Lunch Ideas: रोज के लंच को बनाएं ज्यादा हेल्दी, प्लेट में शामिल करें प्रोटीन और विटामिन से भरपूर ये 6 चीजें
Lunch Ideas: दोपहर का खाना दिन के बीच शरीर को ऊर्जा देने वाला अहम मील होता है, इसलिए इसमें सिर्फ पेट भरने के बजाय अलग-अलग तरह के पौष्टिक खाद्य शामिल करना बेहतर रहता है। साबुत अनाज, दालें, सब्जियां, फल, दही और नट्स जैसी चीजों को अपनी पसंद के हिसाब से लंच का हिस्सा बनाया जा सकता है। लंच में इन 6 चीजों को शामिल करें
1. हरी सब्जियां
पालक, बीन्स, ब्रोकोली, शिमला मिर्च और दूसरी हरी सब्जियां लंच की प्लेट को ज्यादा विविध बना सकती हैं। इनमें फाइबर और कई जरूरी विटामिन-मिनरल पाए जाते हैं, इसलिए अलग-अलग रंगों की सब्जियां शामिल करना अच्छा विकल्प है।
2. दाल और दूसरी फलियां
दाल, चना, राजमा और दूसरी फलियां लंच में प्रोटीन और फाइबर जोड़ने का आसान तरीका हैं। इन्हें रोटी, चावल या सब्जियों के साथ परोसा जा सकता है।
3. साबुत अनाज
लंच में मैदा या बहुत ज्यादा रिफाइंड अनाज की जगह गेहूं की रोटी, ब्राउन राइस, ओट्स या क्विनोआ जैसे विकल्प शामिल किए जा सकते हैं। साबुत अनाज में फाइबर ज्यादा होता है और ये संतुलित मील का हिस्सा बन सकते हैं।
4. दही
प्लेन दही को लंच में रायते, दही-चावल या साइड डिश के तौर पर शामिल किया जा सकता है। इसमें प्रोटीन और कैल्शियम जैसे पोषक तत्व मिलते हैं।
5. नट्स और सीड्स
बादाम, अखरोट, मूंगफली, चिया या अलसी के बीज को सलाद, दही या भोजन के साथ थोड़ी मात्रा में लिया जा सकता है। नट्स और सीड्स से प्रोटीन, फाइबर और हेल्दी फैट मिल सकते हैं।
6. ताजे फल
लंच के साथ या बाद में सेब, केला, संतरा, अमरूद या दूसरे मौसमी फलों को शामिल किया जा सकता है। फल भोजन में फाइबर, विटामिन और स्वाद जोड़ते हैं।
लंच की प्लेट कैसी रखें?
लंच में कोशिश करें कि प्लेट में सब्जियों और फलों के साथ साबुत अनाज तथा प्रोटीन वाली चीजों का संतुलन रहे। खाने की मात्रा आपकी उम्र, रोज की गतिविधि और व्यक्तिगत जरूरतों के हिसाब से अलग हो सकती है।
यह भी पढ़ें: बाजार से मसाला लाने की नहीं पड़ेगी जरूरत, घर पर बनाएं ये 7 तरह के मसाले
Proteins Rich Foods: मसल्स को बनाना है मजबूत तो डाइट में शामिल करें प्रोटीन से भरपूर ये 5 चीजें
Protien Rich Foods: मसल्स को मजबूत बनाने के लिए सिर्फ एक्सरसाइज करना ही काफी नहीं है। शरीर को पर्याप्त प्रोटीन और अन्य जरूरी पोषक तत्व मिलना भी जरूरी है। प्रोटीन मांसपेशियों के निर्माण और उनकी मरम्मत में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है। इसलिए रोज की डाइट में प्रोटीन से भरपूर खाद्य पदार्थों को शामिल करना फायदेमंद हो सकता है।
प्रोटीन की जरूरत हर व्यक्ति की उम्र, शरीर के वजन, शारीरिक गतिविधि और स्वास्थ्य स्थिति के अनुसार अलग-अलग हो सकती है। ऐसे में महंगे सप्लीमेंट्स पर निर्भर रहने के बजाय रोजमर्रा के भोजन में दाल, अंडे, दूध से बने खाद्य पदार्थ, सोया और नट्स जैसे विकल्प शामिल किए जा सकते हैं। आइए जानते हैं ऐसे ही 5 प्रोटीन रिच फूड्स के बारे में।
