Responsive Scrollable Menu

सीआईएसएफ जवानों के मानसिक स्वास्थ्य के लिए आईएचबीएएस से समझौता, होगी साइकोलॉजिकल प्रोफाइलिंग

नई दिल्‍ली, 25 सितंबर (आईएएनएस)। राष्ट्रीय सुरक्षा की अहम जिम्मेदारी संभाल रहे केंद्रीय औद्योगिक सुरक्षा बल (सीआईएसएफ) के जवानों को अक्सर तनावपूर्ण और चुनौतीपूर्ण माहौल में काम करना पड़ता है। जवानों के मानसिक स्वास्थ्य को सर्वोपरि रखते हुए और ड्यूटी के तनाव को दूर करने के लिए सीआईएसएफ ने शुक्रवार को मानव व्यवहार और संबद्ध विज्ञान संस्थान (आईएचबीएएस) के साथ तीन साल के एक महत्वपूर्ण समझौता ज्ञापन (एमओयू) पर हस्ताक्षर किए हैं।

यह समझौता सीआईएसएफ मुख्यालय में बल के महानिदेशक प्रवीर रंजन (आईपीएस) की अध्यक्षता में हुआ। समझौते पर सीआईएसएफ की ओर से आईजी (प्रशासन) प्रतिभा अग्रवाल और आईएचबीएएस की ओर से क्लिनिकल साइकोलॉजी की प्रोफेसर एवं हेड डॉ. विभा शर्मा ने हस्ताक्षर किए।

इस अवसर पर आईएचबीएएस के एडीजी (मुख्यालय) विजय प्रकाश सहित अन्य वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे। वहीं, आईएचबीएएस के निदेशक डॉ. राजिंदर के. धमीजा वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए जुड़े , जबकि डॉ. दीपक कुमार और डॉ. प्रतिभा गहलावत व्यक्तिगत रूप से उपस्थित हुए।

इस समझौता ज्ञापन (एमओयू) के तहत सीआईएसएफ जवानों के मानसिक स्वास्थ्य और कल्याण को मजबूत करने के लिए कई महत्वपूर्ण कदम उठाए जाएंगे। इसके अंतर्गत संसद भवन परिसर और अन्य अति संवेदनशील इकाइयों में तैनात किए जाने वाले जवानों की विशेष मनोवैज्ञानिक जांच (साइकोमेट्रिक प्रोफाइलिंग) की जाएगी, ताकि यह सुनिश्चित किया जा सके कि वे मानसिक रूप से पूरी तरह फिट हैं और तनाव से प्रभावी ढंग से निपटने में सक्षम हैं।

साथ ही, मेडिकल और सुपरवाइजरी अधिकारियों को विशेष प्रशिक्षण दिया जाएगा, जिससे वे जवानों के व्यवहार में अचानक आने वाले बदलावों या तनाव के शुरुआती संकेतों की समय रहते पहचान कर सकें और आवश्यक सहायता उपलब्ध करा सकें। जिन कर्मियों को विशेषज्ञ उपचार या परामर्श की जरूरत होगी, उन्हें आईएचबीएएस की ओपीडी और आईपीडी सेवाओं के माध्यम से पेशेवर काउंसलिंग तथा नशा मुक्ति उपचार, विशेष रूप से शराब की लत से जुड़ी समस्याओं के लिए, उपलब्ध कराया जाएगा।

एमओयू के तहत ‘ट्रेनिंग ऑफ ट्रेनर्स’ (टीओटी) कार्यक्रम भी संचालित किया जाएगा, जिसके जरिए सीआईएसएफ के मास्टर ट्रेनर्स तैयार किए जाएंगे। ये प्रशिक्षक बल की विभिन्न इकाइयों में मानसिक स्वास्थ्य संबंधी जागरूकता फैलाने और सहयोगात्मक वातावरण विकसित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगे। इसके अलावा, तनाव या मानसिक परेशानी की स्थिति में जवानों को तत्काल सहायता उपलब्ध कराने के लिए राष्ट्रीय हेल्पलाइन ‘टेली-मानस’ (14416) के उपयोग को भी व्यापक रूप से बढ़ावा दिया जाएगा।

