हरियाली तीज का पर्व सुहागिन महिलाओं के लिए बेहद खास होता है। इस दिन महिलाएं हरे रंग के कपड़े पहनती हैं, झूला झूलती हैं, मेहंदी लगाती हैं और घर में तरह-तरह के पकवान बनाए जाते हैं। ऐसे में अगर तीज के मौके पर आपके घर पर भी मेहमान आने वाले हैं, तो आप कुछ रिफ्रेशिंग और स्पेशल ड्रिंक्स जरूर बना लें। उसम और गर्मी भरे मौसम में ठंडी ड्रिंक मेहमानों को बेहद पसंद आती है। लेकिन हर बार मार्केट से कोल्ड ड्रिंक या पैकेज्ड जूस लाने की जगह घर पर बनी कुछ देसी ड्रिंक्स का स्वाद अलग होता है।
वहीं इसकी खास बात यह है कि इसको बनाने के लिए ज्यादा मेहनत और महंगी सामग्री की जरूरत नहीं होती है। आप भी तीज की पार्टी के लिए शाही केसर ठंडाई, क्रीमी गुलाब लस्सी, नींबू-पुदीना कूलर, खट्टा-मीठा आम पन्ना और ठंडा केसर दूध बना सकती हैं। इन ड्रिंक्स को आप बर्फ, पुदीने पत्तियों, सुंदर गिलास, केसर और गुलाब की पंखुड़ियों से सजाकर सर्व करें। इन ड्रिंक्स का स्वाद मेहमानों को पसंद आएगा और वह इन ड्रिंक्स की रेसिपी आपसे जरूर पूछेंगे।
शाही केसर ठंडाई सामग्री
ठंडा दूध - 2 गिलास
बादाम -10-12
काजू - 8-10
सौंफ - 1 चम्मच
काली मिर्च - 1/2 चम्मच
खसखस - 1 चम्मच
इलायची - 2-3
केसर के धागे - 5-6
चीनी - 2-3 चम्मच
गुलाब की पंखुड़ियां
ऐसे बनाएं
सबसे पहले काजू, बादाम, सौंफ, काली मिर्च, खसखस और इलायची को पानी में कुछ देर के लिए भिगो दें।
फिर इनको बारीक पीसकर पेस्ट तैयार कर लें।
इसके बाद दूध को ठंडा करके इसमें तैयार किया हुआ पेस्ट और चीनी डालें।
केसर को थोड़ा गुनगुने दूध में भिगोकर ठंडाई मिलाएं।
सभी सामग्री को अच्छे से मिलाएं और फिर कुछ देर फ्रिज में रखें।
सर्व करते समय ऊपर से गुलाब की पंखुड़ियां और केसर डालें।
रिच स्वाद के लिए आप थोड़ा पिस्ता भी डाल सकती हैं।
गुलाब लस्सी
गुलाब लस्सी हर पर्व की महफिल में अपनी जगह आसानी से बना लेती है। गुलाब की खुशबू इसको सामान्य लस्सी से और भी खास बना देती है।
सामग्री
ठंडा दही - 2 कप
ठंडा दूध - 1/2
गुलाब का शरबत - 2-3 चम्मच
चीनी - 2 चम्मच
बर्फ के टुकड़े - 2-3
गुलाब की पंखुड़ियां
कटे हुए पिस्ते
ऐसे बनाएं
एक बड़े बर्तन में ठंडा दूध, दही, चीनी और गुलाब का शरबत डालें।
इसको ब्लेंडर या मथनी से अच्छे से फेंट लें।
इसमें बर्फ को डालकर एक बार फिर से ब्लेंड कर दें।
गुलाबी रंग की लस्सी को लंबे गिलास में डालें और ऊपर से गुलाब की पंखुड़ियां और पिस्ता डालकर सर्व करें।
अगर आपको लस्सी ज्यादा गाढ़ी लग रही है, तो उसमें ठंडा दूध मिला सकती हैं।
नींबू-पुदीना कूलर ड्रिंक सामग्री
नींबू - 2
पुदीने की पत्तियां - 8-10
चीनी - 2 चम्मच
