सेंसेक्स में CAS का असर: 2100 अंक तक गिरा इंडेक्स, F&O के पुट ऑप्शंस में मचा हड़कंप
सेंसेक्स की 3 सितंबर की F&O एक्सपायरी एक बार फिर चर्चा में आ गई। क्लोजिंग ऑक्शन सेशन यानी CAS के दौरान सेंसेक्स के इंडिकेटिव क्लोज में करीब 2100 अंकों तक की गिरावट दिखी। इसका सीधा असर पुट ऑप्शंस पर पड़ा और कुछ ऑप्शंस की कीमत कुछ ही मिनटों में कई गुना बढ़ गई। हालांकि कारोबार के अंत में सेंसेक्स करीब 400 अंक नीचे बंद हुआ, लेकिन CAS के दौरान दिखे तेज उतार-चढ़ाव ने ट्रेडर्स को चौंका दिया।
6 मिनट में Put Option 85 से 385 रुपए
सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर यूजर्स ने इस अचानक आई गिरावट के स्क्रीनशॉट शेयर किए। एक यूजर के मुताबिक सेंसेक्स 76500 PE ऑप्शन की कीमत महज 6 मिनट में 85 रुपए से बढ़कर 385 रुपए हो गई। यानी इसमें करीब 350% का उछाल आया।
एक अन्य यूजर ने बताया कि सेंसेक्स 76600 PE महज 50 रुपए से बढ़कर 500 रुपए तक पहुंच गया।
क्लोजिंग में Sensex 417 अंक टूटा
3 सितंबर को सेंसेक्स 417 अंक यानी 0.55% गिरकर 76152.86 पर बंद हुआ। वहीं, निफ्टी 41 अंक यानी 0.17% नीचे 23,873.45 पर रहा। शेयर बाजार में 2,453 शेयर बढ़त के साथ बंद हुए, जबकि 1,686 शेयरों में गिरावट रही। 178 शेयरों में कोई बदलाव नहीं हुआ।
पिछले हफ्ते भी CAS में दिखा था बड़ा उछाल
बीएसई के नए सिस्टम के तहत पिछले हफ्ते हुई पहली मंथली एक्सपायरी में भी क्लोजिंग ऑक्शन सेशन की वजह से ऑप्शंस में असाधारण उतार-चढ़ाव देखने को मिला था।
Bankex से जुड़े 64000 के पुट ऑप्शन की कीमत ऑक्शन शुरू होने पर सिर्फ 1.70 रुपए थी। कुछ ही मिनटों में यह 68.55 रुपए तक पहुंच गया। यानी करीब 4000% का उछाल। इसके बाद कीमत फिर गिरकर शून्य हो गई। पूरा घटनाक्रम करीब 15 मिनट में हुआ।
3 अगस्त से लागू हुआ CAS
क्लोजिंग ऑक्शन सेशन 3 अगस्त से लागू किया गया है। यह दिन के अंत में होने वाली छोटी अवधि की नीलामी है, जिसमें खरीद और बिक्री के ऑर्डर मैच करके शेयर या इंडेक्स की आधिकारिक क्लोजिंग कीमत तय की जाती है।
इससे पहले क्लोजिंग प्राइस लगातार कारोबार के आखिरी 30 मिनट में हुए सौदों के औसत भाव के आधार पर तय होता था। रेगुलेटर्स ने CAS को वैश्विक बाजारों की व्यवस्था के करीब लाने के लिए लागू किया है। चीन, ताइवान, हांगकांग और दक्षिण कोरिया जैसे एशियाई बाजारों में भी ऐसी व्यवस्था इस्तेमाल होती है।
कम लिक्विडिटी बन रही बड़ी वजह
CAS शुरू होने के बाद से बेंचमार्क इंडेक्स में तेज उतार-चढ़ाव और कीमतों में अंतर देखने को मिला है। करीब 20 मिनट चलने वाली इस प्रक्रिया में लिक्विडिटी कम रहती है और संस्थागत निवेशकों की हिस्सेदारी ज्यादा रहती है।
एक्सचेंज के आंकड़ों के मुताबिक क्लोजिंग ऑक्शन सेशन में होने वाला कारोबार पूरे कैश मार्केट टर्नओवर के 1% से भी कम है। वहीं, पिछले सिस्टम की तुलना में इसका वॉल्यूम एक-तिहाई से भी कम रहा है।
कम भागीदारी का मतलब है कि इस दौरान अपेक्षाकृत छोटा खरीद या बिक्री ऑर्डर भी सेंसेक्स जैसे प्रमुख इंडेक्स पर बड़ा असर डाल सकता। यही वजह है कि CAS के दौरान दिखे तेज उतार-चढ़ाव ने पुट ऑप्शन ट्रेडर्स का ध्यान खींचा है।
NEET PG 2026 re-exam: जयपुर के परीक्षा केंद्र पर तकनीकी खराबी के बाद हंगामा, अब दोबारा होगा एग्जाम
NEET PG 2026 re-exam: नीट पीजी-2026 (NEET PG-2026) की परीक्षा के दौरान जयपुर के एक परीक्षा केंद्र पर उस समय भारी अफरा-तफरी मच गई जब परीक्षार्थियों ने बार-बार कंप्यूटर बंद होने (शटडाउन) का गंभीर आरोप लगाया। अभ्यार्थियों के अनुसार, तकनीकी बाधाओं ने उनकी परीक्षा प्रक्रिया को बुरी तरह प्रभावित किया।
