बतौर कप्तान Harmanpreet Kaur का रिकॉर्ड तोड़ना मुश्किल, चार पांच साल और खेल सकती है : Jhulan Goswami
भारत की महान तेज गेंदबाज झूलन गोस्वामी का मानना है कि महिला वनडे विश्व कप और दो डब्ल्यूपीएल ट्रॉफी जीतने वाली हरमनप्रीत कौर की कप्तानी का रिकॉर्ड टूटना मुश्किल है और वह अगले चार पांच साल और खेल सकती है। हरमनप्रीत की कप्तानी में भारत ने वनडे विश्व कप जीता लेकिन इससे पहले वह अपनी कप्तानी में मुंबई इंडियंस को डब्ल्यूपीएल खिताब दिला चुकी हैं।
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मुंबई की गेंदबाजी कोच और मेंटोर झूलन ने पीटीआई से कहा ,‘‘ उसने भारतीय क्रिकेट और मुंबई इंडियंस के लिये जो किया है , वह अद्भुत है। मुझे नहीं लगता कि निकट भविष्य में कोई उसका रिकॉर्ड तोड़ सकता है। वह विश्व कप विजेता पहली भारतीय महिला कप्तान है और दो डब्ल्यूपीएल ट्रॉफी भी जीत चुकी है। उम्मीद है कि आने वाले समय में और भी जीतेगी।’’ झूलन ने यह भी कहा कि विश्व कप जीतने के बाद उनके , मिताली राज, अंजुम चोपड़ा और रीमा मल्होत्रा जैसे पूर्व क्रिकेटरों के साथ जश्न मनाना पहले से सोचा हुआ नहीं था।
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उन्होंने कहा ,‘‘ मुझे नहीं लगता कि उस समय हमने कुछ बात की। बस जज्बात उमड़ रहे थे। मैं हरमन, स्मृति (मंधाना) और पूरी टीम को इसके लिये धन्यवाद देती हूं। यह पहले से तय नहीं था। हम प्रसारण से जुड़े थे और प्रोड्यूसर ने कहा कि जब टीम दर्शकों को धन्यवाद दे रही है तो हम एक या दो सवाल पूछ सकते हैं। लेकिन ये लड़कियां जिस तरह से हमारे पास आई और जश्न मनाया, मुझे नहीं लगता कि भारतीय क्रिकेट या किसी अन्य खेल ने इस तरह का कुछ कभी देखा है।
Australia v England 2025-26 | ऑस्ट्रेलिया ने पांचवां टेस्ट पांच विकेट से जीत कर एशेज 4-1 से अपने नाम की
ऑस्ट्रेलिया ने कुछ विषम पलों से गुजरने के बाद इंग्लैंड के खिलाफ गुरुवार को यहां पांचवें और अंतिम टेस्ट क्रिकेट मैच में पांच विकेट से जीत हासिल करके एशेज श्रृंखला 4-1 से अपने नाम की। पहली पारी में 384 रन बनाने वाली इंग्लैंड की टीम जैकब बेथेल के 154 रन के बावजूद खेल के पांचवें और अंतिम दिन अपनी दूसरी पारी में 342 रन पर आउट हो गई।
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इस तरह से पहली पारी में 567 रन बनाकर 183 रन की बढ़त हासिल करने वाली ऑस्ट्रेलिया की टीम को जीत के लिए 160 रन का लक्ष्य मिला। लगातार विकेट गिरने और एक विवादास्पद डीआरएस समीक्षा के बाद तनाव बढ़ता गया, लेकिन एलेक्स कैरी ने विजयी रन बनाकर ऑस्ट्रेलिया को 31.2 ओवर में पांच विकेट पर 161 रन तक पहुंचा दिया। कैरी 16 रन और कैमरन ग्रीन 22 रन बनाकर नाबाद रहे।
यह 39 वर्षीय उस्मान ख्वाजा का आखिरी टेस्ट मैच था और इस तरह से उन्होंने जीत के साथ संन्यास लिया। ऑस्ट्रेलिया ने पहले तीन टेस्ट जीतकर एशेज पहले ही अपने नाम सुरक्षित कर ली थी। इंग्लैंड ने मेलबर्न में खेले गए चौथे टेस्ट में जीत हासिल की थी। ऑस्ट्रेलिया ने इस श्रृंखला में प्रत्येक विभाग में अच्छा प्रदर्शन किया। उसकी तरफ से मिचेल स्टार्क ने 31 विकेट लिए। ट्रैविस हेड ने तीन शतक लगाए और कुल 629 रन बनाए जबकि विकेटकीपर एलेक्स कैरी ने 28 शिकार (कैच और स्टंप) किए।
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चोटिल पैट कमिंस की अनुपस्थिति में पांच में से चार टेस्ट मैचों में ऑस्ट्रेलिया के कप्तान रहे स्टीव स्मिथ ने व्यक्तिगत योगदान के बारे में कहा, ‘‘यह शानदार रहा है। मुझे लगता है कि हर किसी ने महत्वपूर्ण योगदान दिया। निश्चित तौर पर स्टार्क, हेड और कैरी ने बेहद प्रभावशाली प्रदर्शन किया लेकिन अन्य खिलाड़ियों ने भी श्रृंखला के दौरान अलग-अलग समय पर अच्छा प्रदर्शन किया और यही एक अच्छी टीम की पहचान है।’’
