Fact Check: नेपाल में बाढ़ से गिरे भवनों के दावे से जम्मू-कश्मीर और उत्तराखंड के वीडियो वायरल
नई दिल्ली (विश्वास न्यूज)। नेपाल में 26 अगस्त 2026 को आई भीषण बाढ़ से जानमाल का काफी नुकसान हुआ है। इसी से जोड़कर सोशल मीडिया पर दो वीडियो वायरल हो रहे हैं। इनमें से एक में बाढ़ की वजह से गिरती कुछ दुकानों और उनमें दिख रहे लोगों को देखा […]
The post Fact Check: नेपाल में बाढ़ से गिरे भवनों के दावे से जम्मू-कश्मीर और उत्तराखंड के वीडियो वायरल appeared first on Vishvas News.
Iran-US Tension: ईरान ने अमेरिका के हमले का दिया जवाब, अमेरिकी एयरक्राफ्ट कैरियर और डिस्ट्रॉयर पर दागी मिसाइलें
Iran-US Conflict: अमेरिका और ईरान के बीच बढ़ते सैन्य तनाव के बीच ईरान ने अमेरिकी नौसेना के दो युद्धपोतों को निशाना बनाने का दावा किया है। ईरान के इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) की एयरोस्पेस फोर्स के मुताबिक, अमेरिकी एयरक्राफ्ट कैरियर और एक डिस्ट्रॉयर पर कई बैलिस्टिक मिसाइलें दागी गईं।
ईरानी सरकारी प्रसारक IRIB के जरिए जारी बयान में IRGC ने आरोप लगाया कि अमेरिकी युद्धपोत ईरानी जहाजों को परेशान कर रहे थे और ईरान के खिलाफ लगाई गई नौसैनिक नाकाबंदी का हिस्सा थे।
ईरान ने क्या दावा किया?
IRGC के मुताबिक, मिसाइल हमले के बाद दोनों अमेरिकी युद्धपोत संघर्ष क्षेत्र से पीछे हटने के लिए मजबूर हुए। ईरानी सेना ने दावा किया कि जहाजों को नुकसान पहुंचा है और एक और हमले की आशंका के कारण उन्होंने इलाका छोड़ दिया।
हालांकि, इन दावों की स्वतंत्र पुष्टि सामने नहीं आई है। ऐसे में अमेरिकी युद्धपोतों को हुए कथित नुकसान के ईरानी दावे को फिलहाल दावे के तौर पर ही देखा जा रहा है।
It’s simple: if Iran shoots at U.S. ships, we will destroy (and sink) their oil tankers. All they have to do is not shoot at @USNavy.
— Pete Hegseth (@PeteHegseth) September 5, 2026
Iran’s oil tanker fleet is defenseless — Iran has no navy or air force. Our planes, ships & subs can strike them all, in @CENTCOM & @USPACOM. https://t.co/lr5TaxloBw
होर्मुज में भी बढ़ा तनाव
यह घटनाक्रम रणनीतिक रूप से बेहद महत्वपूर्ण स्ट्रेट ऑफ होर्मुज में बढ़ते तनाव के बीच सामने आया है। इससे पहले IRGC की नौसेना ने दावा किया था कि उसने होर्मुज से गुजर रहे तीन तेल टैंकरों को निशाना बनाया। ईरान ने इन जहाजों के मार्ग को ‘अनधिकृत’ बताया था।
ईरानी सेना ने क्षेत्र में मौजूद अन्य जहाजों को भी चेतावनी दी कि वे उसके बताए प्रतिबंधित या अनधिकृत समुद्री मार्गों से गुजरने की कोशिश न करें।
ईरान ने US हमलों को बताया कार्रवाई की वजह
IRGC Navy के बयान के मुताबिक, यह कार्रवाई अमेरिका द्वारा ईरान से जुड़े तीन तेल टैंकरों पर किए गए हमले के जवाब में की गई। ईरान का आरोप है कि अमेरिकी सेना ने उसके तीन तेल टैंकरों को निशाना बनाकर नुकसान पहुंचाया। इसके बाद ईरानी बलों ने अमेरिकी हितों से जुड़े जहाजों के खिलाफ कार्रवाई की।
Pete Hegseth की कड़ी चेतावनी
इस बीच अमेरिकी रक्षा मंत्री पीट हेगसेथ ने ईरान को सीधी चेतावनी दी है। उन्होंने कहा कि अगर ईरान ने अमेरिकी नौसेना के जहाजों पर हमला किया तो अमेरिका उसके तेल टैंकरों को नष्ट कर देगा।
हेगसेथ ने सोशल मीडिया पोस्ट में अमेरिकी सेंट्रल कमांड के कमांडर एडमिरल ब्रैड कूपर के बयान को साझा करते हुए कहा कि अगर ईरान अमेरिकी जहाजों पर गोली चलाता है तो उसे इसकी बड़ी आर्थिक कीमत चुकानी पड़ेगी।
हेगसेथ का संदेश साफ था ईरान को अमेरिकी नौसेना के जहाजों पर हमला नहीं करना चाहिए, वरना उसके तेल टैंकर अमेरिकी कार्रवाई का निशाना बन सकते हैं।
5 सितंबर को भी हुआ था हमला
यह घटनाक्रम उस कार्रवाई के बाद सामने आया है जिसमें US Central Command (CENTCOM) के अनुसार अमेरिकी सेना ने 5 सितंबर को तीन ईरानी क्रूड ऑयल कैरियर्स को निशाना बनाया था।
CENTCOM के मुताबिक, यह कार्रवाई उस समय हुई जब IRGC ने क्षेत्र में गश्त कर रहे दो अमेरिकी नौसैनिक युद्धपोतों की दिशा में बैलिस्टिक मिसाइलें दागीं।
इस पूरे घटनाक्रम के बाद अमेरिका और ईरान के बीच सैन्य टकराव और बढ़ने की आशंका बनी हुई है। खासकर स्ट्रेट ऑफ होर्मुज और तेल आपूर्ति से जुड़े समुद्री मार्गों पर तनाव का असर क्षेत्रीय सुरक्षा के साथ वैश्विक ऊर्जा बाजार पर भी पड़ सकता है।
होम
जॉब
पॉलिटिक्स
बिजनेस
ऑटोमोबाइल
गैजेट
लाइफस्टाइल
फोटो गैलरी
Others 
Vishvasnews
Haribhoomi






