Responsive Scrollable Menu

The Paradise Pre-Booking: ‘द पैराडाइज’ की एडवांस बुकिंग में तहलका, प्री-बुकिंग में तोड़ा 2026 का ये रिकॉर्ड

The Paradise Box Office Pre Booked Movie Of 2026: नानी की 'द पैराडाइज' 24 सितंबर 2026 को रिलीज होगी। यह 2026 की दूसरी सबसे ज्यादा प्री-बुक तेलुगु फिल्म बन गई है।

Continue reading on the app

तेल पर खेल, भारत-OPEC की बड़ी बैठक, हो गया फैसला!

मीडिल ईस्ट में जारी तनाव के बीच दुनिया के ऊर्जा बाजार पर दबाव बना हुआ है। तेल की सप्लाई और कीमतों को लेकर लगातार उतार-चढ़ाव देखने को भी मिल रहा है। लेकिन इसी बीच भारत ने भी दुनिया के बड़े तेल उत्पादक देशों के संगठन ओपेक के साथ एक बैठक की। नई दिल्ली में पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस मंत्री हरदीप सिंह पुरी और ओपेक के महासचिव हैमल गैस के बीच इंडिया ओपेक एनर्जी डायलॉग की सातवीं हाई लेवल बैठक हुई और दोनों ने ही बैठक की सह अध्यक्षता की। इस बैठक में सबसे अहम मुद्दे रहे तेल बाजार की स्थिरता, भारत की ऊर्जा सुरक्षा और तेल उद्योग में पर्याप्त और समय पर निवेश। इसके अलावा दोनों पक्षों ने आने वाले समय के लिए शॉर्ट टर्म, मीडियम टर्म और लॉन्ग टर्म ऊर्जा बाजार के आउटलुक पर चर्चा की। भारत अपनी ऊर्जा जरूरतों को पूरा करने के लिए बड़ी मात्रा में कच्चे तेल का आयात करता है। वहीं ओपेक में दुनिया के कई बड़े तेल उत्पादक देश शामिल हैं। इसीलिए भारत के लिए यह बेहद जरूरी है कि तेल उत्पादक देशों के साथ लगातार संवाद बना रहे और वैश्विक बाजार में सप्लाई को लेकर किसी बड़े व्यवधान की स्थिति में बातचीत के रास्ते खुले रहे। 

इसे भी पढ़ें: Russia-China Counter: ग्रीनलैंड में मिलिट्री बेस बनाएगा अमेरिका, हो गई बड़ी डील!


मीडिल ईस्ट में तनाव के बीच यह चिंता और बढ़ जाती है क्योंकि इस क्षेत्र में होने वाली किसी भी बड़ी गड़बड़ी का असर वैश्विक तेल व्यापार और सप्लाई पर ही पड़ेगा और यही वजह है कि इस बैठक में ऊर्जा सुरक्षा और बाजार की स्थिरता पर खास जोर दिया गया। हरदीप सिंह पुरी ने बैठक में कहा कि भारत और ओपेक के बीच स्वाभाविक रूप से एक दूसरे के लिए फायदेमंद संबंध हैं। उन्होंने कहा कि आने वाले दशकों में भारत वैश्विक ऊर्जा मांग को बढ़ाने में बड़ी भूमिका निभाता रहेगा। यानी भारत की अर्थव्यवस्था जैसे-जैसे बढ़ेगी देश की ऊर्जा जरूरत भी बढ़ जाएगी। ऐसे में भारत के लिए भरोसेमंद और स्थिर ऊर्जा सप्लाई बेहद जरूरी है। हरदीप सिंह पुरी ने इस बात पर भी जोर दिया कि तेल उत्पादक और तेल उपभोक्ता देशों के बीच लगातार बातचीत होनी चाहिए। उनके मुताबिक इससे ऊर्जा क्षेत्र में निवेश बढ़ाने, ऊर्जा व्यवस्था को ज्यादा मजबूत बनाने और विश्वसनीय सप्लाई सुनिश्चित करने में मदद मिलेगी। उन्होंने ओपेक के साथ मिलकर एक ऐसा वैश्विक ऊर्जा बाजार बनाने पर जोर दिया जो स्थिर पारदर्शी और अनुमान लगाने योग्य हो। 

