Petrol Diesel Price Today 25 September 2026: पेट्रोल 9 और डीजल 3 रुपए सस्ता, त्योहारों से पहले आई बड़ी खुशखबरी, भारतीय तेल कंपनियों ने जारी किया नया रेट
Gautam Gambhir: भारतीय क्रिकेट टीम के हेड कोच गौतम गंभीर ने 2027 वनडे वर्ल्ड कप से पहले हार्दिक पंड्या और जसप्रीत बुमराह को लेकर अपनी रणनीति साफ कर दी है। गंभीर का कहना है कि दक्षिण अफ्रीका में होने वाले वर्ल्ड कप के लिए दोनों खिलाड़ी बेहद अहम होंगे, लेकिन उन्हें बिना पर्याप्त मैच अभ्यास के टूर्नामेंट में नहीं उतारा जा सकता।
जियो हॉटस्टार को दिए इंटरव्यू में गंभीर ने कहा कि हार्दिक जैसा खिलाड़ी बहुत कम टीमों के पास है, जो नंबर-6 या 7 पर बल्लेबाजी के साथ 10 ओवर गेंदबाजी भी कर सकता है। उन्होंने कहा कि हार्दिक को खास तौर पर पर्याप्त गेम टाइम की जरूरत है, क्योंकि आईपीएल 2026 के बाद से उन्होंने ज्यादा क्रिकेट नहीं खेला है।
गंभीर ने कहा- आप वर्ल्ड कप में आधे-अधूरे तैयार होकर नहीं जा सकते। उनके मुताबिक हार्दिक पहले कुछ टी20 क्रिकेट खेल सकते हैं और फिर वनडे में लौट सकते हैं। वर्ल्ड कप से पहले मैच अभ्यास और लय बेहद जरूरी होगी, क्योंकि इस स्तर पर गलती की ज्यादा गुंजाइश नहीं होती।
जसप्रीत बुमराह के लिए भी टीम मैनेजमेंट इसी तरह की योजना बना रहा है। गंभीर ने कहा कि यह तय करना जरूरी होगा कि बुमराह को कितनी वनडे क्रिकेट खिलाई जाए और टेस्ट क्रिकेट के साथ उनका वर्कलोड कितना रखा जाए। लक्ष्य यही है कि दोनों को सही मात्रा में क्रिकेट और आराम मिले।
हार्दिक की वापसी को लेकर भी तस्वीर साफ है। वह आईपीएल 2026 के बाद से मैदान से बाहर हैं और आईपीएल में भी चार मुकाबले नहीं खेल सके थे। गंभीर ने पहले ही कहा था कि वह हार्दिक को जल्दबाजी में भारतीय टीम में वापस नहीं लाना चाहते। अब हार्दिक ऑस्ट्रेलिया ए के खिलाफ वनडे सीरीज में इंडिया ए के लिए वापसी करेंगे।
गंभीर ने वर्ल्ड कप से पहले टीम के खिलाड़ियों को एक साथ ज्यादा मैच खिलाने पर भी जोर दिया। उन्होंने कहा कि जितने ज्यादा मैच पहली पसंद के 15-16 खिलाड़ी साथ खेलेंगे, टीम का कॉम्बिनेशन उतना बेहतर होगा। इससे कप्तान शुभमन गिल को भी खिलाड़ियों के इस्तेमाल को लेकर ज्यादा आत्मविश्वास मिलेगा।
वहीं, गंभीर ने संजू सैमसन को इंग्लैंड के खिलाफ टी20 सीरीज से बाहर करने के फैसले को अपने कोचिंग करियर का सबसे मुश्किल फैसला बताया। उन्होंने कहा कि उस फैसले के कारण वह रातभर सो नहीं पाए थे। हालांकि, उस समय वैभव सूर्यवंशी शानदार फॉर्म में थे और टीम को सीरीज जीतने के लिए शीर्ष क्रम में रन बनाने वाले खिलाड़ी की जरूरत थी।
गंभीर ने साफ किया कि सोशल मीडिया या बाहरी शोर भारतीय टीम की प्लेइंग-11 तय नहीं करता। अंतिम फैसला कप्तान और कोच ड्रेसिंग रूम में टीम को जिताने के लिए सबसे उपयुक्त संयोजन देखकर करते हैं।