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भारत-ईयू एफटीए मदर ऑफ ऑल डील्स है: माल्टा उच्चायुक्त रूबेन गौसी

नई दिल्ली, 24 जनवरी (आईएएनएस)। भारत में माल्टा के उच्चायुक्त रूबेन गौसी ने शनिवार को ईयू-भारत मुक्त व्यापार समझौता (एफटीए) पर हस्ताक्षर होने की उम्मीद जताई है। उन्होंने कहा कि यूरोपीय यूनियन (ईयू) के नेताओं का आने वाला दौरा दिखाता है कि नई दिल्ली यूरोपीय देशों के लिए टॉप प्रायोरिटी है।

यूरोपियन कमीशन की अध्यक्ष उर्सुला वॉन डेर लेयेन और यूरोपियन काउंसिल के चीफ एंटोनियो कोस्टा गणतंत्र दिवस समारोह और ईयू-भारत समिट के लिए इंडिया पहुंचे हैं।

माल्टा के उच्चायुक्त रूबेन गौसी ने समाचार एजेंसी आईएएनएस के साथ एक एक्सक्लूसिव बातचीत में संभावित ईयू-भारत एफटीए को ऐतिहासिक बताया। उन्होंने भारत-ईयू एफटीए को मदर ऑफ ऑल डील्स बताया। इस दौरान उन्होंने पिछले साल फरवरी में यूरोपियन कमीशन चीफ के प्रतिनिधि स्तर के दौरे का भी जिक्र किया।

माल्टा के उच्चायुक्त ने इस बात पर जोर दिया कि इसने ईयू-भारत एफटीए के संबंध में बातचीत को सच में आगे बढ़ाया। उन्होंने कहा, ईयू अध्यक्ष का भारत में होना यह दिखाता है कि भारत यूरोपीय देशों के लिए उच्च प्राथमिकता रखता है, जैसा कि ईयू राजदूत इस हफ्ते की शुरुआत में विदेश मंत्री एस. जयशंकर से मिले। हम समझते हैं कि ईयू भारत के एजेंडा में भी काफी ऊपर है।

उन्होंने आगे कहा, एक बार हस्ताक्षर हो जाने के बाद एफटीए इतिहास बना देगा। उच्चायुक्त ने आगे बताया कि माल्टा, जो 27 ईयू देशों में सबसे छोटे सदस्य देशों में से एक और जरूरी हिस्सा है, भारत के साथ व्यापार को बढ़ाने के लिए एफटीए को एक संभावना के तौर पर देखता है।

गौसी ने आगे कहा, अभी माल्टा भारत से जितना एक्सपोर्ट करता है, उससे 10 गुना ज्यादा भारत से इंपोर्ट करता है। यह बात समझ में आती है क्योंकि हम एक छोटा देश हैं, लेकिन हम अपने ट्रेड डेफिसिट को भी कम करना चाहते हैं। हम बराबरी पर आना चाहेंगे और यह ईयू-भारत फ्री ट्रेड एग्रीमेंट के जरिए हो सकता है।

ईयू के पास कॉमन कमर्शियल पॉलिसी के लिए खास अधिकार है। इसका मतलब है कि सिर्फ ईयू के इंस्टीट्यूशन ही नॉन-ईयू देशों के साथ ट्रेड एग्रीमेंट पर बातचीत कर सकते हैं और उन्हें पूरा कर सकते हैं।

इसे लेकर माल्टा के उच्चायुक्त ने कहा, हमारे लिए, जब हमने वह रोल ईयू को दिया तो हमें इस तरह की चीजों के लिए ईयू की तरफ देखना होगा। हम ईयू-इंडिया फ्री ट्रेड एग्रीमेंट के बीच बातचीत को तब से फॉलो कर रहे हैं जब से वे शुरू हुए हैं। मुझे उम्मीद है कि एफटीए पर बहुत जल्द साइन हो जाएगा।

--आईएएनएस

केके/डीकेपी

डिस्क्लेमरः यह आईएएनएस न्यूज फीड से सीधे पब्लिश हुई खबर है. इसके साथ न्यूज नेशन टीम ने किसी तरह की कोई एडिटिंग नहीं की है. ऐसे में संबंधित खबर को लेकर कोई भी जिम्मेदारी न्यूज एजेंसी की ही होगी.

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मिर्जापुर धर्मांतरण और ब्लैकमेलिंग रैकेट का मास्टरमाइंड इमरान दिल्ली एयरपोर्ट से गिरफ्तार, अंतरराष्ट्रीय कनेक्शन उजागर

उत्तर प्रदेश के मिर्जापुर से जुड़े धर्मांतरण और ब्लैकमेलिंग केस में पुलिस को एक बड़ी कामयाबी मिली है. पुलिस ने इस पूरे खेल के मास्टरमाइंड इमरान को दिल्ली एयरपोर्ट से धर दबोचा है. इमरान पर 25 हजार रुपये का इनाम था और वह विदेश भागने की फिराक में था.

विदेशी कनेक्शन आया सामने

जांच में सामने आया है कि इमरान के तार दुबई और मलेशिया से जुड़े हुए हैं. रिकॉर्ड के मुताबिक, वह जनवरी 2024 में दुबई गया था, जहां उसने धर्मांतरण नेटवर्क से जुड़े संदिग्ध लोगों के साथ मीटिंग्स की थीं. एजेंसियों को शक है कि इस नेटवर्क को चलाने के लिए विदेशों से फंडिंग मिल रही थी. इमरान का मलेशिया बार-बार जाना भी इस ओर इशारा करता है कि यह कोई छोटा-मोटा गैंग नहीं, बल्कि एक अंतरराष्ट्रीय सिंडिकेट है.