सीआईएएसएफ के महानिदेशक प्रवीर रंजन ने कहा, सीआईएसएफ के जवान बेहद चुनौतीपूर्ण और अहम जिम्मेदारी वाले माहौल में काम करते हैं। आईएचबीएएस के साथ यह साझेदारी जवानों की मानसिक परेशानियों की जल्द पहचान, पेशेवर काउंसलिंग और समय पर इलाज की दिशा में हमारे प्रयासों को और मजबूत करेगी। हमारा मुख्य लक्ष्य एक ऐसा माहौल तैयार करना है जहां कोई भी जवान बिना किसी झिझक या डर के मानसिक स्वास्थ्य के लिए मदद मांग सके।

आईएचबीएएस के निदेशक डॉ. राजिंदर के. धमीजा ने बयान में कहा, विशेषज्ञ मूल्यांकन, पेशेवर काउंसलिंग और उचित क्लिनिकल केयर के जरिए हमारा उद्देश्य सीआईएएसएफ के बहादुर जवानों को समय पर मदद पहुंचाना और उन्हें मानसिक रूप से और अधिक मजबूत बनाना है।

सीआईएएसएफ पहले से ही जवानों के मानसिक कल्याण और तनाव प्रबंधन के लिए हार्टफुलनेस इंस्टीट्यूट (एचएफआई) और एमपॉवर (प्रोजेक्ट मन) के साथ मिलकर काम कर रहा है। आईएचबीएएस के साथ हुआ यह नया समझौता इस दिशा में एक क्लिनिकल पहल है, जो यह सुनिश्चित करेगा कि सीआईएसएफ के जवान और उनके परिवार मानसिक रूप से स्वस्थ रहें और जवान पूरे मनोबल के साथ देश की सेवा कर सकें।

--आईएएनएस

एएसएच/डीकेपी

डिस्क्लेमरः यह आईएएनएस न्यूज फीड से सीधे पब्लिश हुई खबर है. इसके साथ न्यूज नेशन टीम ने किसी तरह की कोई एडिटिंग नहीं की है. ऐसे में संबंधित खबर को लेकर कोई भी जिम्मेदारी न्यूज एजेंसी की ही होगी.

Continue reading on the app

देशव्यापी बैंक हड़ताल के बीच एसबीआई का बड़ा फैसला, 28 से 30 सितंबर तक सभी एटीएम ट्रांजैक्शन होंगे मुफ्त

मुंबई, 25 सितंबर (आईएएनएस)। 28 से 30 सितंबर तक प्रस्तावित देशव्यापी बैंक हड़ताल के बीच भारतीय स्टेट बैंक (एसबीआई) ने ग्राहकों को बड़ी राहत देते हुए घोषणा की है कि हड़ताल की अवधि के दौरान सभी एटीएम ट्रांजैक्शन पर कोई शुल्क नहीं लिया जाएगा। बैंक का कहना है कि यह फैसला ग्राहकों को निर्बाध बैंकिंग सुविधाएं उपलब्ध कराने और हड़ताल के संभावित प्रभाव को कम करने के उद्देश्य से लिया गया है।

सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर जारी एक पोस्ट में एसबीआई ने कहा कि प्रस्तावित हड़ताल के दौरान भी ग्राहकों की बैंकिंग जरूरतों को पूरा करने के लिए उसकी सेवाएं उपलब्ध रहेंगी। इसी के तहत 28 सितंबर से 30 सितंबर 2026 के बीच ग्राहकों से किसी भी बैंक के एटीएम पर किए गए लेनदेन के लिए कोई शुल्क नहीं लिया जाएगा।

