आज का एक्सप्लेनर:‘हनुमान अंश’ ने 24वें दिन 13 करोड़ कमाए, 128 गुना की ग्रोथ; फ्लॉप होकर हटने वाली थी फिल्म, फिर अचानक क्या हुआ
नीम करोली बाबा पर बनी ‘हनुमान अंश’ ने अकेले 24वें दिन 12.75 करोड़ रुपए कमाए हैं। 7 अगस्त को रिलीज के दिन फिल्म 10 लाख रुपए ही जुटा सकी थी। यानी रोज की औसत कमाई में करीब 128 गुना का उछाल आया। पिछले कुछ घंटों की टिकट बुकिंग में तो ‘हनुमान अंश’ ने सुपरस्टार यश की ‘टॉक्सिक’ को भी पीछे कर दिया है। दो हफ्ते तक खाली पड़ी कुर्सियां, ज्यादातर स्क्रीन्स से उतर चुकी ‘हनुमान अंश’ अचानक कमाई के रिकॉर्ड कैसे बनाने लगी, कौन हैं बाबा नीम करोली; आज के एक्सप्लेनर में पूरी कहानी… एक संपन्न घर का 11 साल का लड़का। बचपन में मां का निधन हो गया। किसी ने बता दिया कि वो राम के पास चली गईं। अब उस लड़के को राम के पास जाने की धुन सवार हो गई। उसने घर छोड़ दिया। पूरा भारत घूमा, तपस्या की। आखिरकार नीम करोली बाबा के नाम से जाने गए। लोग मानने लगे कि बाबा चमत्कारी हैं। ‘हनुमान अंश’ फिल्म की स्टोरी लाइन पढ़कर आपको कुछ अनोखा नहीं लगा होगा। फिल्म में न कोई बड़ा स्टार है और न ही बड़ा बजट। फिल्म कब रिलीज हुई और दो हफ्ते गुजर गए, शायद ही आपको पता चला हो। लेकिन तीसरे हफ्ते से अचानक जोर पकड़ने और कमाई के रिकॉर्ड बनाने के पीछे एक्सपर्ट्स 3 बड़ी वजहें मानते हैं… 1. ‘वर्ड ऑफ माउथ’ से दर्शक बढ़े, स्क्रीन्स भी 20 गुना बढ़ा दी गईं 2. ‘टॉक्सिक’ की वजह से ‘हनुमान अंश’ का इनडायरेक्ट प्रमोशन हुआ 3. धार्मिक फिल्मों का दौर लौट रहा, समाज में ऐसा माहौल बना नीम करोली बाबा 20वीं सदी के एक हिंदू संत थे। उनका प्रसिद्ध आश्रम- कैंची धाम उत्तराखंड के नैनीताल में है। उनकी कहानी शुरू होती है उत्तर प्रदेश के फिरोजाबाद से… ये किस्से नीम करोली बाबा की समाधि स्थल की आधिकारिक वेबसाइट से लिए गए हैं। स्टीव जॉब्स से विराट कोहली तक बाबा नीम करोली के भक्त स्टीव जॉब्स: 1974 में बाबा से मिलने की चाह लेकर एप्पल कंपनी के को-फाउंडर स्टीव जॉब्स भारत आए। तब तक बाबा के निधन को एक साल हो चुका था। जॉब्स कुछ दिन कैंची धाम में रहे। फिर वापस लौटकर 1976 में एप्पल की शुरुआत की। मार्क जकरबर्ग: 2015 में फेसबुक के फाउंडर मार्क जुकरबर्ग ने भारत यात्रा के दौरान बताया था कि स्टीव जॉब्स ने फेसबुक के शुरुआती दिनों में उन्हें भारत के एक मंदिर जाने की सलाह दी थी। यह नीम करौली बाबा का कैंची धाम ही था। जूलिया रॉबर्ट्स: हॉलीवुड एक्ट्रेस जूलिया रॉबर्ट्स हिंदू धर्म मानती हैं। उन्होंने 2010 में एक इंटरव्यू में बताया था कि नीम करौली बाबा की एक तस्वीर देखकर उनकी हिंदू धर्म में रुचि जागी थी। अनुष्का शर्मा और विराट कोहली: एक्ट्रेस अनुष्का शर्मा नीम करौली बाबा को अपना गुरु बता चुकी हैं। 