काला नमक - 1/2 चम्मच
ठंडा पानी या सोडा
बर्फ
ऐसे बनाएं
सबसे पहले एक गिलास में नींबू का रस, काला नमक, चीनी और पुदीने की पत्तियां डालें।
फिर इनको मसलें, जिससे कि पुदीने की खुशबू अच्छे से निकल जाए।
अब गिलास में बर्फ डालें और ऊपर से ठंडा पानी या फिर सोडा डालें।
इसको हाथ से मिक्स करें और ऊपर से पुदीने की पत्ती और नींबू की स्लाइस से गार्निश करें।
इसको आकर्षक बनाने के लिए कांच के लंबे गिलास में ड्रिंक को सर्व करें।
खट्टा-मीठा आम पन्ना सामग्री
कच्चे आम - 2
चीनी - 3-4 चम्मच
भुना जीरा पाउडर - 1/2 चम्मच
काला नमक - 1/2 चम्मच
थोड़ा सा पुदीना
ठंडा पानी - 2 गिलास
बर्फ
ऐसे बनाएं
सबसे पहले कच्चे आम को भूनकर या उबालकर इसका गूदा निकाल लें।
फिर इसमें काला नमक, चीनी और भुना जीरा डालकर अच्छे से मिक्स करें।
इसके बाद पुदीने की पत्तियों के साथ इसको ब्लेंड कर दें।
अब पल्प में ठंडा पानी मिलाएं और जरूरत के हिसाब से स्वाद को एडजस्ट करें।
गिलास में आम पन्ना डालें और बर्फ डालकर सर्व करें।
आप चाहें तो आम पन्ना का कॉन्संट्रेट पहले से बनाकर फ्रिज में रख लें।
मसालेदार जलजीरा सामग्री
ठंडा पानी - 2 गिलास
भुना जीरा पाउडर - 1 चम्मच
काला नमक - 1/2 चम्मच
चाट मसाला - 1/2 चम्मच
थोड़ा नींबू का रस
सौंफ - 1/2 चम्मच
मुट्ठीभर पुदीना
बर्फ
ऐसे बनाएं
सबसे पहले सौंफ और पुदीना को थोड़े से पानी के साथ पीस लें।
फिर इसको एक जग में छान लें।
अब इसमें भुना जीरा, ठंडा पानी, चाट मसाला, काला नमक और नींबू का रस डालकर अच्छे से मिक्स करें।
इसके बाद एक गिलास में बर्फ डालकर उसमें जलजीरा डालें और ऊपर से थोड़ा सा जीरा पाउडर छिड़ककर सर्व करें।
‘हनुमान अंश’ की कहानी सिर्फ एक फिल्म की सफलता की कहानी नहीं है। फिल्म के शुरुआती सफर में मुश्किलें आईं, लेकिन बाद में कहानी ने ऐसा मोड़ लिया कि हर कोई हैरान रह गया। इसी दौरान फिल्म की निर्माता अनुप्रिया नागर बागेश्वर धाम पहुंचीं, जहां उनकी मुलाकात धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री से हुई। अनुप्रिया के मुताबिक, उस वक्त महाराज ने उनसे कहा था- “चिंता मत करो, हनुमान जी तुम्हारे साथ हैं।”
अब फिल्म की सफलता के बाद अनुप्रिया एक बार फिर बागेश्वर धाम सरकार की शरण में पहुंचीं। मुंबई में हुई इस मुलाकात को उन्होंने फिल्म की सफलता के लिए आभार और संतों के प्रति कृतज्ञता से जोड़ा। ऐसे में सवाल उठ रहा है कि क्या ‘हनुमान अंश’ की सफलता में उस आशीर्वाद की भी कोई भूमिका रही? खुद अनुप्रिया नागर इस पूरे अनुभव को किस तरह देखती हैं? उन्होंने जो कहा, वह किसी चमत्कार से कम नहीं लगता। उन्होंने inh के इंटरव्यू में इसे मिराकल कहा है।
