Gold Silver Price Today: सोना-चांदी हुआ सस्ता, ₹1,512 गिरकर ₹2.21 लाख पर पहुंची चांदी; 24K गोल्ड ₹1.47 लाख पर
Gold Silver Price Today (29 September 2026): आज 29 सितंबर 2026 को सोने और चांदी के भाव में कल के मुकाबले गिरावट देखने को मिली है। भारतीय बुलियन ज्वैलर्स एसोसिएशन (IBJA) के मुताबिक, 24 कैरेट सोना आज ₹1,47,400 प्रति 10 ग्राम पर पहुंच गया है, जबकि कल इसका भाव ₹1,48,048 था। यानी आज 24 कैरेट सोना ₹648 सस्ता हुआ है। वहीं, 22 कैरेट गोल्ड ₹1,35,018 प्रति 10 ग्राम के लेबल पर कारोबार कर रहा है।
सोने के साथ आज चांदी की रफ्तार में भी सुस्ती दर्ज की गई है। 999 शुद्धता वाली चांदी आज ₹2,21,680 प्रति किलोग्राम के भाव पर पहुंच गई है। जबकि एक दिन पहले यानी 28 सितंबर को इसका रेट ₹2,23,192 प्रति किलोग्राम था। इस हिसाब से आज सिल्वर में ₹1,512 की गिरावट आई है। ऐसे में अगर आप आज सोना या चांदी खरीदने की तैयारी कर रहे हैं, तो पहले आज के ताजा भाव जान लेना जरूरी है।
देश के प्रमुख शहरों में प्रति 10 ग्राम 22 कैरेट सोने की कीमत (सोर्स- Goodreturns)
| शहर | कीमत |
| दिल्ली | 1,36,550 |
| मुंबई | 1,36,400 |
| कोलकाता | 1,36,400 |
| चेन्नई | 1,36,400 |
| भोपाल | 1,36,450 |
| जयपुर | 1,36,550 |
| अहमदाबाद | 1,36,450 |
| लखनऊ | 1,36,550 |
| रायपुर | 1,36,400 |
ध्यान दें: IBJA के रेट 24K शुद्ध सोने (बुलियन) के मानक भाव होते हैं, जबकि शहरवार 22 कैरेट ज्वेलरी रेट स्थानीय टैक्स, मेकिंग चार्ज और बाजार की स्थिति के अनुसार अलग हो सकते हैं।
सोना खरीदते समय इन 2 बातों का रखें खास ध्यान
1. सिर्फ सर्टिफाइड गोल्ड ही खरीदें
हमेशा BIS (Bureau of Indian Standards) हॉलमार्क वाला सोना ही खरीदें। हॉलमार्क से सोने की शुद्धता और कैरेट की जानकारी मिलती है, जैसे अल्फान्यूमेरिक कोड (AZ4524)।
2. कीमत जरूर क्रॉस चेक करें
खरीदने से पहले सोने का भाव अलग-अलग स्रोतों जैसे IBJA (India Bullion and Jewellers Association) से जरूर जांचें। सोने की कीमत 24 कैरेट, 22 कैरेट और 18 कैरेट के हिसाब से अलग-अलग होती है। नए स्थान तलाशें
असली चांदी की पहचान कैसे करें? जानें 4 आसान तरीके
1. मैग्नेट से जांच करें: शुद्ध चांदी चुंबक की ओर आकर्षित नहीं होती। अगर कोई चांदी की वस्तु तेज़ी से चुंबक से चिपकती है, तो उसमें दूसरी धातु होने की संभावना हो सकती है। हालांकि, केवल इस टेस्ट से चांदी की शुद्धता तय नहीं की जा सकती।
2. बर्फ से करें जांच: चांदी गर्मी को तेजी से ट्रांसफर करती है। इसलिए चांदी की सतह पर रखी बर्फ सामान्य धातुओं की तुलना में तेजी से पिघल सकती है। यह एक आसान घरेलू संकेत है, लेकिन इसे अंतिम प्रमाण नहीं माना जाना चाहिए।
3. गंध पर ध्यान दें: शुद्ध चांदी में आमतौर पर कोई खास धातु जैसी गंध नहीं होती। अगर वस्तु से तेज या असामान्य धातु की गंध आती है, तो उसमें दूसरी धातु मिली होने की संभावना हो सकती है।
4. सफेद कपड़े से रगड़कर देखें: चांदी को साफ सफेद कपड़े से रगड़ने पर कभी-कभी कपड़े पर काला या गहरा निशान दिखाई दे सकता है। ऐसा चांदी की सतह पर होने वाली ऑक्सीकरण प्रक्रिया के कारण हो सकता है। हालांकि, यह टेस्ट भी अकेले चांदी के असली या नकली होने की पक्की पुष्टि नहीं करता।
