Luxury SUV: पोर्श कायेन इलेक्ट्रिक भारत में लॉन्च; जानें कीमत, रेंज और फीचर्स
Luxury SUV: पोर्श इंडिया ने भारतीय बाजार में अपनी नई इलेक्ट्रिक एसयूवी रेंज के तहत कायेन इलेक्ट्रिक और कायेन टर्बो इलेक्ट्रिक को लॉन्च कर दिया है। दोनों मॉडल की शुरुआती एक्स-शोरूम कीमत क्रमशः ₹1.77 करोड़ और ₹2.27 करोड़ रखी गई है। इन दोनों इलेक्ट्रिक एसयूवी के साथ कंपनी ने अपनी लग्जरी SUV लाइन-अप में दो नए ऑल-इलेक्ट्रिक मॉडल शामिल किए हैं। दोनों मॉडल में 113 kWh का ग्रॉस बैटरी पैक, डुअल इलेक्ट्रिक मोटर और ऑल-व्हील ड्राइव दिया गया है। हालांकि, टर्बो इलेक्ट्रिक को ज्यादा पावरफुल मोटर और अतिरिक्त परफॉर्मेंस-केंद्रित हार्डवेयर के साथ पेश किया गया है।
पोर्श कायेन इलेक्ट्रिक में दो इलेक्ट्रिक मोटर मिलती हैं, जो मिलकर 402 bhp की पावर और 835 Nm का पीक टॉर्क जनरेट करती हैं। यह SUV महज 4.8 सेकंड में 0 से 100 kmph की रफ्तार पकड़ सकती है और इसकी टॉप स्पीड 230 kmph है। कंपनी के अनुसार, इसकी अधिकतम रेंज 642 km है।
वहीं, कायेन टर्बो इलेक्ट्रिक ज्यादा दमदार है। इसका पावर आउटपुट 1,140 bhp और पीक टॉर्क 1,500 Nm तक है। यह SUV केवल 2.5 सेकंड में 0 से 100 kmph की रफ्तार पकड़ सकती है और इसकी टॉप स्पीड 260 kmph है। इसकी अधिकतम रेंज 623 km बताई गई है।
कायेन इलेक्ट्रिक पोर्श की पहली ऐसी कार भी है, जिसमें 11 kW वायरलेस चार्जिंग सिस्टम का विकल्प मिलेगा। यह फीचर बाद में ऑप्शन के तौर पर उपलब्ध कराया जाएगा।
कंपनी के मुताबिक, ड्राइविंग स्पीड, बैटरी तापमान और चार्ज लेवल जैसी परिस्थितियों के आधार पर SUV की रीजेनरेटिव ब्रेकिंग सिस्टम 600 kW तक ऊर्जा रिकवर कर सकती है। पोर्श का दावा है कि इसकी ऊर्जा रिकवरी क्षमता फॉर्मूला ई कारों के करीब है।
चेसिस और परफॉर्मेंस फीचर्स
दोनों मॉडल में आगे और पीछे परमानेंट मैग्नेट सिंक्रोनस इलेक्ट्रिक मोटर दी गई हैं। इनमें ऑल-व्हील ड्राइव के साथ एडेप्टिव एयर सस्पेंशन और पोर्श एक्टिव सस्पेंशन मैनेजमेंट (PASM) स्टैंडर्ड मिलता है। सस्पेंशन में राइड हाइट की पांच अलग-अलग सेटिंग दी गई हैं। रियर-व्हील स्टीयरिंग को विकल्प के तौर पर चुना जा सकता है।
कायेन टर्बो इलेक्ट्रिक में अतिरिक्त परफॉर्मेंस हार्डवेयर मिलता है। इसमें पोर्श टॉर्क वेक्टरिंग प्लस और स्पोर्ट क्रोनो पैकेज दिया गया है। इसके अलावा पुश-टू-पास और ट्रैक एंड्योरेंस मोड भी मिलते हैं। ब्रेकिंग के लिए इसमें 10-पिस्टन फ्रंट और 4-पिस्टन रियर ब्रेक कैलिपर्स दिए गए हैं।
सेफ्टी और ड्राइविंग असिस्ट फीचर्स की बात करें तो दोनों SUV में 2D सराउंड व्यू के साथ पार्क-असिस्ट, ऑटोमैटिक पार्किंग, लेन चेंज असिस्ट, इंटरसेक्शन असिस्ट और वॉर्न एंड ब्रेक असिस्ट जैसे फीचर्स मिलते हैं।
डिजाइन में क्या है खास?
