लाल सागर एक बार फिर बारूद की गंध से भरता दिख रहा है। अमेरिकी युद्धपोत जैसे ही ईरान के स्ट्राइक रेंज के करीब पहुंचे ईरान समर्थित होती विद्रोहियों ने चुप्पी तोड़ते हुए एक झकझोर देने वाला वीडियो जारी कर दिया। यह कोई सामान्य धमकी नहीं है बल्कि बीते हमलों के उन दृश्य सबूतों का खुला प्रदर्शन भी है जिन्हें अब तक पर्दे के पीछे रखा गया था। संदेश सीधा है। यह प्रॉक्सी वार अब छिपा नहीं रहा। हूती लड़ाकों के कंट्रोल रूम टारगेट लॉक करने की प्रक्रिया और मिसाइल फायर करने के दृश्य दिखाए गए हैं। यह बीटीएस फुटेज बताती है कि 2024 में हुए जहाजी हमले कैसे अंजाम दिए गए। इसी वीडियो में साल 204 में ब्रिटिश ऑयल टैंकर मार्ली लुआंडा पर हुए हमले की पूरी कहानी भी दिखाई गई। लाल सागर में यह जहाज हूती मिसाइल की चपेट में आया और घंटों तक आग की लपटों में घिरा रहा। का दावा है कि यह हमला सीधे तौर पर ब्रिटेन और उसके सहयोगियों को चेतावनी देने के लिए किया गया था। ताकि यह साफ कर दिया जाए कि रेड सी में कोई भी जहाज अब सुरक्षित नहीं है।
यमनी सहस्त्र बलों के नौसेनान ने अल्लाह की मदद से ब्रिटिश तेल जहाज मार्लेन लुंडा को अदन की खाली में कई उपयुक्त नौसैनिक मिसाइलों से निशाना बनाया। हमला सीधा था जिससे जहाज में आग लग गई। इसके बाद वीडियो में उस पूरे ऑपरेशन की व्याख्या की जाती है जिसे होती एक रणनीतिक सैन्य कारवाई बताते हैं। मले लुआंडा समुद्र के बीचोंबीच था। हमने जानबूझकर अदन की खाली में उसे निशाना बनाया ताकि दुश्मन को संदेश दिया जा सके कि हम क्षेत्र के किसी भी हिस्से में किसी भी लक्ष्य पर हमला करने के लिए तैयार हैं। उचित स्थान तय करने के बाद यमनी मिसाइल बलों ने रेड सी मिसाइलें ताकी। जहाज को बीच में निशाना बनाया गया और तुरंत आग लग गई। आग लगने के बाद अमेरिकी, फ्रांसीसी और भारतीय युद्धपोतों ने आग बुझाने की कोशिश की। आग 19 घंटे से ज्यादा समय तक जलती रही।
ब्रिटेन को उस जहाज से सबक लेना चाहिए जो पूरी रात जलता रहा। इसका नुकसान उन्हें और उनकी अर्थव्यवस्था को ही होगा बिना किसी लक्ष्य को हासिल किए। हूं विद्रोहियों का यह वीडियो सिर्फ बीते हमले की कहानी नहीं सुनाता बल्कि आने वाले टकराव का ट्रेलर भी माना जा रहा है। जैसे-जैसे अमेरिकी नौसेना आगे बढ़ रही है, ईरान के सहयोगी मोर्चे खोलने के संकेत दे रहे हैं। रेड सी अब सिर्फ व्यापारिक रास्ता नहीं बल्कि एक सक्रिय युद्ध क्षेत्र बनता जा रहा है। जहां अगली चिंगारी कभी भी भड़क सकती है। जिहादल पिछले दो महीनों में कई पक्षों ने हमसे एक साफ और सीधा सवाल पूछा है। अगर इजराइल और अमेरिका ईरान के साथ युद्ध में जाते हैं तो क्या हिजबुल्लाह हस्तक्षेप करेगा? इन पक्षों को यह जिम्मेदारी दी गई है कि वे हिजबुल्लाह से यह वचन ले कि वह किसी भी हाल में हस्तक्षेप नहीं करेगा और खुद को अलग रखेगा।
Continue reading on the app