जिम की आड़ में चलता था गंदा खेल

यह पूरा रैकेट मिर्जापुर के 5 जिमों के जरिए चलाया जा रहा था. इन जिमों में आने वाली महिलाओं को निशाना बनाया जाता था. अब तक की जांच में पता चला है कि लगभग 30 महिलाओं को इस गैंग ने जाल में फंसाया. आरोपी पहले महिलाओं से दोस्ती करते थे और फिर उनके निजी फोटो और वीडियो हासिल कर लेते थे.

AI टूल्स से ब्लैकमेलिंग और शोषण

हैरानी की बात यह है कि आरोपी महिलाओं को डराने के लिए AI (आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस) का इस्तेमाल करते थे. महिलाओं की असली फोटो की मदद से AI के जरिए अश्लील कंटेंट तैयार किया जाता था. इसके बाद उन वीडियो को वायरल करने की धमकी देकर महिलाओं पर धर्म बदलने और यौन शोषण का दबाव बनाया जाता था. यह सिलसिला साल 2021 से चल रहा था.

पुलिस की कार्रवाई और अब तक की गिरफ्तारियां

पुलिस ने इस मामले में अब तक 9 लोगों को गिरफ्तार किया है, जिसमें एक पुलिस कांस्टेबल इरशाद खान और जिम मालिक शामिल हैं. गैंग का एक मुख्य आरोपी फरीद अहमद पुलिस एनकाउंटर में पकड़ा गया था. प्रशासन ने सख्ती दिखाते हुए मिर्जापुर के उन सभी 5 जिमों को सील कर दिया है जहां से यह रैकेट ऑपरेट हो रहा था.

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  Sports

T20 World Cup 2026 में बड़ा उलटफेर, सुरक्षा कारणों से Bangladesh बाहर, अब Scotland खेलेगा टूर्नामेंट

बांग्लादेश क्रिकेट बोर्ड ने टी20 वर्ल्ड कप 2026 से हटने के आईसीसी के फैसले को आधिकारिक तौर पर स्वीकार कर लिया है। बोर्ड का मानना है कि अब उनके पास और कोई रास्ता नहीं बचा है। आईसीसी ने भी कन्फर्म कर दिया है कि अगले महीने भारत और श्रीलंका में होने वाले इस टूर्नामेंट में अब बांग्लादेश की जगह स्कॉटलैंड खेलेगा।

शनिवार को बीसीबी ने कहा कि वे आईसीसी के आखिरी फैसले का सम्मान करते हैं, भले ही उनकी मांगें पूरी नहीं हुई हों। जब आईसीसी ने मैचों को शिफ्ट करने या ग्रुप बदलने से मना कर दिया, तो बांग्लादेश के पास इसे मानने के अलावा कोई विकल्प नहीं था। बीसीबी मीडिया कमेटी के चेयरमैन अमजद हुसैन ने बताया कि बोर्ड ने आखिरी वक्त तक हर मुमकिन कोशिश की थी, लेकिन बहुमत का फैसला उनके खिलाफ रहा।

क्या है पूरा विवाद?

बांग्लादेश का कहना है कि उनकी टीम के लिए भारत जाकर खेलना सुरक्षित नहीं है। इस बात को उनकी सरकार का भी समर्थन मिला है। हालांकि, हुसैन ने साफ किया कि अब वे इस फैसले के खिलाफ कोई अपील या कानूनी लड़ाई नहीं लड़ेंगे।
 

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अमजद हुसैन का बयान

अमजद हुसैन ने कहा, 'सरकार ने स्पष्ट कहा है कि भारत जाना हमारे खिलाड़ियों, पत्रकारों और स्टाफ के लिए सुरक्षित नहीं होगा। चूंकि आईसीसी मैच शिफ्ट करने को तैयार नहीं है और हम भारत जा नहीं सकते, इसलिए हमने इस फैसले को मान लिया है।'

बांग्लादेश के बाहर होने की बड़ी वजहें

आईसीस चेयरमैन जय शाह की अध्यक्षता में हुई मीटिंग के बाद बांग्लादेश के बाहर होने पर मुहर लगी। बीसीबी ने मामले को विवाद सुलझाने वाली कमेटी के पास भी भेजा था, लेकिन वहां से भी उन्हें राहत नहीं मिली।

बीसीबी ने दो मुख्य विकल्प रखे थे, बांग्लादेश के मैचों को श्रीलंका शिफ्ट किया जाए और दूसरा टीम को ग्रुप 'C' से किसी दूसरे ग्रुप में डाल दिया जाए, जिन्हें ठुकरा दिया गया।
 

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अंदरूनी तनाव का कारण

माना जा रहा है कि रिश्तों में कड़वाहट तब और बढ़ी जब बीसीसीआई ने कोलकाता नाइट राइडर्स से मुस्तफिजुर रहमान को आईपीएल 2026 की टीम से बाहर करने को कहा। हालांकि इसका कोई सीधा लिंक साबित नहीं हुआ है, लेकिन माना जाता है कि इस घटना के बाद बांग्लादेश का रुख और कड़ा हो गया।
Sun, 25 Jan 2026 11:52:05 +0530

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