महंगाई का बढ़ता खतरा! RBI अक्टूबर और दिसंबर में बढ़ा सकता है रेपो रेट: SBI रिसर्च
भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) को अक्टूबर में 25 आधार अंक और फिर दिसंबर में एक अतिरिक्त 25 आधार अंक की बढ़ोतरी रेपो रेट में करनी चाहिए. इसकी वजह वैश्विक स्तर पर कच्चे तेल और कमोडिटी की कीमतों में बढ़ोतरी से महंगाई में इजाफा होने की उम्मीद है. यह जानकारी एसबीआई रिसर्च की रिपोर्ट में दी गई. रिपोर्ट में बताया गया कि अगस्त में महंगाई दर करीब 4.8-4.9 प्रतिशत के बीच रहने की उम्मीद है. अगर कच्चा तेल उच्च स्तर पर बना रहता है तो अक्टूबर और नवंबर में महंगाई दर 6.5 प्रतिशत और उससे उच्च स्तर पर बनी रह सकती है.
एसबीआई रिसर्च की रिपोर्ट में कहा गया कि भू-राजनीतिक अस्थिरता के चलते कच्चे तेल का बेंचमार्क 100 डॉलर प्रति बैरल के आंकड़े को पार कर गया है और अगले 15 दिनों में इसके 123 डॉलर प्रति बैरल तक पहुंचने की उम्मीद है. खुदरा महंगाई बढ़ने के शुरुआती संकेत साफ पेट्रोलियम, प्राकृतिक गैस, बेवरेज, फार्मा और इलेक्ट्रॉनिक्स पर दिख रहे हैं और लागत का बढ़ता बोझ अब ग्राहकों पर डाला जा रहा है. ये सभी कारक मिलकर ब्याज दरों को 50 आधार अंक तक बढ़ाने के लिए अनुकूल माहौल तैयार कर रहे हैं. लिक्विडिटी के बारे में रिपोर्ट में कहा गया है कि हाल ही में जुटाए गए फंड काफी हद तक बैंकिंग सिस्टम की फंडिंग की कमी को पूरा करते हैं.
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रिपोर्ट में कहा गया, "इसका मतलब है कि क्रेडिट की मजबूत मांग और उसके साथ ही वित्त वर्ष 27 की पहली तिमाही में जीडीपी ग्रोथ के मजबूत आंकड़ों को देखते हुए, अभी जो तेजी आई है, उसमें स्वाभाविक रूप से कमी आएगी." इसमें आगे कहा गया कि अगर क्रेडिट की उम्मीद के मुताबिक मांग पूरी हो जाती है, तो वित्त वर्ष 27 के आखिर तक सिस्टम में लिक्विडिटी का स्तर सामान्य हो जाएगा. रिपोर्ट में अनुमान लगाया गया है कि कई संकेतों को देखते हुए, 10-साल के बेंचमार्क भारतीय यील्ड 7.15 प्रतिशत या उससे भी ऊपर जा सकते हैं. रिपोर्ट में कहा गया, "हमारा अनुमान है कि वित्त वर्ष 27 के बाकी समय में लिक्विडिटी धीरे-धीरे कम होगी और मार्च 2027 तक यह आदर्श रूप से 6 लाख करोड़ रुपये के स्तर पर होनी चाहिए." इसके अलावा, वैश्विक स्तर पर यील्ड पिछले दस सालों के उच्चतम स्तर से ऊपर जा रहे हैं. इसका एक खास असर यूएस यील्ड में तेजी के रूप में दिख रहा है और 10-साल का यील्ड अब 5 प्रतिशत के करीब पहुंच गया है, जबकि 30-साल का यील्ड घटकर 5.40 प्रतिशत के स्तर पर आ गया है.