दालें हैं आसान और पौष्टिक विकल्प
मसूर, मूंग, उड़द और अरहर जैसी दालें भारतीय भोजन का अहम हिस्सा हैं। इनमें प्रोटीन के साथ फाइबर और कई अन्य पोषक तत्व भी मिलते हैं। दाल को रोज के भोजन में शामिल करना प्रोटीन की जरूरत पूरी करने की दिशा में एक आसान तरीका हो सकता है।
अंडे से मिलेगा प्रोटीन
अंडा प्रोटीन का अच्छा स्रोत माना जाता है। इसमें प्रोटीन के अलावा कई जरूरी विटामिन और मिनरल्स भी पाए जाते हैं। उबला अंडा, एग भुर्जी या सब्जियों के साथ ऑमलेट नाश्ते या भोजन का हिस्सा बनाया जा सकता है। हालांकि अंडे से एलर्जी या किसी विशेष स्वास्थ्य समस्या वाले लोगों को डॉक्टर की सलाह के अनुसार सेवन करना चाहिए।
सोया फूड्स को बनाएं डाइट का हिस्सा
सोयाबीन, टोफू और सोया चंक्स जैसे खाद्य पदार्थ खासतौर पर उन लोगों के लिए उपयोगी विकल्प हो सकते हैं जो मांसाहारी भोजन नहीं खाते। सोया आधारित खाद्य पदार्थों में अच्छी मात्रा में प्रोटीन पाया जाता है। इन्हें सब्जी, सलाद या अन्य व्यंजनों में शामिल किया जा सकता है।
पनीर और दही भी उपयोगी
दूध से बने खाद्य पदार्थ जैसे पनीर और दही भी डाइट में प्रोटीन जोड़ सकते हैं। पनीर को सब्जी या सलाद के साथ खाया जा सकता है, जबकि दही को भोजन के साथ शामिल करना आसान है। इन खाद्य पदार्थों में कैल्शियम भी पाया जाता है, जो हड्डियों के लिए महत्वपूर्ण पोषक तत्व है।
बादाम और मूंगफली से बढ़ाएं प्रोटीन
बादाम, मूंगफली और अन्य नट्स में प्रोटीन के साथ हेल्दी फैट भी पाया जाता है। इन्हें सीमित मात्रा में स्नैक के तौर पर लिया जा सकता है। मूंगफली को भूनकर या सलाद में मिलाकर खाया जा सकता है। हालांकि नट्स कैलोरी से भरपूर होते हैं, इसलिए मात्रा का ध्यान रखना जरूरी है।
सिर्फ प्रोटीन नहीं, पूरी डाइट जरूरी
मसल्स को मजबूत बनाने के लिए प्रोटीन के साथ पर्याप्त कैलोरी, कार्बोहाइड्रेट, हेल्दी फैट, विटामिन और मिनरल्स भी जरूरी हैं। नियमित स्ट्रेंथ ट्रेनिंग या व्यायाम के साथ संतुलित डाइट मांसपेशियों की सेहत के लिए अधिक उपयोगी हो सकती है।
अगर किसी व्यक्ति को किडनी की बीमारी या अन्य स्वास्थ्य समस्या है, तो प्रोटीन का सेवन बढ़ाने से पहले डॉक्टर या डाइटिशियन की सलाह लेना बेहतर है। संतुलित मात्रा में प्राकृतिक खाद्य पदार्थों से प्रोटीन लेना आमतौर पर डाइट का अच्छा हिस्सा हो सकता है।
(Disclaimer: इस आर्टिकल में दी गई सामग्री सिर्फ जानकारी के लिए है। हरिभूमि इनकी पुष्टि नहीं करता है। किसी भी सलाह या सुझाव को अमल में लेने से पहले किसी विशेषज्ञ/डॉक्टर से परामर्श जरूर लें।)
अगर आपको यह खबर उपयोगी लगी हो, तो इसे सोशल मीडिया पर शेयर करना न भूलें और हर अपडेट के लिए जुड़े रहिए [haribhoomi.com] के साथ।
लेखक: (कीर्ति)
होम
जॉब
पॉलिटिक्स
बिजनेस
ऑटोमोबाइल
गैजेट
लाइफस्टाइल
फोटो गैलरी
Others 
Haribhoomi










