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BRICS Summit 2026: 'ब्रिक्स में आए नेताओं की तबीयत बिगड़ने की बात झूठी', MEA ने सोशल मीडिया के दावों को किया खारिज

नई दिल्ली में आयोजित BRICS Summit 2026 के बाद सोशल मीडिया पर कई विश्व नेताओं के बीमार पड़ने से जुड़ी पोस्ट वायरल हो रही हैं। इन पोस्ट में दावा किया जा रहा था कि भारत में BRICS सम्मेलन में शामिल होने के बाद कई नेताओं की तबीयत खराब हो गई। अब इन दावों पर विदेश मंत्रालय (MEA) ने प्रतिक्रिया दी है।

MEA की फैक्ट-चेक यूनिट ने गुरुवार को सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर पोस्ट करते हुए इन दावों को 'फेक' और 'मिसलीडिंग' बताया। मंत्रालय की ओर से लोगों को ऐसे पोस्ट से सावधान रहने की अपील की गई।

MEA Fact Check ने लिखा, “Fake Alert!!! We caution against such malicious posts on social media platforms!” मंत्रालय की यह चेतावनी ऐसे समय आई है, जब BRICS Summit में शामिल नेताओं की सेहत को लेकर सोशल मीडिया पर कई तरह के दावे किए जा रहे थे।

किन नेताओं को लेकर वायरल हुए दावे?
सोशल मीडिया पर वायरल दावों में BRICS Summit में शामिल हुए कुछ प्रमुख नेताओं के नाम भी लिए गए। इनमें चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग और दक्षिण अफ्रीका के राष्ट्रपति सिरिल रामाफोसा का नाम शामिल था।

हालांकि, MEA ने कई नेताओं के BRICS Summit के बाद बीमार पड़ने से जुड़े व्यापक दावे को खारिज किया है। ऐसे में सोशल मीडिया पोस्ट में किए गए दावों को आधिकारिक पुष्टि के बिना तथ्य के तौर पर पेश नहीं किया जा सकता।

रामाफोसा की तबीयत को लेकर क्या जानकारी सामने आई?
वायरल दावों के बीच दक्षिण अफ्रीका के राष्ट्रपति सिरिल रामाफोसा की तबीयत को लेकर उनके कार्यालय की ओर से अलग जानकारी सामने आई थी। रिपोर्टों के मुताबिक, BRICS Summit से लौटने के बाद उन्हें डॉक्टरों ने आराम करने की सलाह दी थी और उन्होंने कुछ सार्वजनिक कार्यक्रमों से दूरी बनाई। हालांकि, इससे यह निष्कर्ष नहीं निकलता कि BRICS Summit में शामिल कई नेताओं के बीमार पड़ने का वायरल दावा सही है।

12-13 सितंबर को हुआ था BRICS Summit
भारत की मेजबानी में 18वां BRICS Summit 12 और 13 सितंबर 2026 को नई दिल्ली में आयोजित हुआ था। सम्मेलन के दौरान BRICS देशों ने कई वैश्विक मुद्दों पर चर्चा की और New Delhi Declaration 2026 को अपनाया गया।

घोषणापत्र में वैश्विक स्वास्थ्य, सार्वभौमिक स्वास्थ्य कवरेज, व्यापार, अंतरराष्ट्रीय कानून, संघर्षों की रोकथाम और बहुपक्षीय सहयोग समेत कई मुद्दों पर सदस्य देशों की प्रतिबद्धता दोहराई गई।

New Delhi Declaration में क्या कहा गया?
BRICS देशों ने घोषणापत्र में एकतरफा टैरिफ और गैर-टैरिफ उपायों को लेकर चिंता जताई। घोषणा में कहा गया कि ऐसे कदम व्यापार को प्रभावित कर सकते हैं और विश्व व्यापार संगठन (WTO) के नियमों के अनुरूप नहीं हैं। इसके अलावा, सदस्य देशों ने अंतरराष्ट्रीय विवादों को बातचीत, परामर्श और कूटनीति के जरिए शांतिपूर्ण तरीके से सुलझाने की प्रतिबद्धता दोहराई।

घोषणापत्र में संघर्षों की रोकथाम के लिए अधिक सहयोग और संघर्षों के मूल कारणों से निपटने की जरूरत पर भी जोर दिया गया। BRICS देशों ने वैश्विक मुद्दों पर अलग-अलग राष्ट्रीय दृष्टिकोणों को ध्यान में रखते हुए बहुपक्षीय सहयोग और संवाद को आगे बढ़ाने की बात कही।

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SEMICON India 2026: BRICS डिक्लेरेशन का सर्वसम्मति से पारित होना वैश्विक विश्वास का प्रतीक - पीएम मोदी

