शेयर बाजार में लौटी रौनक, सेंसेक्स 76,515 और निफ्टी 23,897 पर बंद
भारतीय शेयर बाजार शुक्रवार को लगातार चार सत्रों की गिरावट के बाद बढ़त के साथ बंद हुआ. दिन के अंत में सेंसेक्स 362.57 अंक या 0.48 प्रतिशत की मजबूती के साथ 76,515.43 और निफ्टी 24.25 अंक या 0.10 प्रतिशत की मजबूती के साथ 23,897.70 पर बंद हुआ.
दिन के दौरान बाजार में तेजी का नेतृत्व मेटल और कमोडिटीज ने किया. सूचकांकों में निफ्टी मेटल (1.07 प्रतिशत) और निफ्टी कमोडिटीज (0.55 प्रतिशत) की तेजी के साथ टॉप गेनर्स थे. निफ्टी फाइनेंशियल सर्विसेज (0.49 प्रतिशत), निफ्टी इंडिया डिफेंस (0.39 प्रतिशत), निफ्टी मीडिया (0.30 प्रतिशत), निफ्टी प्राइवेट बैंक (0.28 प्रतिशत), निफ्टी ऑयल एंड गैस (0.21 प्रतिशत) और निफ्टी पीएसई (0.04 ) प्रतिशत की मजबूती के साथ हरे निशान में बंद हुए. दूसरी तरफ निफ्टी रियल्टी (0.90 प्रतिशत), निफ्टी हेल्थकेयर (0.87 प्रतिशत), निफ्टी फार्मा (0.68 प्रतिशत), निफ्टी आईटी (0.47 प्रतिशत), निफ्टी ऑटो (0.45 प्रतिशत), निफ्टी पीएसयू बैंक (0.44 प्रतिशत) और निफ्टी कंज्यूमर ड्यूरेबल्स (0.43 प्रतिशत) की कमजोरी के साथ बंद हुआ.
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मिडकैप और स्मॉलकैप में मिलाजुला कारोबार हुआ। निफ्टी मिडकैप 100 इंडेक्स 156.15 अंक या 0.25 प्रतिशत की कमजोरी के साथ 63,079.05 और निफ्टी स्मॉलकैप 100 इंडेक्स 44.70 अंक या 0.22 प्रतिशत की तेजी के साथ 20,095.45 पर था. जानकारों ने कहा कि अमेरिकी फेडरल रिजर्व द्वारा ब्याज दरें बढ़ाने की आशंका कम होने से भारतीय शेयर बाजार में तेजी देखी गई. हालांकि, ऊंचे स्तरों पर मुनाफा वसूली और मध्य पूर्व में जारी भू-राजनीतिक तनाव के कारण तेजी सीमित रही.
निवेशकों की नजर आज आने वाले अमेरिकी रोजगार के आंकड़ों पर है, जबकि ब्याज दरों के भविष्य का अंदाजा लगाने के लिए अगले हफ्ते आने वाले अमेरिकी खुदरा महंगाई के आंकड़े अहम होंगे. अगस्त में कोर महंगाई दर में मामूली गिरावट की आम उम्मीदों से फेड द्वारा ब्याज दरें बढ़ाने का सिलसिला रुकने की संभावना मजबूत हो सकती है और इससे बॉन्ड यील्ड में उतार-चढ़ाव को काबू में रखने में मदद मिल सकती है.
Input: IANS
UP Free Scooty Scheme: बेटियों को मिलेगी मुफ्त स्कूटी, 10 फीसदी कम अंक पर भी लाभ; जानें रानी लक्ष्मीबाई योजना की पूरी डिटेल
UP Free Scooty Scheme: उत्तर प्रदेश की छात्राओं के लिए योगी सरकार की रानी लक्ष्मीबाई स्कूटी योजना एक बार फिर चर्चा में है. सरकार ने मेधावी छात्राओं को मुफ्त स्कूटी उपलब्ध कराने की योजना को मंजूरी दी है. इसका उद्देश्य बेटियों को उच्च शिक्षा के लिए प्रोत्साहित करने के साथ-साथ उनके आवागमन को आसान बनाना और उन्हें आत्मनिर्भर बनाना है.
योजना के तहत बड़ी संख्या में छात्राओं को लाभ मिलने की उम्मीद है. सरकार ने इसके लिए 400 करोड़ रुपये की बजट व्यवस्था की है.
क्या है रानी लक्ष्मीबाई स्कूटी योजना?
रानी लक्ष्मीबाई स्कूटी योजना के तहत उत्तर प्रदेश की पात्र छात्राओं को मुफ्त स्कूटी उपलब्ध कराई जाएगी. योजना खास तौर पर उच्च शिक्षा हासिल कर रही मेधावी छात्राओं को ध्यान में रखकर तैयार की गई है.
