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खामेनेई का ब्रह्मास्त्र और खूंखार कमांडर इस्माइल कानी एक्टिव, टेंशन में इजरायल और अमेरिका

ईरान के सुप्रीम लीडर अयातुल्लाह अली खामेनेई के ब्रह्मास्त्र कहे जाने वाले खूंखार कमांडर इस्माइल कानी की गतिविधियों ने इजरायल और अमेरिका को चिंता में डाल दिया है. खामेनेई ने हाल ही में कहा था कि ईरान और अमेरिका के बीच सहयोग तभी संभव है जब अमेरिका इजरायल का समर्थन बंद कर दे. मध्य पूर्व में अपनी सैन्य उपस्थिति समाप्त करे. ईरान के इस खूंखार कमांडर को कई बार मारने की कोशिश की गई. मगर वह हर बार बच निकला. 

ईरान के विरोधियों के खिलाफ हमलों की साजिश

आपको बता दें कि इस्माइल कानी ईरान की कुद्स फोर्स की कमान संभालते हैं. वे ईरान की सैन्य शाखा में है. वह विदेशी अभियानों को लेकर जिम्मेदार हैं. उनकी गतिविधियों ने इजरायल और अमेरिका को चिंता में डाल दिया है. कानी अब ईरान के विरोधियों के खिलाफ हमलों की साजिश रच रहे हैं. ईरान और इजरायल के बीच तनाव तेजी से बढ़ रहा है. दोनों देशों ने एक-दूसरे के खिलाफ हमले किए हैं.  इजरायल ने ईरान के परमाणु कार्यक्रम को नष्ट करने की धमकी दी है, वहीं ईरान ने इजरायल को नष्ट करने की धमकी दी है.

अमेरिका को कुचलने की योजना बना रहा

खामेनेई के लिए इस्माइल कानी एक ऐसा हथियार है, जिससे CIA और मोसाद भी कतराते हैं. कानी इतना बड़ा रहस्य है कि उसकी जिंदगी और मौत पर काफी सस्सपेंस बना हुआ है. 2025 के जून में  हुए हमलों में अमेरिका ने उसकी मौत की खबरें खूब फैलाई थीं, मगर 24 जून 2025 को तेहरान में एक सार्वजनिक कार्यक्रम के वीडियो में कानी जिंदा खड़ा दिखाई दिया. अब जनवरी 2026 की ताजा रिपोर्ट्स की माने तो वह जिंदा है. इसके साथ ईरान की युद्ध रणनीति में अमेरिका को कुचलने की योजना बना रहा है. 

ईरानी जनरल कासिम सुलेमानी की मौत के बाद जब ट्रंप ने सोचा था कि कुद्स फोर्स का खात्मा हो चुका है. तब कानी ने कमान संभाली और अमेरिका को परेशान करना शुरू कर दिया. 

कानी का ‘डेथ वारंट’

माना जा रहा है कि जनवरी 2026 में जब ट्रंप ने ईरान पर हमले की धमकी दी है तो इस्माइल कानी ने कथित तौर पर अपनी ‘आत्मघाती ब्रिगेड’ को सक्रिय कर दिया है. जानकारों का कहना है कि अगर अमेरिका ने पहली गोली चलाई, तो कानी का पहला टारगेट मिडिल ईस्ट में मौजूद हर वो अमेरिकी नागरिक होगा जो उनकी रेंज में है.

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'वीडियो बंद करो दो....ये लड़की की सीट है', जब चलती ट्रेन में किसानों ने दिखाई दंबगई, देखें वीडियो

सोशल मीडिया की दुनिया में हर दिन ऐसे वीडियो सामने आते हैं, जो लोगों को हैरान कर देते हैं. ऐसा ही एक वीडियो इन दिनों इंटरनेट पर तेजी से वायरल हो रहा है, जिसे देखने के बाद लोग हैरत में पड़ गए हैं. यह वीडियो एक ट्रेन का बताया जा रहा है, जिसमें सेकेंड एसी कोच के अंदर भारी अव्यवस्था देखी जा सकती है.

वायरल वीडियो में दावा किया जा रहा है कि ट्रेन के सेकेंड एसी टायर में किसानों ने कब्जा कर रखा है. वीडियो में साफ देखा जा सकता है कि कोच के अंदर बड़ी संख्या में लोग मौजूद हैं और कई यात्री रिजर्वेशन बर्थ पर बैठे हुए हैं.

ट्रेन में किसानों की दबंगई का आरोप

वीडियो में एक रेलवे कर्मचारी को यात्रियों से बात करते हुए देखा जा सकता है. कर्मचारी यात्रियों से कहता है कि जिन बर्थ पर वे बैठे हैं, वे रिजर्व हैं और उन्हें खाली किया जाए. वह यह भी कहता नजर आता है कि जिनके पास सही रिजर्वेशन नहीं है, वे अपने निर्धारित स्थान पर जाएं या फिर कोच खाली करें.

इसके बावजूद, वीडियो में दिख रहा है कि किसान कर्मचारी की बात सुनने को तैयार नहीं होते हैं. एक नहीं बल्कि पूरे कोच में बड़ी संख्या में लोग मौजूद हैं, जिससे कोच में भारी भीड़ और अव्यवस्था का माहौल बना हुआ है.

कहां का है वीडियो? 

हालांकि, इस वीडियो को लेकर दावा किया जा रहा है कि ये प्रयागराज रेलवे स्टेशन का है, जहां किसान बैठकर ट्रेन में बैठे हए हैं. हालांकि, इस वीडियो की पुष्टि न्यूज नेशन नहीं करता है. 

सोशल मीडिया पर यूजर्स की प्रतिक्रिया

वीडियो सामने आने के बाद सोशल मीडिया पर यूजर्स ने तीखी प्रतिक्रिया दी है. कई लोगों का कहना है कि किसान देश की रीढ़ हैं और उनका सम्मान किया जाना चाहिए, लेकिन किसान होने का मतलब यह नहीं कि बिना टिकट या नियमों का उल्लंघन करते हुए यात्रा की जाए.

एक यूजर ने लिखा कि आखिर किसने यह कह दिया कि किसान हैं तो बिना टिकट और दबंगई के साथ यात्रा करेंगे. वहीं, कई अन्य यूजर्स ने भी इस मामले में नियमों के सख्त पालन की मांग की है.

रेलवे नियमों पर उठे सवाल

इस वायरल वीडियो ने Indian Railways की व्यवस्था और ट्रेनों में नियमों के पालन को लेकर भी बहस छेड़ दी है. लोग सवाल उठा रहे हैं कि सेकेंड एसी जैसे प्रीमियम कोच में इस तरह की भीड़ कैसे पहुंची और समय रहते कार्रवाई क्यों नहीं की गई. फिलहाल, वीडियो को लेकर रेलवे की ओर से कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है, लेकिन सोशल मीडिया पर यह मामला लगातार चर्चा में बना हुआ है.

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