Responsive Scrollable Menu

Pakistan Cricket Chaos: आकिब जावेद पर बरसे अजहर अली, बोले- हर फैसला पड़ रहा उल्टा, नहीं संभल रही पाकिस्तान क्रिकेट की हालत

Pakistan Cricket Chaos: पाकिस्तान क्रिकेट में मुश्किलें खत्म होने का नाम नहीं ले रही हैं। इंग्लैंड के खिलाफ तीन टेस्ट मैचों की सीरीज में पाकिस्तान 0-2 से पीछे है। हेडिंग्ले और लॉर्ड्स में मिली हार के बाद अब 9 सितंबर से एजबेस्टन में आखिरी टेस्ट खेला जाना है। इस मैच से पहले पूर्व पाकिस्तान कप्तान अजहर अली ने PCB के हाई परफॉर्मेंस डायरेक्टर आकिब जावेद पर जमकर हमला बोला है।

अजहर का मानना है कि पाकिस्तान क्रिकेट की मौजूदा स्थिति के लिए आकिब को भी जिम्मेदारी लेनी चाहिए। उन्होंने कहा कि पिछले तीन साल से लगातार गलत फैसले लिए जा रहे हैं। अजहर ने आकिब के हालिया इंटरव्यू का जिक्र करते हुए आरोप लगाया कि वह अपनी गलतियों की जिम्मेदारी लेने के बजाय सरफराज अहमद और बाबर आजम पर दोष डाल रहे हैं।

अजहर ने कहा- उनका हर फैसला उल्टा पड़ जाता है और फिर वह कहते हैं कि इसमें मेरी गलती नहीं है। पहले खुद को देखना चाहिए। अगर आप टीम को संभाल नहीं सकते और पाकिस्तान क्रिकेट में बदलाव नहीं ला सकते तो आपको हट जाना चाहिए।

पाकिस्तान की परेशानी सिर्फ इंग्लैंड सीरीज तक सीमित नहीं है। टीम में लगातार कप्तान, कोच और मैनेजमेंट बदलते रहे हैं। अजहर के मुताबिक कभी पाकिस्तान की पहचान उसकी अनिश्चितता हुआ करती थी। टीम एक दिन 46 रन पर ऑलआउट हो सकती थी तो अगले ही दिन किसी मजबूत टीम को हरा सकती थी। लेकिन अब हालात इतने खराब हैं कि टीम ने अपनी वही अनिश्चितता भी खो दी है और नकारात्मक तरीके से लगातार हार रही है।

अजहर ने लंबे समय की योजना बनाने पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि पाकिस्तान को तेज गेंदबाजों की नई पौध तैयार करने पर काम करना होगा। उन्होंने बांग्लादेश का उदाहरण देते हुए कहा कि वहां तेज गेंदबाजों को तैयार करने के लिए लगातार प्रयास हुए और इसका फायदा टीम को मिला।

उन्होंने अंडर-19 क्रिकेट की स्थिति पर भी सवाल उठाए। अजहर के मुताबिक पाकिस्तान को ऐसी व्यवस्था चाहिए, जिसमें लोगों को 3-4 साल का समय देकर उनका समर्थन किया जाए।

बाबर आजम को लेकर अजहर ने उनका बचाव किया। उन्होंने कहा कि बाबर पर बहुत ज्यादा दबाव रहा है और लगातार आलोचना ने उनके आत्मविश्वास को प्रभावित किया। अजहर ने माना कि बाबर मानसिक रूप से मिस्बाह-उल-हक और यूनिस खान जितने मजबूत नहीं हैं, लेकिन उन्हें बेहतर माहौल देने की जरूरत है।

वहीं एजबेस्टन टेस्ट को लेकर अजहर ज्यादा उम्मीद नहीं जता रहे। उन्होंने पाकिस्तान खिलाड़ियों की बॉडी लैंग्वेज पर चिंता जताते हुए कहा कि उन्हें देखकर नहीं लगता कि टीम अच्छी स्थिति में है। अजहर ने यहां तक कहा कि उन्हें हैरानी होगी अगर आखिरी टेस्ट वास्तव में कड़ा मुकाबला बन पाता है।

Continue reading on the app

Duleep Trophy: वाइल्ड Child से लीडर बने ईशान किशन, कप्तानी ने बदला पूरा अंदाज; खुद बयां किया अनुभव