कायेन इलेक्ट्रिक की लंबाई 4,985 मिमी, चौड़ाई 1,980 मिमी और ऊंचाई 1,674 मिमी है। इसका व्हीलबेस 3,023 मिमी है। इलेक्ट्रिक मॉडल होने के कारण इसमें पारंपरिक फ्रंट ग्रिल नहीं दी गई है। इसकी जगह बंद पैनल और नए डिजाइन का बंपर मिलता है।
फ्रंट बंपर के निचले हिस्से में ब्लैक एयर वेंट्स दिए गए हैं, जो एयरफ्लो को बेहतर बनाने के साथ बैटरी के तापमान को नियंत्रित करने में मदद करते हैं। हालांकि, SUV के फ्रंट डिजाइन में मौजूदा कायेन की कुछ डिजाइन झलकियां बरकरार रखी गई हैं, जिसमें हेडलाइट्स, एयर वेंट्स और बोनट का डिजाइन शामिल है।
साइड प्रोफाइल में भी मौजूदा कायेन जैसा सिलुएट देखने को मिलता है। इसमें 20 से 22 इंच तक के एयरोडायनामिक अलॉय व्हील दिए गए हैं। पीछे की तरफ नई और शार्प टेललाइट्स मिलती हैं, जिन्हें पतली LED लाइट बार से जोड़ा गया है। रियर बंपर के निचले हिस्से में ब्लैक डिफ्यूजर दिया गया है।
इंटीरियर और फीचर्स
कायेन इलेक्ट्रिक के केबिन को मिनिमलिस्टिक डिजाइन दिया गया है। सेंटर कंसोल पर फिजिकल बटन की संख्या काफी कम है और इंफोटेनमेंट स्क्रीन के नीचे स्टोरेज स्पेस दिया गया है।
इसमें 14.5 इंच की कर्व्ड इंफोटेनमेंट टचस्क्रीन मिलती है। इसके अलावा चुने गए विकल्प के आधार पर 14.9 इंच का पैसेंजर डिस्प्ले और ऑगमेंटेड रियलिटी हेड-अप डिस्प्ले भी लिया जा सकता है।
ऑडियो के लिए SUV में 14-स्पीकर बोस साउंड सिस्टम दिया गया है, जबकि ग्राहक विकल्प के तौर पर 20-स्पीकर हरमन कार्डन सिस्टम चुन सकते हैं।
अन्य फीचर्स में फोर-जोन क्लाइमेट कंट्रोल, फ्रंट वेंटिलेटेड सीटें और पैनोरमिक सनरूफ शामिल हैं। टॉप-स्पेक मॉडल में 18-वे इलेक्ट्रिकली एडजस्टेबल फ्रंट सीटें मिलती हैं, जबकि स्टैंडर्ड सेटअप में 8-वे इलेक्ट्रिक एडजस्टमेंट दिया गया है।
(मंजू कुमारी)
Comparison: मारुति विक्टोरिस या फॉक्सवैगन ताइगुन फेसलिफ्ट, कीमत और फीचर्स में कौन बेस्ट?