बैंक ने यह भी बताया कि ग्राहकों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए उसकी सभी शाखाएं रविवार, 27 सितंबर को भी खुली रहेंगी। इसके अलावा यूपीआई, आईएमपीएस, आरटीजीएस और एनईएफटी जैसी ऑनलाइन भुगतान सेवाएं सामान्य रूप से जारी रहेंगी, जिससे डिजिटल माध्यम से लेनदेन में किसी प्रकार की बाधा नहीं आएगी।

सरकार ने भी आम लोगों की बैंकिंग जरूरतों को ध्यान में रखते हुए सार्वजनिक क्षेत्र के बैंकों को रविवार को खुला रखने का निर्देश दिया है। भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) ने 27 सितंबर को सभी बैंक शाखाओं, कार्यालयों, एटीएम से जुड़ी शाखाओं और करेंसी चेस्ट को पूर्ण रूप से संचालित रखने की अनुमति दे दी है।

वित्त मंत्रालय ने कहा है कि सभी सार्वजनिक क्षेत्र के बैंक और क्षेत्रीय ग्रामीण बैंक रविवार को सामान्य रूप से कार्य करेंगे। मंत्रालय के अनुसार, यूनाइटेड फोरम ऑफ बैंक यूनियंस (यूएफबीयू) द्वारा 28 से 30 सितंबर तक प्रस्तावित तीन दिवसीय हड़ताल ऐसे समय रखी गई है, जब उससे पहले 26 और 27 सितंबर को सप्ताहांत की छुट्टियां भी हैं। ऐसे में यदि विशेष व्यवस्था नहीं की जाती, तो बैंकिंग गतिविधियां लगातार पांच दिनों तक प्रभावित हो सकती थीं।

सरकार का कहना है कि आम नागरिकों की सुविधा और बैंकिंग सेवाओं की उपलब्धता उसकी सर्वोच्च प्राथमिकता है। इसी कारण सरकार और बैंक प्रबंधन ने यूनियनों से प्रस्तावित हड़ताल को स्थगित करने की अपील भी की है। साथ ही यह सुनिश्चित करने के लिए आवश्यक कदम उठाए गए हैं कि आवश्यक बैंकिंग सेवाएं बिना किसी रुकावट के जारी रह सकें।

--आईएएनएस

डीबीपी

डिस्क्लेमरः यह आईएएनएस न्यूज फीड से सीधे पब्लिश हुई खबर है. इसके साथ न्यूज नेशन टीम ने किसी तरह की कोई एडिटिंग नहीं की है. ऐसे में संबंधित खबर को लेकर कोई भी जिम्मेदारी न्यूज एजेंसी की ही होगी.

Continue reading on the app

  Sports

वो 54 रन और 19 नवंबर की रात... कई दिन सो नहीं पाए थे विराट, आज भी जिंदा है वर्ल्ड कप 2023 का अधूरा ख्वाब

Virat Kohli: विराट कोहली ने क्रिकेट वर्ल्ड कप में अधूरे काम के बारे में बात की. इंडियन सुपरस्टार की माने तो उन्हें रह-रहकर वर्ल्ड कप 2023 की यादें सतातीं थीं. उनके दिमाग में यही चलते रहता था कि अगर वह 140-150 रन बना लेते तो भारत फाइनल जीत सकता था. ऑस्ट्रेलिया को हराकर 12 साल बाद वर्ल्ड चैंपियन बन सकता था. Sun, 27 Sep 2026 10:50:23 +0530

  Videos
See all

चुनाव आयोग का बड़ा फैसला, नोटिस वाले मतदाताओं के घर जाएंगे BLO | SIR Voter List 2026 | Delhi News #tmktech #vivo #v29pro
2026-09-27T05:26:36+00:00

सेना प्रमुख जनरल Dhiraj Seth ने मध्य कश्मीर के अग्रिम इलाकों का किया दौरा | J&K News #tmktech #vivo #v29pro
2026-09-27T05:42:16+00:00
Editor Choice
See all
Photo Gallery
See all
World News
See all
Top publishers