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने गुरुवार को नई दिल्ली के यशोभूमि कन्वेन्शन सेंटर में आयोजित तीन दिवसीय राष्ट्रीय सम्मेलन 'सेमीकॉन इंडिया 2026' का फीता काटकर भव्य शुभारंभ किया। 'सिलिकॉन टू सिस्टम्स: बिल्डिंग द इकोसिस्टम' विषय पर आधारित इस वैश्विक सम्मेलन के मंच से प्रधानमंत्री ने देश की आर्थिक उपलब्धियों, सेमीकंडक्टर क्षेत्र की प्रगति और हालिया कूटनीतिक सफलताओं पर विस्तार से अपनी बात रखी।

BRICS न्यू दिल्ली डिक्लेरेशन पर सर्वसम्मति वैश्विक विश्वास का प्रमाण
सेमीकॉन इंडिया के उद्घाटन भाषण में प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि हाल ही में संपन्न हुए 2026 के BRICS शिखर सम्मेलन में 'नई दिल्ली घोषणापत्र' को सभी सदस्य देशों द्वारा सर्वसम्मति से स्वीकार किया गया है। ईरान और संयुक्त अरब अमीरात के बीच जारी भू-राजनीतिक गतिरोध के बावजूद पूरी रात चली वार्ता के बाद भारत ने इस ऐतिहासिक घोषणापत्र पर आम सहमति बनाने में सफलता पाई, जो वैश्विक मंच पर भारत की मध्यस्थता और नेतृत्व क्षमता पर दुनिया के अटूट विश्वास का प्रत्यक्ष प्रमाण है।

चुनौतियों के दौर में भी भारत ने हासिल की 7.8% की GDP ग्रोथ
देश के आर्थिक प्रदर्शन का उल्लेख करते हुए प्रधानमंत्री मोदी ने बताया कि सितंबर माह में जारी तिमाही जीडीपी रिपोर्ट में भारत ने कठिन वैश्विक परिस्थितियों और वैश्विक चुनौतियों के बावजूद 7.8 प्रतिशत की मजबूत विकास दर दर्ज की है। इसके अलावा, इसी समयावधि में जापान की प्रमुख क्रेडिट रेटिंग एजेंसी द्वारा भारत की sovereign रेटिंग को अपग्रेड किया गया है, जो देश के मजबूत आर्थिक आधार और निवेशकों के भरोसे को दर्शाता है।
ग्लोबल फिनटेक फेस्ट और भविष्य की तकनीकों पर जोर
सितंबर महीने की अन्य प्रमुख तकनीकी और आर्थिक गतिविधियों का जिक्र करते हुए पीएम मोदी ने कहा कि मुंबई में आयोजित 'ग्लोबल फिनटेक फेस्ट' में एजेंटिक AI, टोकेनाइजेशन और क्वांटम टेक्नोलॉजी जैसी अत्याधुनिक तकनीकों के जरिए समावेशी वित्त पोषण पर गहन विचार-विमर्श हुआ। भारत आज नई पीढ़ी की तकनीकों को अपनाकर वित्तीय सशक्तिकरण को नई दिशा दे रहा है।

विश्वकर्मा जयंती और PM विश्वकर्मा योजना का अद्वितीय संगम
संबोधन के अंत में प्रधानमंत्री ने सभी देशवासियों को विश्वकर्मा जयंती की शुभकामनाएं दीं। उन्होंने कहा कि विश्वकर्मा जयंती के साथ 'पीएम विश्वकर्मा योजना' का यह संयोग भारत की सदियों पुरानी निर्माण व सृजन की परंपरा को 21वीं सदी की आधुनिक तकनीक और दूरदर्शी दृष्टि के साथ जोड़ने का कार्य कर रहा है। सेमीकंडक्टर और इलेक्ट्रॉनिक्स इकोसिस्टम का यह विस्तार भारत को एक नई औद्योगिक क्रांति की ओर ले जा रहा है।

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  Sports

अजीत अगरकर के भविष्य से लेकर रांची टेस्ट तक, जानें बीसीसीआई एजीएम की 5 बड़ी बातें

BCCI AGM 5 Big Points: बीसीसीआई की सालाना आम बैठक के बाद सचिव देवजीत सैकिया ने कई बड़े मुद्दो पर स्थिति स्पष्ट की. मुख्य चयनकर्ता अजीत अगरकर का कार्यकाल 4 अक्टूबर को समाप्त हो रहा है, लेकिन उनके भविष्य को लेकर फिलहाल सस्पेंस बरकरार है. सैकिया ने कहा कि अगले 15 दिनों में इस पर उचित फैसला लिया जाएगा. इसके अलावा, उन्होंने रांची में होने वाले बॉर्डर-गावस्कर ट्रॉफी टेस्ट का वेन्यू बदलने की खबरों को खारिज किया और सुब्हदीप घोष को अस्थायी फील्डिं कोच नियुक्त करने की जानकारी दी. Fri, 18 Sep 2026 23:05:34 +0530

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