विसर्जन और आगामी त्यौहारों को लेकर अलर्ट पर शिवपुरी पुलिस, सुरक्षा और यातायात व्यवस्था को लेकर तैयारी तेज
आज डोल ग्यारस है और आने वाले दिनों में एक के बाद एक त्यौहार रहने वाले हैं। इसी को देखते हुए शिवपुरी पुलिस सतर्क नजर आ रही है। पुलिस सुरक्षा यातायात व्यवस्था को लेकर अपनी तैयारियां तेज कर दी है। इसी कड़ी में एसपी यांगचेन डोलकर भूटिया पुलिस की टीम के साथ शहर के बाजारों में निकली।
शहर के भीड़भाड़ वाले इलाकों का उन्होंने पैदल निरीक्षण किया। इस दौरान सब्जी मंडी, अस्पताल चौराहा, कोर्ट रोड, गुरुद्वारा चौराहा, माधव चौक, पोलो ग्राउंड और राजेश्वरी रोड का निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने अलग-अलग क्षेत्र के थाना प्रभारियों को जरूरी दिशा निर्देश भी दिए।
गणेश विसर्जन को लेकर तैयारी
फिलहाल गणेश उत्सव चल रहा है और अनंत चतुर्दशी पर विसर्जन किया जाएगा। शिवपुरी में गणेश विसर्जन का बड़ा आयोजन देखने को मिलता है। शहर के अलग-अलग हिस्सों से गणेश प्रतिमा और झांकियां बैंड बाजे के साथ निकलती है। विभिन्न जगह मंच लगाए जाते हैं और प्रतियोगिता का आयोजन होता है। इसमें बड़ी संख्या में लोग शामिल होते हैं। यही वजह है की सुरक्षा व्यवस्था को लेकर पुलिस सतर्क नजर आ रही है। यातायात और भीड़ नियंत्रण को लेकर तैयारी शुरू कर दी गई है। आज निकलने वाले डोल और चतुर्दशी पर विसर्जन के जो रूट तय है, वहां पर पर्याप्त पुलिस बल तैनात किया जाएगा।
पुलिस अधीक्षक शिवपुरी श्रीमती यांगचेन डोलकर भूटिया द्वारा आगामी त्योहारों के मद्देनजर मय फोर्स के शहर मे भ्रमण कर कानून एवं यातायात व्यवस्था का जायजा लिया।
भ्रमण के दौरान बाजार के मुख्य मार्गों का एवं माधव चौक का निरीक्षण किया, शांति सुरक्षा एवं कानून व्यवस्था बनाये रखने के लिये… pic.twitter.com/akiJ8BFk4E— SP_Shivpuri (@SpShivpuri) September 21, 2026
थाना प्रभारियों को निर्देश
अपने इस पैदल भ्रमण के दौरान एसपी को आम जनता और दुकानदारों से सीधा संवाद करते हुए देखा गया। उन्होंने सभी से त्योहार के समय शांति और कानून व्यवस्था बनाए रखने में पुलिस और प्रशासन का सहयोग करने की अपील की है। इस दौरान अलग-अलग थाना क्षेत्र के प्रभारी को यह निर्देश दिए गए हैं कि उन्हें अपने क्षेत्र की पैदल गश्त करना है। इसी के साथ भीड़ वाले स्थान पर पुलिस बल तैनात करने और वाहन चेकिंग चलाने के निर्देश दिए गए हैं।
जनता से की अपील
प्रशासन द्वारा आम जनता से यह अपील की गई है कि गणेश प्रतिमाओं के विसर्जन का जो निर्धारित स्थान है, वहीं पर जाए। पानी में न उतरें, ताकि किसी भी तरह की घटना ना हो। एसपी के इस दौरे के समय सीएसपी सचिन कुमार धुर्वे, यातायात प्रभारी रक्षित निरीक्षक रणवीर यादव और प्रशासन के अन्य अधिकारी मौजूद थे।
भोपाल में आयुष इंटर्न डॉक्टरों का प्रदर्शन, 15 राज्यों से कम मिल रहा वजीफा, एमबीबीएस की तर्ज पर बढ़ोतरी की मांग
एमबीबीएस डॉक्टरों के बाद अब भोपाल में आयुष इंटर्न डॉक्टरों ने भी अपने हक के लिए मोर्चा खोल दिया है। मंगलवार दोपहर करीब 100 से ज्यादा छात्र-डॉक्टर अपनी मांग लेकर कलेक्टर दफ्तर पहुंच गए और हंगामा शुरू कर दिया। हालात बिगड़ते देख मौके पर मौजूद पुलिस ने आनन-फानन में कलेक्ट्रेट का मेन गेट बंद कर दिया। दरअसल, ये डॉक्टर लंबे समय से स्टाइपेंड बढ़ाने की गुहार लगा रहे थे, लेकिन सुनवाई न होने पर उन्हें सड़कों पर उतरना पड़ा।
देश में सबसे कम स्टाइपेंड
प्रदर्शन कर रहे डॉक्टरों का कहना है कि मध्य प्रदेश में उन्हें हर महीने महज 9,383 रुपये स्टाइपेंड के तौर पर दिए जा रहे हैं। आपको बता दें कि यह देश के 15 बड़े राज्यों की तुलना में सबसे कम रकम है। डॉक्टरों ने आंकड़े गिनाते हुए बताया कि पश्चिम बंगाल में आयुष डॉक्टरों को 33 हजार रुपये से ज्यादा मिलते हैं, जबकि ओडिशा, तेलंगाना और बिहार जैसे राज्यों में भी 27 से 30 हजार रुपये तक दिए जा रहे हैं।
एमबीबीएस का बढ़ा स्टाइपेंड
दरअसल, कुछ दिन पहले ही भोपाल के गांधी मेडिकल कॉलेज के एमबीबीएस डॉक्टरों ने तीन दिनों तक उग्र आंदोलन किया था। उस दौरान सरकार ने उनकी बात मानते हुए स्टाइपेंड 50 फीसदी बढ़ाकर 21,500 रुपये महीना कर दिया था। अब आयुष डॉक्टरों का सवाल है कि जब वे भी सरकारी अस्पतालों में दिन-रात मरीजों का इलाज करते हैं, तो फिर उनके साथ यह भेदभाव क्यों किया जा रहा है?
आर-पार के मूड में डॉक्टर
आपको बता दें कि एमबीबीएस डॉक्टरों के आंदोलन के दौरान हुए लाठीचार्ज के मामले में पुलिसकर्मियों पर गाज भी गिर चुकी है। इसके बावजूद आयुष डॉक्टरों का गुस्सा शांत होने का नाम नहीं ले रहा है। डॉक्टरों ने साफ शब्दों में चेतावनी दी है कि जब तक सरकार उनका स्टाइपेंड बढ़ाकर सम्मानजनक नहीं करती, तब तक उनका यह विरोध प्रदर्शन खत्म नहीं होगा।
होम
जॉब
पॉलिटिक्स
बिजनेस
ऑटोमोबाइल
गैजेट
लाइफस्टाइल
फोटो गैलरी
Others 
Mp Breaking News