इसे भी पढ़ें: 14 सितंबर को संविधान सभा ने हिंदी को दिया था आधिकारिक दर्जा, जानें इतिहास की घटनाएं


वहीं ओपेक महासचिव हैदरमल ने भारत के साथ इस संवाद को ओपेक की प्राथमिकता बताया। उन्होंने कहा कि मौजूदा वैश्विक ऊर्जा व्यवस्था में भारत का महत्व लगातार बढ़ रहा है और आने वाले दशक में यह महत्व और ज्यादा बढ़ेगा। उन्होंने ऊर्जा चुनौतियों से निपटने के लिए भारत के संतुलित और व्यवहारिक दृष्टिकोण की भी सराहना की। हैतामल ने यह भी कहा कि भारत की कई ऊर्जा प्राथमिकताएं ओपेक की प्राथमिकताओं से मेल खाती हैं। भारत और ओपेक के बीच यह बातचीत आज से शुरू नहीं हुई। इंडिया ओपेक एनर्जी डायलॉग की शुरुआत 2015 में नई दिल्ली में हुई थी। इसका मकसद साफ था। तेल उत्पादक देशों और भारत जैसे बड़े उपभोक्ता देश के बीच नियमित बातचीत का एक मंच तैयार करना था। क्योंकि दोनों की जरूरतें अलग होते हुए भी एक दूसरे से जुड़ी हैं। ओपेक देशों के लिए भारत एक बड़ा और बढ़ता हुआ ऊर्जा बाजार है। जबकि भारत के लिए ओपेक के सदस्य देश कच्चे तेल के महत्वपूर्ण स्रोत हैं। इसीलिए इस मंच पर सिर्फ तत्काल तेल की कीमतों की चर्चा नहीं होती बल्कि लंबी अवधि की ऊर्जा मांग, निवेश, बाजार की स्थिरता, ऊर्जा सुरक्षा और वैश्विक ऊर्जा व्यवस्था जैसे मुद्दों पर बातचीत होती है।

इसे भी पढ़ें: Hindi Diwas: संविधान सभा ने 14 सितंबर को हिंदी को दिया था राजभाषा का दर्जा


इस बार भी बैठक में दोनों पक्षों ने अब तक हुए तकनीकी सहयोग की प्रगति की समीक्षा की और ऊर्जा क्षेत्र में सहयोग को और गहरा करने पर जोर दिया। साथ ही तय किया गया कि इंडिया ओपेक एनर्जी डायलॉग की अगली यानी आठवीं हाई लेवल बैठक वियना ऑस्ट्रिया में होगी। कुल मिलाकर मध्य पूर्व के तनाव और और वैश्विक ऊर्जा बाजार में खींचतान के बीच भारत ओपेक की यह बैठक आने वाले समय की ऊर्जा सुरक्षा के लिहाज से अहम रही क्योंकि भारत की ऊर्जा जरूरत आने वाले सालों में बढ़ने वाली है और ऐसे में भारत के लिए जरूरी है कि तेल की सप्लाई भरोसेमंद रहे।

Continue reading on the app

  Sports

Indian Womens Cricket का विजय रथ नहीं रुक रहा! 8 मैच-8 जीत की कहानी

भारतीय महिला क्रिकेट टीम ने 2026 में 8 मैचों में 8 जीत हासिल कर एक नया कीर्तिमान स्थापित किया है. टीम ने वीमेन एशिया कप में अजेय रहते हुए रिकॉर्ड 8वां खिताब अपने नाम किया Wed, 23 Sep 2026 19:51:12 +0530

  Videos
See all

Teenage Obesity : स्कूल जाने वाली लड़कियों में बढ़ रहा मोटापा और PCOS का खतरा | N18S | Shorts #tmktech #vivo #v29pro
2026-09-23T15:08:36+00:00

SIR Controversy: 'इनको ये नहीं पता होगा चुनाव आयोग का कार्यकाल कितने दिन का होता है'| EC | BJP Vs SP #tmktech #vivo #v29pro
2026-09-23T15:07:08+00:00
Editor Choice
See all
Photo Gallery
See all
World News
See all
Top publishers