Ishan Kishan Duleep Trophy: ईशान किशन ने अपनी शानदार बल्लेबाजी के साथ-साथ अपने बदले हुए अंदाज की भी कहानी सुनाई है। दलीप ट्रॉफी फाइनल में ईस्ट जोन के लिए 270 रन की बड़ी पारी खेलने वाले ईशान ने बताया कि झारखंड की कप्तानी ने उन्हें क्रिकेटर के साथ-साथ एक बेहतर इंसान बनने में भी मदद की।

ईशान ने 2024 में झारखंड की कप्तानी संभाली थी। इससे पहले 2023 के आखिर में उनका BCCI सेंट्रल कॉन्ट्रैक्ट भी चला गया था। इसके बाद उन्होंने घरेलू क्रिकेट में वापसी की और झारखंड की कमान संभाली। जब भी वह उपलब्ध रहे, टीम की कप्तानी करते रहे।

सोच में आया बदलाव, शांत और समझदार बने
ईशान का मानना है कि कप्तानी मिलने के बाद उनकी सोच में बड़ा बदलाव आया। जिम्मेदारी ने उन्हें ज्यादा शांत और समझदार बनाया। उन्होंने कहा- अब वह अपने वाइल्ड चाइल्ड वाले दिनों से काफी दूर आ गए हैं। उन्होंने कहा- अब उन्हें टीम के लिए मुख्य भूमिका निभानी होगी। आगे कहा- जब खिलाड़ी युवा होता है तो वह सीनियर खिलाड़ियों पर भरोसा करता है और सोचता है कि उसका काम उनका साथ देना है। लेकिन अब वह टीम में स्थापित हो चुके हैं, इसलिए रन बनाने और टीम का स्कोर ऊपर ले जाने की जिम्मेदारी उन्हें खुद उठानी होगी।

कप्तानी ने ईशान को सिर्फ अपनी बल्लेबाजी तक सीमित रहने के बजाय पूरे मैदान को समझना सिखाया। उन्होंने कहा कि कप्तान को पूरे दिन परिस्थितियों पर नजर रखनी होती है। उसे यह देखना होता है कि क्या हो रहा है और क्या नहीं, साथ ही अपने सभी खिलाड़ियों का ध्यान भी रखना पड़ता है।

खिलाड़ी की बेहतरी से टीम को फायदा 
ईशान ने यह भी माना कि कप्तान बनने के बाद उन्हें खिलाड़ियों की छोटी-छोटी जरूरतों पर ध्यान देना सीखना पड़ा। नेट्स में बल्लेबाजी करके चले जाना काफी नहीं है। कप्तान की जिम्मेदारी है कि वह अपने साथियों को बेहतर बनाने में मदद करे। क्योंकि जब खिलाड़ी बेहतर होते हैं, तभी टीम अपने लक्ष्य तक पहुंचती है। दलीप ट्रॉफी फाइनल में उनकी 270 रन की पारी भी इसी बदली सोच की मिसाल रही। ईशान ने कहा कि वह कई मौकों पर आक्रामक शॉट खेल सकते थे, लेकिन उन्होंने टीम के लक्ष्य को प्राथमिकता दी।

ईस्ट जोन ने टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी का फैसला किया था और लक्ष्य बड़ा स्कोर खड़ा करना था। ऐसे में ईशान ने धैर्य रखा, शॉट सेलेक्शन पर ध्यान दिया और लंबी पारी खेली। उन्होंने कहा कि वह इस पारी से बेहद खुश हैं, क्योंकि उन्होंने व्यक्तिगत प्रदर्शन से ज्यादा टीम के लक्ष्य को महत्व दिया। ईशान की यह पारी बताती है कि उनकी बल्लेबाजी में सिर्फ रन ही नहीं, बल्कि सोच में भी बदलाव आया है। 2024 की कप्तानी से शुरू हुआ यह सफर अब उन्हें एक ज्यादा जिम्मेदार और परिपक्व खिलाड़ी के रूप में आगे बढ़ा रहा है।

Continue reading on the app

  Sports

Pakistan Cricket Chaos: आकिब जावेद पर बरसे अजहर अली, बोले- हर फैसला पड़ रहा उल्टा, नहीं संभल रही पाकिस्तान क्रिकेट की हालत

