Pune: भाजपा प्रवक्ता शहजाद पूनावाला की मां सड़क हादसे की हुई शिकार, हिट एंड रन का आरोप; सीएम फडणवीस ने दिए जांच के आदेश
Pune: भाजपा के राष्ट्रीय प्रवक्ता शहजाद पूनावाला के परिवार पर उस समय दुखों का पहाड़ टूट पड़ा, जब उनकी मां महाराष्ट्र के पुणे में एक सड़क हादसे का शिकार हो गईं. यह घटना कथित रूप से हिट एंड रन का मामला बताई जा रही है, जिसमें टक्कर मारने के बाद आरोपी चालक मौके से फरार हो गया.
पूनावाला ने सोशल मीडिया पर दी जानकारी
शहजाद पूनावाला ने खुद सोशल मीडिया के जरिए इस घटना की जानकारी दी. उन्होंने दावा किया कि उनकी मां को जानबूझकर गाड़ी से टक्कर मारी गई. हादसे के बाद उन्हें तुरंत अस्पताल ले जाया गया, जहां उनका इलाज जारी है. परिवार के अनुसार उनकी हालत गंभीर है और डॉक्टर सर्जरी की तैयारी कर रहे हैं.
A few hours ago an extremely disgusting human being ran his car over my mother deliberately - leaving her seriously injured and ran away.
— Shehzad Jai Hind (Modi Ka Parivar) (@Shehzad_Ind) February 3, 2026
She will be undergoing a surgery very soon. Kindly pray for her.
My mother is one of the kindest & nicest human beings and for her to be… pic.twitter.com/WzWMXRPDC0
पूनावाला ने पुलिस से आरोपी को जल्द गिरफ्तार करने की मांग की है. उन्होंने यह भी कहा कि उनकी मां बेहद सरल और दयालु स्वभाव की हैं, और इस उम्र में उनके साथ ऐसी घटना बेहद दर्दनाक है. सोशल मीडिया पर साझा की गई तस्वीर में उनकी मां अस्पताल के बेड पर उपचार के दौरान नजर आ रही हैं.
राघव चड्ढा ने राज्यसभा में उठाया खाने में मिलावट का मुद्दा, बताया कैसे स्वास्थ्य के साथ हो रहा खिलवाड़
नई दिल्ली, 4 फरवरी (आईएएनएस)। आम आदमी पार्टी (आप) के राज्यसभा सांसद राघव चड्ढा ने बुधवार को सदन में देश में खाने में मिलावट जैसे गंभीर मुद्दे को उठाया। उन्होंने इसे एक बड़ा स्वास्थ्य संकट बताया जो खासकर बच्चों, बुजुर्गों और गर्भवती महिलाओं के लिए गंभीर खतरा पैदा करता जा रहा है।
आप सांसद राघव चड्ढा ने संसद में बोलते हुए कंपनियों पर सेहतमंद और एनर्जी बढ़ाने वाले झूठे दावों के तहत हानिकारक उत्पाद बेचने का आरोप लगाया।
उन्होंने विस्तार से बताया कि कैसे रोजमर्रा की जरूरी चीजों में खतरनाक पदार्थ मिलाए जाते हैं। उन्होंने बताया कि दूध खरीदिए, उसमें यूरिया मिलता है, सब्जियों में ऑक्सीटोसिन है, पनीर में स्टार्च और कास्टिक सोडा होता है, आइसक्रीम में डिटर्जेंट पाउडर मिलता है, फलों के जूस में सिंथेटिक फ्लेवर और आर्टिफिशियल रंग होते हैं, खाने के तेल में मशीन का तेल मिलाया जाता है, मसालों में ईंट का पाउडर और लकड़ी का बुरादा होता है, चाय में सिंथेटिक रंग मिलाए जाते हैं और पोल्ट्री उत्पादों में एनाबॉलिक स्टेरॉयड मिलाए जाते हैं। यहां तक कि देशी घी में जो मिठाइयां बनानी चाहिए, वो भी वनस्पति तेल और डालडा से बनाया जाता है।
आप सांसद राघव चड्ढा ने आगे बताया कि एक मां अपने बच्चे को दूध का गिलास देती है, ये सोचकर कि उसके सेहत के लिए कैल्शियम और प्रोटीन मिलेगा और मेरा बच्चा दुरुस्त बनेगा। लेकिन उसे इस बात का जरा भी अंदाजा नहीं है कि वह अपने बच्चे को यूरिया और डिटर्जेंट मिला हुआ दूध पिला रही है। उन्होंने एक रिसर्च स्टडी का हवाला दिया, जिसमें दिखाया गया कि दूध के सैंपल में 71 प्रतिशत यूरिया और 64 प्रतिशत में न्यूट्रलाइजर जैसे सोडियम बाइकार्बोनेट पाए गए।
उन्होंने कहा कि देश में दूध का इतना उत्पादन नहीं है, जितना बेचा जा रहा है। सब्जियां जिन्हें हम सेहत का खजाना समझकर खरीदते हैं, उनमें ऑक्सीटोसिन का इंजेक्शन लगाकर फ्रेश करके बेचा जाता है। ऑक्सीटोसिन वह खतरनाक केमिकल है, जिससे चक्कर आना, सिरदर्द, हार्ट फेलियर, बांझपन और कैंसर जैसी बीमारियां होती हैं। उन्होंने बताया कि 2014-15 और 2025-26 के बीच जितने भी सैंपल की जांच हुई, उनमें से 25 प्रतिशत सैंपल में मिलावट पाई गई, जिसका मतलब है कि हर चार में से एक सैंपल में मिलावट पाई गई।
उन्होंने आगे कहा कि जो प्रोडक्ट भारत में बनते हैं, लेकिन अंतरराष्ट्रीय स्तर पर बैन हो गए हैं, दो बड़ी भारतीय मसाला कंपनियों के उत्पादों पर कैंसर पैदा करने वाले कीटनाशकों के कारण यूके और पूरे यूरोप में बैन लगा दिया गया था, फिर भी वही उत्पाद भारत में खुलेआम बेचे जा रहे हैं।
उन्होंने दुख जताया कि जो चीजें विदेशों में पालतू जानवरों के लिए भी ठीक नहीं हैं, उनका यहां बिना सोचे-समझे सेवन किया जा रहा है।
उन्होंने भारतीय खाद्य सुरक्षा और मानक प्राधिकरण (एफएसएसएआई) को पर्याप्त कर्मचारियों और प्रयोगशाला सुविधाओं के साथ मजबूत करने, उल्लंघन करने वालों पर वित्तीय जुर्माना बढ़ाने, मिलावटी उत्पादों का नाम बताने और उन्हें शर्मिंदा करने के लिए एक सार्वजनिक रिकॉल सिस्टम शुरू करने और विज्ञापनों में गुमराह करने वाले स्वास्थ्य दावों पर बैन लगाने का प्रस्ताव दिया।
--आईएएनएस
एसके/एबीएम
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