2022 में विराट कोहली और अनुष्का शर्मा बेटी के साथ कैंची धाम गए थे। मनोज बाजपाई: एक्टर मनोज बाजपाई ने एक इंटरव्यू में बताया था कि वेब सीरीज 'द फैमिली मैन' से पहले करीब एक साल तक उनके पास कोई काम नहीं था। इसी समय वे फिल्म डायरेक्टर राम रेड्डी के साथ जुगनुमा फिल्म की रिसर्च के लिए कैंची धाम गए थे। यहां ध्यान करके उन्हें शांति और नई राह मिली। नोट: जगह का असली नाम नीब करोरी है। प्रचलित रूप में नीम करोली बाबा कहा जाने लगा। ---------- ये खबर भी पढ़िए… शाहरुख-अजय को नोटिस, 3 महीने में 1100 छापे, खराब खाना खिलाने वालों के दुश्मन IAS तुकाराम मुंढे की कहानी मुंबई के एक पॉश रेस्टोरेंट के फोन की घंटी बजी। टेबल बुक करने के लिए सामान्य कॉल थी, लेकिन मैनेजर का चेहरा उतर गया। बुकिंग तुकाराम मुंढे के नाम से थी। इसके बाद रेस्टोरेंट के किचन में हर चीज दोबारा चेक होने लगी। स्टोररूम की सफाई, फ्रिज का तापमान, सामान की एक्सपायरी डेट। मैनेजर ने अपने संपर्कों को भी कॉल लगाना शुरू कर दिया। पूरी खबर पढ़िए…
कृति सेनन एड विवाद, करीना कपूर का बोलने से इनकार:सवाल पर डायरेक्टर से जवाब देने को कहा; राहुल गांधी कृति को सपोर्ट कर चुके
एक्ट्रेस कृति सेनन के रक्षाबंधन एडवर्टाइजमेंट में कपड़ों को लेकर शुरू हुए विवाद पर अब करीना कपूर खान ने प्रतिक्रिया देने से इनकार कर दिया। फिल्म दायरा के ट्रेलर लॉंच इवेंट में जब मीडिया ने करीना से इस विवाद और एक्ट्रेसेस की सोशल मीडिया ट्रोलिंग पर सवाल पूछा, तो उन्होंने इस सवाल पर चुप्पी साधे रखी। करीना ने इस सवाल का जवाब पास में बैठीं डायरेक्टर मेघना गुलजार से देने को कहा। सवाल सुनते ही डायरेक्टर की तरफ किया इशारा इवेंट में रिपोर्टर ने करीना कपूर से पूछा कि सोशल मीडिया पर एक्ट्रेसेस के कपड़ों और उनके रिप्रेजेंटेशन को लेकर काफी ट्रोलिंग होती है, ऐसे में एक एक्ट्रेस होने के नाते उनकी क्या सीमाएं होनी चाहिए। सवाल पूरा सुनते ही करीना ने खुद बोलने के बजाय माइक डायरेक्टर मेघना गुलजार की तरफ बढ़ा दिया। करीना के इशारा करने के बाद डायरेक्टर मेघना गुलजार ने सवाल का जवाब दिया। मेघना ने कहा, "फिल्मों या स्क्रीन पर किसी महिला या पुरुष कलाकार का लुक और कपड़े उनके किरदार पर निर्भर करते हैं। यह डायरेक्टर की सोच के हिसाब से तय होता है।" मेघना ने आगे कहा कि इस तरह के मामलों में सिर्फ किसी एक एक्टर से सवाल पूछना या उसे कटघरे में खड़ा करना सही नहीं है। जानिए क्या है पूरा