Gemstone: पार्टनर संग रोज हो रहे हैं कलेश? सफेद पुखराज पहनने ही मिलेंगे 4 फायदे
अगर आपको ऐसा लग रहा है कि रिश्ते में स्पार्क खत्म हो गया है। रोज लड़ाई हो रही है तो आपको सफेद पुखराज जरूर पहनना चाहिए। जानें इसके फायदे।
Retail Sugar Rates Relief: मिलों में ₹5,000 क्विंटल से नीचे पहुंचे दाम; अब खुदरा बाजार में ₹5 से ₹8 तक राहत की उम्मीद
हाल के हफ्तों में राखी और आगामी गणेशोत्सव व दीपावली जैसे त्योहारों की मांग को देखते हुए खुदरा बाजार में चीनी के दाम ₹60 से ₹65 प्रति किलो के स्तर तक पहुंच गए थे। बढ़ती कीमतों और सट्टेबाजी पर नकेल कसने के लिए खाद्य एवं सार्वजनिक वितरण मंत्रालय ने सख्त कदम उठाए। सरकार की इन कोशिशों के बाद एक्स-मिल रेट जो पहले रिकॉर्ड स्तर तक पहुंच गए थे, वे गिरकर ₹50 से ₹55 प्रति किलो पर आ गए हैं।
जमाखोरी और 'कृत्रिम कमी' पर कसा शिकंजा
खाद्य मंत्रालय की जांच में सामने आया कि देश में चीनी का पर्याप्त स्टॉक उपलब्ध होने के बावजूद कई मिलें और बड़े व्यापारी मनमाने ढंग से दरें बढ़ा रहे थे। बिक चुकी चीनी को मिलों में रोके रखकर बाजार में कृत्रिम किल्लत दिखाई जा रही थी। इसे रोकने के लिए सरकार ने आदेश दिया है कि बिक्री के सात दिनों के भीतर चीनी का उठान अनिवार्य होगा और मिलों के लिए बिक्री कोटा अब मासिक के बजाय पखवाड़े के आधार पर तय किया जाएगा।
शुल्क-मुक्त आयात और स्टॉक लिमिट से बिगड़े सट्टेबाजों के गणित
कीमतों पर तुरंत नियंत्रण पाने के लिए केंद्र सरकार ने 31 अक्टूबर तक 10 लाख टन कच्ची चीनी के सीमा शुल्क-मुक्त आयात की मंजूरी दी। इसके साथ ही महीने में 10 टन से ज्यादा खपत या व्यापार करने वाले डीलरों के लिए 15 दिनों का स्टॉक लिमिट लागू कर दिया गया है। इन दो बड़े फैसलों के चलते बाजार में आपूर्ति बढ़ने का भरोसा जागा है और जमाखोरी कर रहे कारोबारियों में हड़कंप मच गया है।
शहरों में मौजूदा स्थिति और आगे क्या राहत मिलेगी?
वर्तमान में देश के प्रमुख शहरों जैसे दिल्ली, मुंबई और चेन्नई में चीनी की खुदरा कीमतें ₹62 से ₹66 प्रति किलो के आसपास बनी हुई हैं। इंडियन शुगर एंड बायो-एनर्जी मैन्युफैक्चरर्स एसोसिएशन (ISMA) और नेशनल फेडरेशन ऑफ कोऑपरेटिव शुगर फैक्ट्रीज (NFCSF) के अनुसार, एक्स-मिल दरों में आई गिरावट का असर अगले 7 से 10 दिनों में खुदरा दुकानों तक पहुंचेगा। इसके बाद खुदरा कीमतों में ₹5 से ₹8 प्रति किलो तक की कमी आने का अनुमान है।
अक्टूबर से शुरू होगा नया सीजन
अक्टूबर 2026 से नया चीनी पेराई सीजन शुरू होने जा रहा है। सरकार का अनुमान है कि अक्टूबर में 10 लाख टन से अधिक और नवंबर में करीब 45 लाख टन नई चीनी का उत्पादन होगा। ऐसे में नई आवक और आयातित चीनी के बाजार में पहुंचने से पूरे त्योहारी सीजन में मिठास सस्ती बनी रहने की उम्मीद है।
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