AIIMS Jodhpur के शौचालय में पीजी छात्र मृत मिला, पुलिस को खुदकुशी का शक
जोधपुर स्थित अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान (एम्स) में स्नातकोत्तर (पीजी) प्रथम वर्ष का एक छात्र मंगलवार को अस्पताल के शौचालय में मृत मिला। पुलिस को प्रथमदृष्टया आत्महत्या का संदेह है। मृतक की पहचान एनेस्थीसिया विभाग के रेजिडेंट डॉक्टर राज नीलेश यादव (31) के रूप में हुई है।
बासनी थाना प्रभारी नितिन दवे ने कहा, ‘‘वह मंगलवार को ऑपरेशन थिएटर (ओटी) में ड्यूटी पर थे। दोपहर करीब एक बजे वह अपने विश्राम कक्ष में गए, लेकिन इसके बाद ड्यूटी पर नहीं लौटे।’’ सहकर्मियों ने उनकी तलाश शुरू की और उन्हें फोन किया। शौचालय से फोन की घंटी सुनाई देने पर उन्होंने दरवाजा खटखटाया, लेकिन कोई जवाब नहीं मिला।
इसके बाद दरवाजा तोड़ा गया तो यादव फर्श पर अचेत अवस्था में पड़े मिले। दवे ने बताया कि उन्हें तत्काल आपातकालीन विभाग ले जाया गया, जहां चिकित्सकों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। उन्होंने कहा कि शौचालय में यादव के पास से कुछ सिरिंज मिली हैं और पुलिस को संदेह है कि उन्होंने आत्महत्या की है।
थाना प्रभारी ने बताया कि परिजनों को सूचना दे दी गई है और पोस्टमार्टम रिपोर्ट की प्रतीक्षा की जा रही है। पुलिस के अनुसार, मौके से अभी तक कोई सुसाइड नोट बरामद नहीं हुआ है।
Odisha Vigilance ने Bargarh में पंचायत अधिकारी के ठिकानों पर की छापेमारी, मिले 35 प्लॉट और दो भवन
ओडिशा के सतर्कता विभाग ने मंगलवार को बारगढ़ जिले के एक पंचायत कार्यपालक अधिकारी (पीईओ) के ठिकानों पर छापेमारी कर 35 प्लॉट, दो भवन, एक बाजार परिसर, एक गोदाम, 2.98 लाख रुपये नकद और अन्य संपत्तियों का पता लगाया। अधिकारियों ने यह जानकारी दी। अधिकारियों के अनुसार, गुप्त सूचना के आधार पर सतर्कता विभाग के अधिकारियों ने मंगलवार सुबह बारगढ़ जिले की कटाभाल पंचायत के पंचायत कार्यपालक अधिकारी (पीईओ) कार्तिकेश्वर बेहरा की संपत्तियों से जुड़े छह स्थानों पर छापेमारी की।
तलाशी अभियान के दौरान सतर्कता विभाग को एक दो-मंजिला भवन, एक निर्माणाधीन भवन, एक बाजार परिसर, एक गोदाम, 35 प्लॉट, 2.98 लाख रुपये नकद, एक चार-पहिया वाहन, एक ट्रैक्टर और चार मोटरसाइकिल मिलीं। अधिकारियों ने बताया कि इसके अलावा करीब 3.70 लाख रुपये मूल्य का सोना और घरेलू सामान तथा गोदाम में रखे करीब 22 लाख रुपये मूल्य के महुआ फूल भी बरामद किए गए हैं। उन्होंने बताया कि मामले में विस्तृत जांच जारी है।
अधिकारियों के अनुसार, बेहरा ने जुलाई 1994 में गैसिलेट ग्राम पंचायत के सचिव के रूप में सरकारी सेवा शुरू की थी। उस समय उनका शुरुआती वेतन 500 रुपये प्रति माह था। वर्ष 2009 में उन्हें पदोन्नत कर पंचायत कार्यपालक अधिकारी बनाया गया।
उन्होंने बताया कि बेहरा पिछले 30 वर्षों से अधिक समय से बारगढ़ जिले में कार्यरत हैं और वर्तमान में उनका वेतन 52,320 रुपये प्रति माह है।
होम
जॉब
पॉलिटिक्स
बिजनेस
ऑटोमोबाइल
गैजेट
लाइफस्टाइल
फोटो गैलरी
Others 
prabhasakshi









