क्या चल रहा है? मोदी की चुप्पी देख टेंशन में आए ट्रंप, तुरंत जयशंकर को किया फोन
भारत के एक फोन कॉल ने अमेरिका के साथ-साथ पूरी दुनिया में जोरदार हड़कंप मचा दिया है। भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और विदेश मंत्री डॉ. एस जयशंकर ने दादागिरी और धमकी दिखा रहे ट्रंप और अमेरिका की ऐसी हालत खराब की टैरिफ का सरपंच बने दुनिया भर में घूमने वाले ट्रंप भारत के सामने झुकने को तैयार है। अमेरिका के पूरे तेवर ढीले पड़ चुके हैं। ट्रंप ने जितनी ऊंची आवाज में भारत को धमकी दी भारत ने उतनी ही शांति से अमेरिका को मसल के रख दिया। दरअसल, ट्रंप ने भारत को टेरिफ की धमकी पर धमकी देकर ट्रेड डील को लटका कर खूब दबाव बनाने की कोशिश की। लेकिन भारत ने ट्रंप की सारी धमकियों की हवा निकाल दी और यह बता दिया कि वो अपनी रणनीति से ही काम करेगा जिससे ट्रंप बिलबिला गए क्योंकि उन्हें यह समझ में आ गया कि ट्रंप को अब बस सीरियसली सिर्फ पाकिस्तान लेता है और बाकी कोई उन्हें कुछ नहीं समझता।
इसे भी पढ़ें: BRICS Summit 2026 किस देश में होगा आयोजित? प्रेसीडेंसी का लोगो, थीम और वेबसाइट लॉन्च
इसलिए उन्होंने अटकी हुई ट्रेड डील को लेकर अपने विदेश मंत्री को आगे किया। अब खबर है कि अमेरिका के नए राजदूत सर्जियो गौर ने एक्स पर पोस्ट करते हुए यह बताया कि मार्को रूबियो जो अमेरिका के विदेश मंत्री है और भारत के विदेश मंत्री डॉ. एस जय शंकर के बीच पॉजिटिव बातचीत फोन पर हुई है। जयशंकर ने कहा कि दोनों विदेश मंत्रियों ने संपर्क में रहने पर सहमति जाहिर की है। सूत्रों के अनुसार, दोनों देशों में शीर्ष स्तर पर भी संपर्क स्थापित करवाने की कोशिश की जा रही है। इसके लिए भी कूटनीतिक कोशिशें शुरू हो गई हैं। भारत सरकार के सूत्र ने कहा कि डॉनल्ड ट्रंप के दौरे पर भी शुरुआती होमवर्क शुरू हो गया है और वाइट हाउस से हरी झंडी मिलते ही इसपर काम शुरू हो जाएगा।
इसे भी पढ़ें: अब होगी ट्रेड डील! Jaishankar-Rubio की फोन पर बात, 575% टैरिफ पर मचा बवाल
उन्होंने सोशल मीडिया पर कहा कि अभी-अभी विदेश मंत्री रुबियो के साथ एक अच्छी बातचीत हुई। हमने व्यापार, महत्वपूर्ण खनिजों, परमाणु सहयोग, रक्षा और ऊर्जा पर चर्चा की। उन्होंने कहा कि इन और अन्य मुद्दों पर संपर्क में रहने पर सहमति बनी है। अमेरिका की तरफ से जारी विज्ञप्ति में कहा गया, विदेश मंत्री रुबियो और मंत्री जयशंकर ने जारी द्विपक्षीय व्यापार समझौते की बातचीत और आर्थिक सहयोग को मजबूत करने में अपनी साझा रुचि पर चर्चा की। इसमें कहा गया, “उन्होंने क्षेत्रीय घटनाक्रमों पर भी अपने विचार साझा किए और एक स्वतंत्र व खुले हिंद प्रशांत के प्रति अमेरिका और भारत की प्रतिबद्धता की पुष्टि की।
BRICS Summit 2026 किस देश में होगा आयोजित? प्रेसीडेंसी का लोगो, थीम और वेबसाइट लॉन्च