विवाद- कृति सेनन ने एड में रिवीलिंग कपड़े पहने- यह पूरा विवाद जीवा (GIVA) ज्वेलरी ब्रांड के 36 सेकंड के रक्षाबंधन एडवर्टाइजमेंट से शुरू हुआ था। रक्षाबंधन से जुड़े इस एड में कृति ने ऑफ व्हाइट ब्रालेट स्टाइल ब्लाउज, केप और ड्रेप्ड स्कर्ट पहना था। सोशल मीडिया यूजर्स के एक वर्ग ने इस लुक की आलोचना की। उनका कहना था कि परिवार और परंपरा से जुड़े त्योहार के लिए यह आधुनिक स्टाइल सही नहीं है। कंगना ने कृति के लुक की निंदा की- सोशल मीडिया ट्रोलिंग के बीच कंगना रनोट ने सोशल मीडिया पर बिना कृति का नाम लिए लिखा, “महिला होने के लिए यह शानदार समय है। हमारी अलमारियां कई तरह के कपडों से भरी हैं और आज की महिला ग्लोबल महिला है। कॉकटेल ड्रेस से लेकर लहंगा चोली तक, जींस से लेकर साडी तक, बिकिनी से लेकर सलवार-कमीज तक, आज हमारे पास पहनने के इतने विकल्प हैं। फिर आप अपने भाई को बिकिनी या अंडरगारमेंट्स में राखी क्यों बांधेंगी? आपके पास स्टाइलिंग के इतने विकल्प कहां हैं? हा हा, यह विज्ञापन जानबूझकर अजीब बनाया गया लगता है।” कृति सेनन ने कंगना को जवाब दिया- कंगना की टिप्पणी के बाद आलोचना के बीच कृति ने आधिकारिक बयान जारी किया। उन्होंने कहा, “त्योहारों का मतलब आपके पहने हुए कपडों में नहीं, बल्कि परंपराओं के लिए आपके मन में मौजूद भावनाओं और उनके अर्थ में होता है। “रक्षाबंधन सुरक्षा के रिश्ते का त्योहार है। मेरी बहन और मैं एक-दूसरे को राखी बांधते हैं। हम जानते हैं कि हम भी एक भाई जितना ही एक-दूसरे की रक्षा कर सकते हैं। हम महिलाओं को यह बताना कब बंद करेंगे कि उन्हें क्या पहनना चाहिए? एथनिक फैशन समय के साथ बदला है, लेकिन आज भी किसी महिला की संस्कृति के प्रति इज्जत सिर्फ उसके कपडों से मापी जाती है। संस्कृति और परंपराएं उसके दिल में होती हैं, उसकी नेकलाइन में नहीं।” राहुल गांधी ने किया कृति का बचाव- विवाद पर राहुल गांधी ने कृति की पोस्ट री-शेयर कर लिखा कि कोई महिला क्या पहनती है, क्या करती है और कहां जाती है, यह उसकी अपनी पसंद है। महिलाओं के कपड़ों और जीवनशैली की ऑनलाइन पुलिसिंग यानी पहरेदारी नहीं करनी चाहिए। राहुल ने अपने पोस्ट में ‘स्मैश द पेट्रियार्की' हैशटैग का इस्तेमाल किया था। विवाद के बाद ब्रांड ने हटाया एडवर्टाइजमेंट- सोशल मीडिया पर कपड़ों और पेट डॉग को राखी बांधने को लेकर विवाद बढ़ता देख ब्रांड ने आधिकारिक बयान जारी कर माफी मांगी और इस एडवर्टाइजमेंट को अपने सभी सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स से हटा लिया है।
होम
जॉब
पॉलिटिक्स
बिजनेस
ऑटोमोबाइल
गैजेट
लाइफस्टाइल
फोटो गैलरी
Others 