इस स्थिति पर संज्ञान लेते हुए नेशनल बोर्ड ऑफ एग्जामिनेशन इन मेडिकल साइंसेज (NBEMS) ने विद्यार्थियों को हुई असुविधा पर खेद प्रकट किया है और प्रभावित परीक्षार्थियों के लिए आगामी 5 सितंबर को दोबारा परीक्षा आयोजित करने का आधिकारिक ऐलान किया है।
दो घंटे में 10 बार बंद हुए सिस्टम, छात्रों का प्रदर्शन
यह तकनीकी व्यवधान जयपुर के सीतापुरा स्थित आयन डिजिटल जोन (ION Digital Zone) केंद्र पर सामने आया। परीक्षार्थियों की शिकायत थी कि परीक्षा के दौरान उनके कंप्यूटर सिस्टम बार-0बार (दो घंटे के भीतर लगभग 10 बार) बंद हो रहे थे। निर्धारित समयानुसार परीक्षा सुबह 9 बजे शुरू होनी थी, लेकिन तकनीकी समस्याओं के कारण यह करीब 10 बजे शुरू हो पाई।
#WATCH | Jaipur, Rajasthan: NEET-PG 2026 candidates protest at an examination centre in Sitapura, alleging disruptions during the exam due to technical issues.
— ANI (@ANI) August 30, 2026
A candidate, Vishnu Sharma, said, “I have come here to take the exam. Right from the start, even before the exam could… pic.twitter.com/AZEz01eDqj
छात्रों का यह भी आरोप था कि सिस्टम दोबारा चालू होने के बाद भी स्क्रीन पर सवाल ठीक से लोड नहीं हो रहे थे और केंद्र का स्टाफ इन तकनीकी गड़बड़ियों का कोई संतोषजनक जवाब नहीं दे पाया। परीक्षा समाप्त होने के बाद गुस्साए छात्रों ने सेंटर के बाहर जमकर विरोध प्रदर्शन किया और आरोप लगाया कि प्रदर्शन जारी रखने पर उन्हें कार्रवाई की धमकी दी गई। बार-बार सिस्टम फेल होने से परीक्षा की गोपनीयता पर संदेह जताते हुए छात्रों ने इस पूरे मामले की उच्च स्तरीय जांच की मांग की है।
5 सितंबर को होगा री-एग्जाम, बोर्ड ने जारी की आधिकारिक सूचना
छात्रों की शिकायतों और हंगामे को देखते हुए, नेशनल बोर्ड ऑफ एग्जामिनेशन इन मेडिकल साइंसेज (NBEMS) ने नीट-पीजी 2026 परीक्षा के दौरान जयपुर के सीतापुरा स्थित आयन डिजिटल जोन आईडीजी (ION Digital Zone IDG) के दो परीक्षा केंद्रों के प्रभावित उम्मीदवारों के लिए री-एग्जाम कराने का बड़ा निर्णय लिया है।
राज्य सरकार द्वारा जारी एक विज्ञप्ति के अनुसार, एनबीईएमएस (NBEMS) ने स्वीकार किया कि आंतरिक बिजली आपूर्ति की समस्याओं के चलते केंद्र संख्या 41682 और 41683 पर परीक्षा सफलतापर्वक संपन्न नहीं हो सकी थी। बोर्ड ने इस असुविधा के लिए प्रभावित अभ्यर्थियों से माफी मांगी है।
तय कार्यक्रम के अनुसार, यह पुनर्परीक्षा 5 सितंबर 2026 (शनिवार) को दोपहर 3 बजे जयपुर में आयोजित की जाएगी। परीक्षा केंद्र की विस्तृत जानकारी और संशोधित एडमिट कार्ड (Revised Admit Cards) जल्द ही अलग से जारी किए जाएंगे।
देश भर में क्या रहे नीट-पीजी 2026 के आंकड़े?
एनबीईएमएस के आंकड़ों के मुताबिक, इस वर्ष देश भर के 1,111 केंद्रों पर नीट-पीजी 2026 की मुख्य परीक्षा 30 अगस्त को आयोजित की गई थी। इस परीक्षा के लिए कुल 273,096 उम्मीदवारों ने पंजीकरण कराया था। इनमें से 265,980 परीक्षार्थी परीक्षा में शामिल हुए, जबकि लगभग 263,535 उम्मीदवारों ने अपनी परीक्षा सफलतापूर्वक पूरी की। जयपुर के सीतापुरा केंद्र के प्रभावित छात्रों के लिए अब बोर्ड ने री-एग्जाम का रास्ता साफ कर दिया है ताकि किसी भी योग्य छात्र का भविष्य संकट में न पड़े।
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