भारत की मेजबानी में ब्रिक्स समिट 2026 की औपचारिक शुरुआत हुई। विदेश मंत्री डॉ. एस. जयशंकर ने दिल्ली में एक समारोह में सम्मेलन का लोगो, थीम और वेबसाइट लॉन्च किया। इस मौके पर ब्राजील, चीन, रूस जैसे प्रमुख ब्रिक्स देशों समेत कई देशों के एंबेसेडर मौजूद थे। जयशंकर ने अपने संबोधन में भारत की अध्यक्षता के तहत थीम और लोगो के महत्व को भी रेखांकित किया। उन्होंने कहा कि भारत अपनी अध्यक्षता में ब्रिक्स को समावेशी और मानव केंद्रित बनाने की दिशा में काम करेगा। उन्होंने कहा कि समूह के 20 साल पूरे होने के वर्ष में ब्रिक्स की अध्यक्षता बहुत मायने रखती है। इस यात्रा में ब्रिक्स उभर रही अर्थव्यवस्थाओं और बाजारों के बीच सहयोग का एक अहम प्लैटफॉर्म बन कर उभरा है। दुनिया का वैश्विक माहौल कई चुनौतियों से घिरा हुआ है। इनमें जियोपॉलिटिकल अनिश्चितताएं, जटिल आर्थिक लैंडस्केप, क्लाइमेट संबंधी चुनौतियां अहम है।
इसे भी पढ़ें: अब होगी ट्रेड डील! Jaishankar-Rubio की फोन पर बात, 575% टैरिफ पर मचा बवाल
उन्होंने कहा कि वर्षों से, ब्रिक्स ने बदलती वैश्विक परिस्थितियों के अनुरूप अपने एजेंडे और सदस्यता का विस्तार किया है, साथ ही जन-केंद्रित विकास, संवाद को बढ़ावा देने और व्यावहारिक सहयोग को प्रोत्साहित करने पर भी ध्यान केंद्रित रखा है। विदेश मंत्री ने कहा कि वर्तमान वैश्विक परिवेश जटिल और परस्पर जुड़ी चुनौतियां प्रस्तुत करता है। उन्होंने कहा कि भू-राजनीतिक अनिश्चितताएं, जटिल आर्थिक परिदृश्य, जलवायु संबंधी जोखिम, तकनीकी परिवर्तन और विकास में लगातार बनी हुई कमियां विभिन्न क्षेत्रों के देशों को प्रभावित कर रही हैं। डॉ. जयशंकर ने कहा कि इस संदर्भ में, ब्रिक्स एक महत्वपूर्ण मंच बना हुआ है जो राष्ट्रीय प्राथमिकताओं और विकास के विभिन्न चरणों को ध्यान में रखते हुए संवाद, सहयोग और व्यावहारिक समाधानों को प्रोत्साहित करता है।
इसे भी पढ़ें: India-France Deal: भारत का F-35 को ठेंगा, 114 राफेल को हरी झंडी!
लोगो विविधता में एकता का प्रतीक है
विदेश मंत्री ने बताया कि जारी किया गया लोगो आधुनिकता और पुरातन का संतुलन है। इसमें ब्रिक्स देशों के रंग है, जो विविधता में एकता और साझे उद्देश्य की झलक दिखाते है। ये लोगो ये विचार सामने रखता है कि जहां देश अपनी खासियत बरकरार रखते हुए देश सामूहिक तौर पर समूह में योगदान देते आ रहे है। बता दें कि इसी दौरान ब्रिक्स इंडिया इंडिया वेबसाइट भी लॉन्च हुई, ये एक साझे प्लैटफॉर्म की तरह ही काम करेगी। इससे इस समिट की इवेंट्स समेत सभी गतिविधियों की जानकारी मिलती रहेगी।
होम
जॉब
पॉलिटिक्स
बिजनेस
ऑटोमोबाइल
गैजेट
लाइफस्टाइल
फोटो गैलरी
Others 
prabhasakshi














/newsnation/media/agency_attachments/logo-webp.webp)