Comparison: भारतीय बाजार में मिड-साइज एसयूवी सेगमेंट में ग्राहकों के बीच कई विकल्प मौजूद हैं। इस सेगमेंट में मारुति सुजुकी की ओर से विक्टोरिस को पेश किया जाता है, जबकि फॉक्सवैगन ताइगुन फेसलिफ्ट भी इसी श्रेणी में अपनी मौजूदगी दर्ज कराती है। दोनों एसयूवी में इंजन, फीचर्स और कीमत के स्तर पर कई अंतर देखने को मिलते हैं। ऐसे में अगर आप इन दोनों में से किसी एक एसयूवी को खरीदने की योजना बना रहे हैं, तो आइए जानते हैं कि दोनों में क्या खास मिलता है।
इंजन और पावर
मारुति विक्टोरिस में 1.5 लीटर क्षमता का पेट्रोल इंजन दिया गया है। यह इंजन 75.8 किलोवाट की पावर और 139 न्यूटन मीटर का टॉर्क जनरेट करता है। कंपनी इस एसयूवी को स्ट्रॉन्ग हाइब्रिड और सीएनजी तकनीक के विकल्प के साथ भी उपलब्ध कराती है।
वहीं, फॉक्सवैगन ताइगुन फेसलिफ्ट में पेट्रोल इंजन के दो विकल्प मिलते हैं। इसका 1.5 लीटर टीएसआई इंजन 150 पीएस की पावर और 250 न्यूटन मीटर का टॉर्क देता है। इसके अलावा इसमें 1.0 लीटर टीएसआई पेट्रोल इंजन भी मिलता है, जो 115 पीएस की पावर और 178 न्यूटन मीटर का टॉर्क जनरेट करता है।
ट्रांसमिशन की बात करें तो ताइगुन फेसलिफ्ट में छह-स्पीड मैनुअल, छह-स्पीड ऑटोमैटिक, सात-स्पीड डीएसजी और आठ-स्पीड ऑटोमैटिक के विकल्प दिए गए हैं।
फीचर्स
मारुति विक्टोरिस को कई आधुनिक और प्रीमियम फीचर्स के साथ पेश किया गया है। इसमें एलईडी हेडलाइट, एलईडी डीआरएल, कनेक्टेड रियर टेल लाइट, शार्क फिन एंटीना, 26.03 सेंटीमीटर का इंस्ट्रूमेंट क्लस्टर, अंडर-बॉडी सीएनजी किट, डॉल्बी एटमॉस सिस्टम, जेस्चर कंट्रोल टेलगेट, एंबिएंट लाइटिंग, एलेक्सा ऑटो वॉयस असिस्टेंट और 35 से ज्यादा कनेक्टेड फीचर्स मिलते हैं। इसके अलावा पैनोरमिक सनरूफ और वेंटिलेटेड सीट जैसे फीचर्स भी दिए गए हैं।
फॉक्सवैगन ताइगुन फेसलिफ्ट में 17 इंच के अलॉय व्हील, एलईडी हेडलाइट, एलईडी डीआरएल, इल्यूमिनेटेड लोगो, कनेक्टेड टेल लाइट और सीक्वेंशियल इंडिकेटर मिलते हैं। एसयूवी के इंटीरियर में भी बदलाव किए गए हैं और इसमें बेहतर इंफोटेनमेंट सिस्टम तथा डिजिटल इंस्ट्रूमेंट क्लस्टर दिया गया है। इसके अलावा एंबिएंट लाइटिंग, वेंटिलेटेड सीट, छह एयरबैग, 40 से ज्यादा सेफ्टी फीचर्स और हिल होल्ड असिस्ट जैसे फीचर्स भी मिलते हैं।
कीमत
मारुति विक्टोरिस की शुरुआती एक्स-शोरूम कीमत 10.50 लाख रुपये है। इसके टॉप वेरिएंट की एक्स-शोरूम कीमत 19.99 लाख रुपये तक जाती है।
वहीं, फॉक्सवैगन ताइगुन फेसलिफ्ट की शुरुआती एक्स-शोरूम कीमत 11 लाख रुपये है। इसके टॉप वेरिएंट की एक्स-शोरूम कीमत 19.30 लाख रुपये तक है।
दोनों एसयूवी अपने-अपने स्तर पर अलग-अलग खूबियां पेश करती हैं। मारुति विक्टोरिस में पेट्रोल के साथ स्ट्रॉन्ग हाइब्रिड और सीएनजी का विकल्प मिलता है, जबकि फॉक्सवैगन ताइगुन फेसलिफ्ट में अधिक पावरफुल 1.5 लीटर टीएसआई इंजन और कई ट्रांसमिशन विकल्प दिए गए हैं। फीचर्स और कीमत के मामले में भी दोनों में अलग-अलग अंतर हैं, इसलिए खरीदारी से पहले अपनी जरूरत और बजट के अनुसार दोनों एसयूवी की तुलना करना उपयोगी रहेगा।
(मंजू कुमारी)
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