी ने कहा कि जब मीडिया अज़हर तक पहुँच सकता है और 'ऑपरेशन सिंदूर' की कामयाबी के बारे में उससे पुष्टि कर सकता है, तो ज़ाहिर है कि पाकिस्तानी सरकार को पता होगा कि वह कहाँ है। मनी लॉन्ड्रिंग रोकने में कमियों और टेरर फ़ाइनेंसिंग (आतंकवाद के लिए पैसे की फंडिंग) को रोकने में नाकाम रहने की वजह से पाकिस्तान को 2018 और 2022 के बीच फ़ाइनेंशियल एक्शन टास्क फ़ोर्स (FATF) की ग्रे लिस्ट में रखा गया था। पुरी ने पंजाब की मुख्यमंत्री मरियम नवाज़ (जो पाकिस्तान के पूर्व प्रधानमंत्री नवाज़ शरीफ़ की बेटी हैं) के हालिया बयान का भी ज़िक्र किया, जिसमें उन्होंने कहा था, अफ़सोस की बात यह है कि को जो ख़तरा है, वह मेरे पड़ोसी देशों से कम और मेरे पड़ोसी प्रांतों से ज़्यादा है। इस काले राज़ को उजागर करते हुए पुरी ने कहा आप एक ही समय में खरगोश के साथ दौड़ भी नहीं सकते और शिकारी कुत्तों के साथ शिकार भी नहीं कर सकते। असलियत कभी ऐसे काम नहीं करती।

इसे भी पढ़ें: PBKS के हेड कोच Ricky Ponting की बढ़ी चुनौती, जेम्स होप्स और ब्रैड हैडिन ने छोड़ा पद

उन्होंने कहा कि जब आतंकवादी समूहों को सरकारी राजनीतिक संरक्षण में काम करने की छूट दी जाती है, तो अंतरराष्ट्रीय वादे बेमानी हो जाते हैं और जब दोषियों को सुरक्षित पनाहगाह मिलती है, तो आतंकवाद के पीड़ितों को न्याय नहीं मिल पाता। पुरी ने कहा दुनिया 9/11 और ओसामा बिन लादेन समेत उसके दोषियों के पकड़े जाने की घटना को नहीं भूली है। दुनिया 26/11 को नहीं भूली है। दुनिया पहलगाम को नहीं भूली है। उन्होंने आगे कहा कि "दुर्भाग्य से" यह सूची बहुत लंबी और दुखद है। उन्होंने कहा पहलगाम में पीड़ितों से उनकी राजनीतिक विचारधारा के बारे में नहीं, बल्कि उनके धर्म के बारे में पूछा गया था। इसलिए यह बहुत अजीब बात है कि पाकिस्तान धार्मिक नफरत से लड़ने की बात तो करता है, लेकिन साथ ही ऐसी स्थितियों को भी बढ़ावा देता है जिनसे यह नफरत बनी रहती है और पनपती है, खासकर सीमा पार आतंकवाद को बढ़ावा देकर।

Continue reading on the app

  Sports

एक वीडियो, 6 साल से रोटी-दूध पर बैन, भुवनेश्वर कुमार के कमबैक की कहानी

भुवनेश्वर कुमार ने 36 साल की उम्र में भारतीय टी20 टीम में कमबैक किया है. चार सालों से ये खिलाड़ी टीम से बाहर था लेकिन आईपीएल में लगातार अच्छा प्रदर्शन के बाद उनकी वापसी हो गई. Thu, 08 Oct 2026 15:11:24 +0530

  Videos
See all

Desh Ki Pathshala: Jantar Mantar पर किसकी Entry? Cockroach में मची खलबली! Sushant Sinha #tmktech #vivo #v29pro
2026-10-08T10:13:50+00:00

Salary Hike Update : DA बढ़ा, HRA भी बढ़ा! कर्मचारियों को मिली बड़ी राहत! | Top News | #tmktech #vivo #v29pro
2026-10-08T10:15:17+00:00
Editor Choice
See all
Photo Gallery
See all
World News
See all
Top publishers