जब मुश्किल दौर से गुजर रही थी ‘हनुमान अंश’ ‘हनुमान अंश’ रिलीज के बाद शुरुआती दौर में उम्मीद के मुताबिक प्रदर्शन नहीं कर पाई। ओपनिंग वीक में कम कमाई के चलते फिल्म के जल्द सिनेमाघरों से उतरने की चर्चा होने लगी थी। इसी मुश्किल दौर में फिल्म की निर्माता अनुप्रिया नागर बागेश्वर धाम पहुंचीं, जहां उनकी मुलाकात धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री से हुई।
बागेश्वर धाम पहुंचीं अनुप्रिया, महाराज ने कही थी ये बात अनुप्रिया के मुताबिक, फिल्म को लेकर अपनी चिंता उन्होंने महाराज से साझा की थी। तब धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री ने उनसे कहा था- “चिंता मत करो, हनुमान जी तुम्हारे साथ हैं।” मुश्किल समय में मिले इन शब्दों ने अनुप्रिया का मनोबल बढ़ाया।
सफलता के बाद फिर बागेश्वर धाम सरकार से मिलीं अनुप्रिया ‘हनुमान अंश’ की सफलता के बाद अनुप्रिया नागर एक बार फिर बागेश्वर धाम सरकार से मिलीं। मुंबई में हुई मुलाकात के दौरान महाराज ने उन्हें और पूरी टीम को सफलता की बधाई देते हुए आशीर्वाद दिया।
‘हनुमान अंश’ की सफलता को लेकर अनुप्रिया ने क्या कहा? अनुप्रिया ने महाराज के प्रति आभार जताते हुए कहा कि संतों का आशीर्वाद उनके लिए किसी भी सफलता से बड़ा है। उनके मुताबिक, जब फिल्म मुश्किल दौर में थी, तब मिले आशीर्वाद ने उनका मनोबल बढ़ाया और सफलता के बाद धन्यवाद देने आना उनका सौभाग्य है। मुश्किल दौर में मिले इस भरोसे ने उनका मनोबल बढ़ाया। INH के इंटरव्यू में उन्होंने फिल्म के इस पूरे सफर को ‘मिरेकल’ बताया।
अनुप्रिया के लिए सिर्फ फिल्म नहीं, आस्था का संदेश अनुप्रिया के लिए ‘हनुमान अंश’ सिर्फ एक फिल्म नहीं, बल्कि आस्था, संस्कार और सनातन के संदेश को नई पीढ़ी तक पहुंचाने का प्रयास है। उनके लिए फिल्म की सफलता सिर्फ बॉक्स ऑफिस नहीं, बल्कि इस संदेश के दर्शकों तक पहुंचने की खुशी भी है।
संघर्ष से सफलता तक, बागेश्वर धाम का कनेक्शन? मुश्किल दौर में मिला भरोसा और सफलता के बाद उसी आशीर्वाद के लिए लौटना ‘हनुमान अंश’ की कहानी को खास बनाता है। क्या इसे बागेश्वर धाम के आशीर्वाद से जोड़कर देखा जाए? अनुप्रिया के लिए यह सवाल किसी दावे से ज्यादा आस्था और कृतज्ञता का विषय है।
यहां देखिए पूरा इंटरव्यू और जानिए ‘हनुमान अंश’ की सफलता और बागेश्वर धाम के कनेक्शन का सच
जहीर खान को चेन्नई सुपर किंग्स ने अपना नया हेड कोच बनाया है जो स्टीफन फ्लेमिंग की जगह लेने जा रहे हैं. जहीर की नियुक्ति में धोनी की बड़ी भूमिका रही है. हालांकि, जहीर को लंबा कार्यकाल नहीं मिला है. Mon, 21 Sep 2026 22:19:43 +0530