Pakistan Cricket Chaos: पाकिस्तान क्रिकेट में मुश्किलें खत्म होने का नाम नहीं ले रही हैं। इंग्लैंड के खिलाफ तीन टेस्ट मैचों की सीरीज में पाकिस्तान 0-2 से पीछे है। हेडिंग्ले और लॉर्ड्स में मिली हार के बाद अब 9 सितंबर से एजबेस्टन में आखिरी टेस्ट खेला जाना है। इस मैच से पहले पूर्व पाकिस्तान कप्तान अजहर अली ने PCB के हाई परफॉर्मेंस डायरेक्टर आकिब जावेद पर जमकर हमला बोला है।

अजहर का मानना है कि पाकिस्तान क्रिकेट की मौजूदा स्थिति के लिए आकिब को भी जिम्मेदारी लेनी चाहिए। उन्होंने कहा कि पिछले तीन साल से लगातार गलत फैसले लिए जा रहे हैं। अजहर ने आकिब के हालिया इंटरव्यू का जिक्र करते हुए आरोप लगाया कि वह अपनी गलतियों की जिम्मेदारी लेने के बजाय सरफराज अहमद और बाबर आजम पर दोष डाल रहे हैं।

अजहर ने कहा- उनका हर फैसला उल्टा पड़ जाता है और फिर वह कहते हैं कि इसमें मेरी गलती नहीं है। पहले खुद को देखना चाहिए। अगर आप टीम को संभाल नहीं सकते और पाकिस्तान क्रिकेट में बदलाव नहीं ला सकते तो आपको हट जाना चाहिए।

पाकिस्तान की परेशानी सिर्फ इंग्लैंड सीरीज तक सीमित नहीं है। टीम में लगातार कप्तान, कोच और मैनेजमेंट बदलते रहे हैं। अजहर के मुताबिक कभी पाकिस्तान की पहचान उसकी अनिश्चितता हुआ करती थी। टीम एक दिन 46 रन पर ऑलआउट हो सकती थी तो अगले ही दिन किसी मजबूत टीम को हरा सकती थी। लेकिन अब हालात इतने खराब हैं कि टीम ने अपनी वही अनिश्चितता भी खो दी है और नकारात्मक तरीके से लगातार हार रही है।

अजहर ने लंबे समय की योजना बनाने पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि पाकिस्तान को तेज गेंदबाजों की नई पौध तैयार करने पर काम करना होगा। उन्होंने बांग्लादेश का उदाहरण देते हुए कहा कि वहां तेज गेंदबाजों को तैयार करने के लिए लगातार प्रयास हुए और इसका फायदा टीम को मिला।

उन्होंने अंडर-19 क्रिकेट की स्थिति पर भी सवाल उठाए। अजहर के मुताबिक पाकिस्तान को ऐसी व्यवस्था चाहिए, जिसमें लोगों को 3-4 साल का समय देकर उनका समर्थन किया जाए।

बाबर आजम को लेकर अजहर ने उनका बचाव किया। उन्होंने कहा कि बाबर पर बहुत ज्यादा दबाव रहा है और लगातार आलोचना ने उनके आत्मविश्वास को प्रभावित किया। अजहर ने माना कि बाबर मानसिक रूप से मिस्बाह-उल-हक और यूनिस खान जितने मजबूत नहीं हैं, लेकिन उन्हें बेहतर माहौल देने की जरूरत है।

वहीं एजबेस्टन टेस्ट को लेकर अजहर ज्यादा उम्मीद नहीं जता रहे। उन्होंने पाकिस्तान खिलाड़ियों की बॉडी लैंग्वेज पर चिंता जताते हुए कहा कि उन्हें देखकर नहीं लगता कि टीम अच्छी स्थिति में है। अजहर ने यहां तक कहा कि उन्हें हैरानी होगी अगर आखिरी टेस्ट वास्तव में कड़ा मुकाबला बन पाता है।

Mon, 07 Sep 2026 22:40:11 +0530

  Videos
See all

Black & White with Anjana Om kashyap Full Show : जर्जर बिल्डिंग ने ली छात्रों की जान | Delhi #tmktech #vivo #v29pro
2026-09-07T17:40:26+00:00

Sara Arfeen Khan: एयरपोर्ट पर स्पॉट हुईं सारा अरफीन खान #saraarfeenkhan #shorts #viral #tmktech #vivo #v29pro
2026-09-07T17:43:58+00:00
Editor Choice
See all
Photo Gallery
See all
World News
See all
Top publishers