Pakistan Economic Crisis: महंगाई और Electricity Bills ने तोड़ी जनता की कमर, Ipsos Survey में हुआ खुलासा
इसे भी पढ़ें: Indus Waters Treaty ठंडे बस्ते में... भारत ने Ladakh में बनाया पहला Rock Check Dam, पाकिस्तान को बड़ा रणनीतिक संदेश
इसे भी पढ़ें: कश्मीर में सुरक्षाबलों को बड़ी कामयाबी, LeT का पाकिस्तानी आतंकी Yasir ढेर
Middle East Crisis: US Navy पर हमले के बाद America का कड़ा एक्शन, Iran के 3 तेल टैंकरों को किया Destroy
अमेरिकी सेंट्रल कमांड के मुताबिक, शनिवार को US सेना ने ईरान के तीन कच्चे तेल ले जाने वाले जहाज़ों पर हमला किया। यह हमला ईरान द्वारा US नेवी के दो जहाज़ों पर बैलिस्टिक मिसाइलें दागने के कुछ ही घंटों बाद हुआ। अमेरिकी युद्धपोत आने वाली मिसाइलों से बचने में कामयाब रहे और हमले में किसी भी अमेरिकी सैनिक के घायल होने की खबर नहीं है। ये हमले वॉशिंगटन और तेहरान के बीच बढ़ते सैन्य टकराव में एक और तेज़ी को दिखाते हैं, जिसमें समुद्री सुरक्षा और ऊर्जा आपूर्ति मुख्य विवाद के मुद्दे बनकर उभरे हैं। इन घटनाक्रमों ने होर्मुज़ जलडमरूमध्य (Strait of Hormuz) की ओर भी ध्यान खींचा है, जो दुनिया का एक अहम शिपिंग रूट है और जहाँ से आमतौर पर दुनिया के तेल व्यापार का एक बड़ा हिस्सा गुज़रता है।
इसे भी पढ़ें: ईरान की Pickaxe Mountain न्यूक्लियर साइट पर Trump का बड़ा हमला संभव, तेहरान को परमाणु हथियारों से रोकने की तैयारी
ये तीनों टैंकर एक ऐसे अरबों डॉलर के 'शैडो नेटवर्क' (गुप्त नेटवर्क) का हिस्सा थे, जो IRGC और उसके प्रॉक्सी (सहयोगी गुटों) को फ़ंडिंग देता है। सेंट्रल कमांड के कमांडर एडमिरल ब्रैड कूपर ने कहा कि अमेरिकी सेना अपनी सुरक्षा करने में कोई हिचकिचाहट नहीं दिखाएगी और ज़रूरत पड़ने पर ईरान के 'सामने आ चुके' (exposed) ऑयल फ़्लीट को नष्ट कर सकती है। कूपर ने कहा IRGC को यह संदेश साफ़ होना चाहिए: अगर आप हमारे दो जहाज़ों पर गोली चलाते हैं, तो हम आप पर और भी भारी आर्थिक बोझ डालेंगे - आपके तीन जहाज़ों को नष्ट करके। उन्होंने आगे कहा हम अमेरिकी सेना की रक्षा करने में पीछे नहीं हटेंगे और ज़रूरत पड़ने पर ईरान के सीमित और असुरक्षित तेल बेड़े को नष्ट कर देंगे।
होम
जॉब
पॉलिटिक्स
बिजनेस
ऑटोमोबाइल
गैजेट
लाइफस्टाइल
फोटो गैलरी
Others 
prabhasakshi