स्टीव स्मिथ (12) के विल जैक्स की गेंद पर आउट होने के बाद ख्वाजा क्रीज पर आए। उस समय ऑस्ट्रेलिया का स्कोर तीन विकेट पर 92 रन था। पिच की ओर जाते समय इंग्लैंड के खिलाड़ियों ने उन्हें गार्ड ऑफ ऑनर दिया। उन्होंने इंग्लैंड के कप्तान बेन स्टोक्स से हाथ मिलाया और फिर अपने साथी खिलाड़ी मार्नस लाबुशेन को गले लगाया। उन्होंने रिवर्स स्वीप से चौका लगाकर अपना खाता खोला और फिर दो रन लिए। लाबुशेन को 20 रन के निजी योग पर जीवनदान मिला जब बेथेल ने उनका आसान कैच छोड़ दिया।
लाबुशेन ने इसका फायदा उठाकर जैक्स के अगले ओवर में 16 रन बनाए। लेकिन तभी ख्वाजा ने जोश टोंग की गेंद अपने विकटों पर खेल दी। इस तरह से उनकी आखिरी पारी सात गेंदों तक चली और उन्होंने सिर्फ छह रन बनाए। उन्होंने मैदान पर बने ‘थैंक यू उज़ी’ के साइन के सामने घुटने टेककर जमीन को चूमा और 88 टेस्ट मैचों के बाद आखिरी बार पवेलियन लौट गए। इसके बाद लाबुशेन 40 गेंदों पर 37 रन बनाकर रन आउट हो गए। उन्होंने मिड-ऑफ की तरफ ड्राइव किया और एक रन लेने के लिए दौड़े, लेकिन कैरी ने उन्हें वापस भेज दिया।
उस समय ऑस्ट्रेलिया का स्कोर पांच विकेट पर 121 रन था। इसके बाद कैरी और ग्रीन ने ऑस्ट्रेलिया को लक्ष्य तक पहुंचाया। स्मिथ ने कहा, ‘‘विश्व टेस्ट चैंपियनशिप को देखते हुए हम हर टेस्ट मैच के महत्व को जानते हैं, इसलिए यहां जीत हासिल करना और श्रृंखला का शानदार अंत करना बेहद खुशी की बात है।’’ इंग्लैंड के कप्तान बेन स्टोक्स ने कहा, ‘‘‘यह हार पचा पाना मुश्किल है। हम इससे बेहतर प्रदर्शन कर सकते थे। ऑस्ट्रेलिया की टीम ने प्रत्येक मैच में अच्छा प्रदर्शन किया। लेकिन ईमानदारी से कहूं तो अपनी हार के लिए कुछ हद तक हम भी जिम्मेदार हैं।’’
इससे पहले इंग्लैंड में पांचवें दिन सुबह अपनी दूसरी पारी आठ विकेट पर 302 रन से आगे बढ़ाई और 40 रन जोड़कर अपने बाकी बचे दोनों विकेट गंवाए। स्टार्क ने बेथेल और टोंग (06) को आउट करके इंग्लैंड की पारी समाप्त की। स्टार्क को प्लेयर ऑफ द सीरीज चुना गया। ऑस्ट्रेलियाई टीम ने अपनी दूसरी पारी की शुरुआत तेज गति से की और पहले ओवर में ही 10 रन बना लिए, जिसमें हेड के दो चौके भी शामिल थे। हेड 29 रन बनाकर सीमा रेखा के पास कैच आउट हो गए।
पहली पारी में 163 रन बनाने वाले हेड को मैच का सर्वश्रेष्ठ खिलाड़ी चुना गया। उनके साथी सलामी बल्लेबाज जेक वेदरल्ड को 16 रन के निजी योग पर विवादास्पद डीआरएस निर्णय से जीवनदान मिला। उन्होंने टोंग की गेंद पर आउट होने से पहले 34 रन बनाए। निर्णय समीक्षा प्रणाली (डीआरएस) ने श्रृंखला के आखिरी दिन भी इंग्लैंड का साथ नहीं दिया। जब ऑस्ट्रेलिया का स्कोर बिना किसी नुकसान के 33 रन था तब वेदरल्ड ने ब्रायडन कार्स की गेंद पर शॉट खेलने के प्रयास में विकेटकीपर को कैच दे दिया, लेकिन अंपायर अहसान रजा ने अपील ठुकरा दी।
इसके बाद इंग्लैंड ने डीआरएस लिया। डीआरएस तकनीक से ऐसा प्रतीत हुआ कि जब गेंद वेदरल्ड के बल्ले के निचले हिस्से से गुजरी और विकेटकीपर तक पहुंची, तब हल्की सी सरसराहट हुई। लेकिन टीवी अंपायर कुमार धर्मसेना ने माना कि इस बात का कोई पुख्ता सबूत नहीं है कि गेंद बल्ले को स्पर्श करके गई थी। स्टेडियम की स्क्रीन पर डीआरएस रिप्ले देखने के बाद इंग्लैंड के खिलाड़ी स्तब्ध रह गए। कार्स अंपायर रजा से बहस करने लगे जिसके बाद स्टोक्स को हस्तक्षेप करके उन्हें दूर हटाना पड़ा।
स्टोक्स ने शांत भाव से अंपायर के पास जाकर निर्णय प्रक्रिया पर चर्चा की और खेल जारी रखा। पांचवें टेस्ट मैच के पांच दिनों में कुल दर्शकों की संख्या 211,032 रही, जो सिडनी क्रिकेट ग्राउंड के लिए एक रिकॉर्ड है।
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