ध्यान रखें: घरेलू टेस्ट केवल शुरुआती अंदाजा लगाने में मदद करते हैं। चांदी की शुद्धता की सही पुष्टि के लिए हॉलमार्क, 925 स्टैम्प या प्रोफेशनल प्योरिटी टेस्ट कराना ज्यादा भरोसेमंद तरीका है
Stock Market Update: सेंसेक्स 400 अंक टूटा, निफ्टी 22,700 के नीचे; कच्चा तेल और FII बिकवाली बनी बड़ी वजह
Stock Market Update: भारतीय शेयर बाजार में सप्ताह की शुरुआत दबाव के साथ हुई। सोमवार के शुरुआती कारोबार में प्रमुख सूचकांक सेंसेक्स 400 अंक से ज्यादा टूट गया, जबकि निफ्टी 22,700 के महत्वपूर्ण स्तर से नीचे फिसल गया। बाजार में निवेशकों की धारणा कमजोर नजर आई और कई बड़े शेयरों में बिकवाली देखने को मिली।
सुबह 9:26 बजे सेंसेक्स 72,371.25 अंक पर कारोबार कर रहा था। इस दौरान इसमें 400.47 अंकों की गिरावट दर्ज की गई। वहीं, निफ्टी 22,658.75 अंक पर था और इसमें 121.50 अंकों की कमजोरी देखने को मिली। कारोबार के दौरान निफ्टी 22,800 के स्तर से भी नीचे चला गया।
HDFC Bank और Reliance Industries ने बढ़ाया दबाव
बाजार की गिरावट में एचडीएफसी बैंक और रिलायंस इंडस्ट्रीज जैसे बड़े शेयरों की कमजोरी का भी असर पड़ा। तकनीकी विश्लेषकों के मुताबिक, निफ्टी का 22,700 के स्तर से नीचे टिकना बाजार में बिकवाली के दबाव को बढ़ा सकता है।
विश्लेषण के मुताबिक, अगर गिरावट आगे भी जारी रहती है तो निफ्टी 22,400 के स्तर की तरफ बढ़ सकता है। यह स्तर तकनीकी रूप से महत्वपूर्ण माना जा रहा है और पिछले दो वर्षों की प्रमुख निचली ट्रेंडलाइन तथा 200-सप्ताह के EMA से जुड़ा हुआ है।
कच्चे तेल की कीमत 106-107 डॉलर के पास
भारतीय बाजार पर दबाव की एक बड़ी वजह वैश्विक स्तर पर बढ़ता तनाव भी बताया जा रहा है। अमेरिका और ईरान के बीच बढ़ते विवाद के बीच कच्चे तेल की कीमत करीब 106-107 डॉलर प्रति बैरल तक पहुंच गई है।
भारत अपनी तेल जरूरतों के एक बड़े हिस्से के लिए आयात पर निर्भर है। ऐसे में अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतों में तेजी से देश की अर्थव्यवस्था और कंपनियों की लागत पर दबाव बढ़ने की चिंता रहती है।
इसके अलावा अमेरिकी बॉन्ड यील्ड में तेजी और विदेशी निवेशकों यानी FII की भारतीय शेयर बाजार से लगातार निकासी ने भी घरेलू बाजार में बिकवाली का दबाव बढ़ाया है।
22,650-22,700 का स्तर अहम
एलकेपी सिक्योरिटीज के वरिष्ठ तकनीकी विश्लेषक रूपक डे के मुताबिक, निफ्टी के लिए 22,650-22,700 का क्षेत्र तत्काल सपोर्ट जोन के तौर पर महत्वपूर्ण है।
उनके अनुसार, इस क्षेत्र के नीचे निर्णायक गिरावट आने पर बाजार में शॉर्ट टर्म करेक्शन और गहरा हो सकता है। ऐसे में आने वाले कारोबार में इस स्तर पर बाजार की चाल पर निवेशकों की नजर रहेगी।
ग्लोबल मार्केट में भी मिला-जुला कारोबार
भारतीय बाजार के साथ एशियाई और अन्य वैश्विक बाजारों में भी कारोबार का रुख मिला-जुला रहा। टोक्यो समय के अनुसार सुबह 11:51 बजे S&P 500 फ्यूचर्स 0.2 फीसदी नीचे था। वहीं निक्केई 225 फ्यूचर्स में 0.4 फीसदी की गिरावट दर्ज की गई। जापान का टॉपिक्स 1.5 फीसदी नीचे रहा। हांगकांग का हैंग सेंग 0.6 फीसदी और शंघाई कंपोजिट 0.1 फीसदी गिरा।
हालांकि, सभी बाजारों में गिरावट नहीं रही। ऑस्ट्रेलिया का S&P/ASX 200 0.1 फीसदी और Euro Stoxx 50 फ्यूचर्स 0.4 फीसदी की बढ़त के साथ कारोबार कर रहा था।
होम
जॉब
पॉलिटिक्स
बिजनेस
ऑटोमोबाइल
गैजेट
लाइफस्टाइल
फोटो गैलरी
Others 
Haribhoomi