अमेरिका और ईरान के बीच तनाव अब सिर्फ शब्दों की जंग नहीं रह गया। यह तनाव अब युद्ध की दहलीज पर जा खड़ा है। जहां एक तरफ अमेरिकी नौसेना का बेड़ा मलका की खाड़ी में डेरा डाले हुए हैं। तो वहीं दूसरी तरफ ईरान ने बिना किसी डर के अमेरिका को खुली धमकी दे डाली है। कहा जा रहा है कि ईरान पर हमले को लेकर अमेरिका ने अपनी पूरी तैयारी कर रखी है। ईरान के आसपास समुद्र और आकाश में अमेरिकी सैन्य मौजूदगी तेजी से बढ़ रही है। अमेरिकी युद्धपोतों की अग्रिम तैनाती और सैन्य विमानों की लगातार आवाजाही ने खाड़ी क्षेत्र में तनाव बढ़ा दिया है। सूत्रों के अनुसार, अमेरिकी एयरक्राफ्ट कैरियर समूह यूएसएस अब्राहम लिंकन ईरान के करीब पहुंच चुका है। उसकी मौजूदगी और सैटेलाइट निगरानी में दर्ज असामान्य गतिविधियां इस बात का संकेत हैं कि वॉशिंगटन क्षेत्र में किसी भी संभावित हालात के लिए पूरी तरह तैयार है।
ईरान ने कहा है कि अगर अमेरिकी सेना ने एक भी गोला दागा तो अमेरिका की शान कहे जाने वाले एयरक्राफ्ट कैरियर यूएसएस अब्राहम लिंकन को जल समाधि दे दी जाएगी। यानी उसे समंदर में डूबा दिया जाएगा। ईरान का दावा है कि सिर्फ 3 मिनट के अंदर अमेरिका की पूरी अकड़ को खत्म करने की क्षमता ईरान के सुप्रीम लीडर अयातुल्लाह खामनेई के पास है। अमेरिका के सबसे खतरनाक वॉरश यूएसएस अब्राहम लिंकन गल्फ की खाड़ी में मिसाइल दागने के लिए पूरी तरह से तैयार है और इसी वजह से पूरे ईरान में इस वक्त हड़कंप भी मचा हुआ है। यूएस अब्राहम लिंकन अमेरिका के सबसे विनाशक एयरक्राफ्ट कैरियर में से एक है। यह न्यूक्लियर पावर से चलता है। इसका वजन 1 लाख टन से ज्यादा है। इस पर करीब 5000 सैनिक हर वक्त तैनात रहते हैं और इसमें 60 से 70 लड़ाकू विमान मौजूद रहते हैं। अब्राहम लिंकन अकेला नहीं चलता। इसके साथ चलता है पूरा एयरक्राफ्ट कैरियर स्ट्राइक ग्रुप जिसमें गाइडेड मिसाइल क्रूजर, विध्वंसक जहाज, पनडुपियां और सप्लाई शिप शामिल होती है।
इसकी सबसे बड़ी ताकत यही है कि इसका एयर विंग जहां से F18 सुपर हॉर्नेट F35 स्टिल्ट फाइटर जेट EA 18G ग्राउलर इलेक्ट्रॉनिक वॉलयर एयरक्राफ्ट E2D हॉक आई सर्वििलांस विमान और एमए6 सीहॉक हेलीकॉप्टर उड़ान भरते हैं और यही वजह है कि यह एयरक्राफ्ट कैरियर जमीन समुद्र और आसमान तीनों जगह युद्ध करने में सक्षम है। इस बीच खबरें यह हैं कि ईरान के सुप्रीमो खामने बंकर में छुप गए हैं और कमान उनके बेटे ने संभाल ली है ईरान की। जबकि ईरानी सुरक्षा बलों ने यह कहा है कि अगर अमेरिका हमला करता है तो उसके विनाशकारी परिणाम होंगे। ईरान ने हमले की स्थिति में ऑल आउट वॉर की चेतावनी तक दे दी है। अमेरिकी सूत्रों का दावा है कि अब्राहम लिंकन के साथ तीन और विनाशक जंगी जहाज भी डिप्लॉय कर दिए गए हैं। इसका निशाना सिर्फ ईरान नहीं है बल्कि ईरान के वो सीनियर नेता भी है जिन्होंने प्रदर्शनों में बेरहमी से कुचलने की कोशिश की और प्रदर्शनकारियों को उन्होंने दबाने की कोशिश की।
इस तनाव के बीच ईरान की तरफ से आया है बेहद उकसाने वाला बयान। ईरान ने दावा किया है कि अगर उस पर हमला हुआ तो वह हाइपरसोनिक मिसाइल का इस्तेमाल करेगा और सिर्फ 3 मिनट में यूएसएस अब्राहम लिंकन को उड़ा देगा।
Continue reading on the app