एनफोर्समेंट डायरेक्टरेट (ED) ने सोमवार को दिल्ली, पश्चिम बंगाल और झारखंड में सात जगहों पर तृणमूल कांग्रेस (TMC) के राज्यसभा सांसद मोहम्मद नदीमुल हक से जुड़ी जगहों पर तलाशी ली। यह कार्रवाई TMC सांसद द्वारा प्रमोट किए गए उर्दू दैनिक 'अखबार-ए-मशरिक' के खिलाफ कथित मनी लॉन्ड्रिंग जांच के सिलसिले में की गई। 56 वर्षीय हक, जो एक पत्रकार और व्यवसायी भी हैं, उस कंपनी (अखबार-ए-मशरिक प्राइवेट लिमिटेड) के डायरेक्टर हैं जो 'अखबार-ए-मशरिक' नाम का दैनिक अखबार निकालती है।
ED की 7 जगहों पर छापेमारी
ED के कोलकाता ज़ोनल ऑफ़िस की टीम ने कोलकाता, दिल्ली और रांची में सात जगहों पर तलाशी ली। कोलकाता में पार्क सर्कस के दरगाह रोड पर 'अखबार-ए-मशरिक' के ऑफ़िस में तलाशी ली गई। ऑपरेशन के दौरान केंद्रीय सुरक्षा बलों ने ऑफ़िस की बिल्डिंग को चारों तरफ़ से घेर लिया था। सुरक्षा के लिहाज़ से मुख्य दरवाज़ा बंद कर दिया गया था, ताकि तलाशी के दौरान कोई अंदर न आ सके और न ही बाहर जा सके। दिल्ली में सांसद के सरकारी आवास पर भी छापेमारी चल रही है, जो TMC का अस्थायी ऑफ़िस भी है। सुरक्षा बलों और संबंधित राज्य पुलिस बलों के साथ मिलकर, TMC सांसद के आवास और अख़बार के ऑफ़िस समेत कई जगहों पर सोमवार सुबह तलाशी अभियान शुरू किया गया।
मामला क्या है?
यह जांच सांप्रदायिक तनाव फैलाने वाली सामग्री छापने और फैलाने के आरोपों से जुड़ी है। साथ ही, इसमें गैर-कानूनी लेन-देन, बिना हिसाब-किताब वाले नकद लेन-देन और संदिग्ध स्रोतों से फंडिंग के आरोप भी शामिल हैं। ED सूत्रों के अनुसार, एजेंसी दस्तावेज़ी और डिजिटल सबूत इकट्ठा करने और मामले में शामिल संस्थाओं और व्यक्तियों के वित्तीय लेन-देन की जांच करने के लिए तलाशी अभियान चला रही है। मनी लॉन्ड्रिंग रोकथाम अधिनियम (PMLA) के तहत दर्ज ED का यह मामला बिधाननगर पुलिस कमिश्नरेट द्वारा दर्ज FIR पर आधारित है। 'अखबार-ए-मशरिक' से जुड़े वित्तीय रिकॉर्ड और अन्य दस्तावेजों की जांच की जा रही है। कोलकाता के अलावा, यह अखबार दिल्ली, रांची, आसनसोल, सिलीगुड़ी, भोपाल, लखनऊ और श्रीनगर से भी प्रकाशित होता है।
Continue reading on the app