INPUT: IANS
EXPLAINER: एशिया कप जीत भी गई टीम इंडिया, फिर भी न मिलेगी ट्रॉफी न प्राइज मनी? जानिए क्या है इसके पीछे असली वजह
INDW VS SLW: दुबई में खेला जा रहा महिला एशिया कप 2026 रोमांचक अंदाज में आगे बढ़ते हुए फाइनल तक आ पहुंचा है. पहले सेमीफाइनल को जीतकर टीम इंडिया ने फाइनल में जगह बनाई, तो वहीं अब दूसरे फाइनल मैच में पाकिस्तान को धूल चटाकर श्रीलंका की टीम फाइनल में पहुंच गई है. अब 13 सितंबर को भारत-श्रीलंका के बीच फाइनल मैच खेला जाएगा. इस मैच में यकीनन एक बार फिर टीम इंडिया को जीत का फेवरेट माना जा रहा है. मगर, क्या आपको मालूम है कि इस टूर्नामेंट को अगर भारतीय टीम जीत भी लेती है, तो प्राइज मनी लेकर टीम घर नहीं लौटेगी और तो और ट्रॉफी भी मिलना मुश्किल ही है. अब आप सोच रहे होंगे कि चैंपियन बनने के बाद आखिर ऐसा क्यों होगा... तो आइए इस आर्टिकल में आपको इस बारे में बताते हैं...
महिला एशिया कप की प्राइज मनी कितनी है?
महिला एशिया कप 2026 को जीतने वाली टीम को प्राइज मनी के रूप में 16 लाख रुपये मिलने वाले हैं. जबकि रनरअप टीम को 10 लाख रुपये के करीब प्राइज मनी दी जाएगी. हालांकि, इस रकम की आधिकारिक घोषणा नहीं हुई है, लेकिन रिपोर्ट्स की मानें, तो टीमों को इतनी रकम मिलने वाली है.
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— BCCI Women (@BCCIWomen) September 11, 2026
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प्राइज मनी का क्या करती है BCCI?
अब आप सोच रहे होंगे कि जब एसीसी ने प्राइज मनी निर्धारित की है, तो फिर टीम इंडिया के जीतने पर उसे प्राइज मनी क्यों नहीं मिलेगी? दरअसल, अगर टीम इंडिया महिला एशिया कप जीत गई तो उसके हाथ ना जीत की रकम आएगी. बात ऐसी है कि, बीसीसीआई एशिया कप की जीती हुई रकम नहीं लेती है. उसका पैसा वो एशिया के अन्य विकासशील क्रिकेट बोर्ड्स की बेहतरी के लिए दे देता है.
खबरों की मानें, तो एशिया कप के इतिहास में शुरुआत से ही बीसीसीआई ने कभी भी इस टूर्नामेंट से मिलने वाले अपने वित्तीय हिस्से पर अधिकार नहीं जताया है और न ही उस पैसे को अपने उपयोग में लिया है. दुनिया के सबसे अमीर क्रिकेट बोर्ड होने के नाते बीसीसीआई इस प्राइज मनी को एशिया के अन्य विकासशील क्रिकेट बोर्ड्स की बेहतरी के लिए दे देता है, ताकि उनके लिए चीजें सुचारू रूप से चलती रहें.
ट्रॉफी भी भारत नहीं लाएगा भारत?
बात प्राइज मनी की तो हो गई, अब सवाल उठता है कि आखिर टीम इंडिया अगर जीतेगी, तो ट्रॉफी लेकर घर क्यों नहीं लौटेगी? दरअसल, रिपोर्ट्स के हवाले से खबर सामने आ रही है कि पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड के चीफ मोहसिन नकवी इस ट्रॉफी को देने के लिए दुबई पहुंचने वाले हैं. मोहसिन नकवी के हाथों से पुरुष एशिया कप में भी टीम इंडिया ने ट्रॉफी नहीं ली थी. ऐसे में संभव है कि महिला टीम भी ऐसा कर सकती है. मोहसिन नकवी ने भारत को ट्रॉफी ही नहीं दी थी और महिला टीम के साथ भी ऐसा हो सकता है. हालांकि, इस बात की कोई आधिकारिक जानकारी उपलब्ध नहीं है.