सरकार का मानना है कि ग्रामीण और दूरदराज क्षेत्रों में कॉलेज या विश्वविद्यालय तक पहुंचने के लिए परिवहन की समस्या कई छात्राओं के सामने रहती है. स्कूटी मिलने से उन्हें पढ़ाई जारी रखने में मदद मिलेगी और उच्च शिक्षा में छात्राओं की भागीदारी भी बढ़ सकती है.
किन छात्राओं को मिलेगा लाभ?
हालिया दिशा-निर्देशों के अनुसार योजना का लाभ शैक्षणिक सत्र 2025-26 में स्नातक उत्तीर्ण करने वाली उत्तर प्रदेश की मूल निवासी छात्राओं को दिया जाना है. छात्राओं ने राज्य विश्वविद्यालय, निजी विश्वविद्यालय या राज्य विश्वविद्यालयों से संबद्ध मान्य महाविद्यालय से स्नातक की पढ़ाई पूरी की होनी चाहिए.
सभी छात्राओं को खुद ही स्कूटी नहीं मिलेगी. चयन मेरिट के आधार पर किया जाएगा और स्नातक उत्तीर्ण छात्राओं में शीर्ष 5 प्रतिशत को इसमें शामिल किया जाना है.
10 फीसदी कम अंक पर भी मिल सकता है फायदा
योजना में कुछ विशेष श्रेणियों की छात्राओं के लिए अतिरिक्त प्रावधान भी चर्चा में है. रिपोर्टों के मुताबिक शहीद परिवारों की बेटियों को सामान्य मेरिट से कुछ राहत दी जा सकती है. ऐसे मामलों में निर्धारित मेरिट से 10 प्रतिशत तक कम अंक होने पर भी पात्रता का रास्ता खुल सकता है.
इसके अलावा दिव्यांग, शहीद परिवार और निराश्रित छात्राओं को प्राथमिकता देने की जानकारी भी सामने आई है. हालांकि अंतिम चयन के लिए आधिकारिक दिशा-निर्देशों को ही मान्य माना जाएगा.
सिर्फ स्कूटी नहीं, ये सुविधाएं भी मिलेंगी
सरकार की योजना के मुताबिक लाभार्थी छात्राओं को स्कूटी के साथ कुछ जरूरी सुविधाएं भी दी जाएंगी. इसमें वाहन का रजिस्ट्रेशन, व्यापक बीमा, आईएसआई मार्क हेलमेट और शुरुआती ईंधन शामिल है. हालिया दिशा-निर्देशों में चार लीटर पेट्रोल का प्रावधान बताया गया है.
स्कूटी की खरीद सरकारी GeM पोर्टल के जरिए किए जाने की बात कही गई है, ताकि खरीद प्रक्रिया में पारदर्शिता बनी रहे.
कब और कैसे करना होगा आवेदन?
फिलहाल छात्राओं को आवेदन प्रक्रिया को लेकर आधिकारिक घोषणा का इंतजार करना होगा. सरकार की ओर से ऑनलाइन आवेदन पोर्टल, जरूरी दस्तावेज, अंतिम तारीख और वितरण कार्यक्रम की विस्तृत जानकारी अलग से जारी की जाएगी.
इसलिए छात्राओं को सलाह है कि वे उत्तर प्रदेश उच्च शिक्षा विभाग, अपने विश्वविद्यालय और कॉलेज की आधिकारिक सूचनाओं पर नजर रखें. किसी अनधिकृत वेबसाइट या सोशल मीडिया पोस्ट के आधार पर आवेदन या भुगतान न करें.
पढ़ाई के साथ आत्मनिर्भरता पर जोर
रानी लक्ष्मीबाई स्कूटी योजना को केवल मुफ्त वाहन देने वाली योजना के रूप में नहीं देखा जा रहा है. सरकार का लक्ष्य छात्राओं की मोबिलिटी बढ़ाने, कॉलेज ड्रॉपआउट कम करने और उच्च शिक्षा में नामांकन व रिटेंशन को बढ़ावा देने का भी है.
ऐसे में योजना का सबसे बड़ा फायदा उन छात्राओं को मिल सकता है जिन्हें कॉलेज या विश्वविद्यालय तक पहुंचने के लिए रोजाना लंबी दूरी तय करनी पड़ती है. अब सबकी नजर इस बात पर है कि आवेदन प्रक्रिया कब शुरू होती है और मेरिट के आधार पर किन छात्राओं को इस योजना का पहला लाभ मिलता है.
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