Marching into the Final! ????????
— BCCI Women (@BCCIWomen) September 10, 2026
A dominant display by #TeamIndia as they win by 4️⃣0️⃣ runs to seal their spot in the Final of the #WomensAsiaCup ????
Scorecard ▶️ https://t.co/6OyMx9q1ih#INDvBAN pic.twitter.com/MtVYlVDv8n
भारतीय महिला टीम ने कितनी बार फाइनल खेला?
महिला एशिया कप में भारतीय महिला क्रिकेट टीम का दबदबा रहा है. 2026 संस्करण के फाइनल में पहुंचने के साथ भारत अब तक 10 बार फाइनल में पहुंच चुका है. जी हां, भारत सबसे अधिक बार फाइनल में पहुंचने वाली टीम है. ऐसे में अब श्रीलंका के खिलाफ महिला एशिया कप 2026 में टीम इंडिया महिला एशिया कप के इतिहास का 11वां फाइनल खेलने मैदान पर उतरेगी.
भारतीय महिला टीम ने कितनी ट्रॉफी उठाई?
भारतीय क्रिकेट टीम ने अब तक महिला एशिया कप के इतिहास में 10 बार फाइनल में जगह बनाई है, तो वहीं 9 बार खिताब अपने नाम किया है. भारत ने 2004, 2005-06, 2006, 2008, 2012, 2016, 2018, 2022, 2024 और 2026 में फाइनल खेला. इनमें भारत को सिर्फ 2018 के फाइनल में बांग्लादेश के खिलाफ हार मिली थी, जबकि बाकी 9 फाइनल जीतकर टीम ने खिताब अपने नाम किया. 2026 में भारत के पास 10वीं बार एशिया कप ट्रॉफी जीतने का मौका है.
The support that kept us going ????
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Time to paint the stadium blue one more time ????????????#TeamIndia | #WomensAsiaCup pic.twitter.com/wwgKZdA1qZ
महिला एशिया कप का इतिहास
महिला एशिया कप की शुरुआत 2004 में श्रीलंका में हुई थी. इस टूर्नामेंट का आयोजन एशियन क्रिकेट काउंसिल (ACC) की ओर से किया जाता है. पहला सीजन वनडे फॉर्मेट में खेला गया था और इसमें सिर्फ भारत और श्रीलंका ने हिस्सा लिया था. दोनों टीमों के बीच पांच मैचों की सीरीज हुई, जिसमें भारत ने सभी पांच मुकाबले जीतकर पहली बार महिला एशिया कप का खिताब अपने नाम किया.
इसके बाद 2005-06 में पाकिस्तान पहली बार टूर्नामेंट का हिस्सा बना. शुरुआती चार संस्करण वनडे फॉर्मेट में खेले गए, जबकि 2012 में महिला एशिया कप पहली बार टी20 फॉर्मेट में आयोजित हुआ. भारत ने 2012 और 2016 में भी खिताब जीता. 2018 में बांग्लादेश ने भारत को हराकर पहली बार ट्रॉफी जीती. 2022 में भारत ने फिर खिताब अपने नाम किया, जबकि 2024 में श्रीलंका ने भारत को हराकर अपना पहला महिला एशिया कप जीता.
रविवार को होगा महिला एशिया कप 2026 का फाइनल
महिला एशिया कप 2026 का फाइनल मैच भारत और श्रीलंका के बीच खेला जाएगा. ये मुकाबला 13 सितंबर को दुबई इंटरनेशनल स्टेडियम में खेला जाएगा, जिसे जीतने वाली टीम ट्रॉफी उठाएगी, तो वहीं हारने वाली टीम रनरअप बनकर टूर्नामेंट खत्म करेगी. ये मैच रात 8 बजे शुरू होगा और इसके टॉस के लिए दोनों कप्तान 7.30 बजे मैदान पर आएंगे.
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