Responsive Scrollable Menu

पंजाब में अकाली+BJP की सीट शेयरिंग फाइनल:SAD से 3 सीटें ज्यादा पर लड़ेगी भाजपा; सरकार बनी तो CM कौन, इस पर भी सहमति

पंजाब चुनाव से पहले BJP और अकाली दल का गठजोड़ फाइनल हो गया है। जिसमें सीट शेयरिंग के फॉर्मूले से लेकर CM चेहरा तक शामिल है। इतना तय है कि 2027 के चुनाव में भाजपा बड़े भाई की भूमिका में होगी यानी वह अकाली दल से ज्यादा सीटों पर चुनाव लड़ेगी। BJP सोर्सेज के मुताबिक सीट शेयरिंग के फार्मूले का बेस 2024 लोकसभा चुनाव का रिजल्ट रखा गया है। लोकसभा चुनाव में भाजपा 23 सीटों पर पहले नंबर पर रही, 7 सीटों पर दूसरे और 28 सीटों पर तीसरे स्थान पर रही है। इसके अलावा भाजपा ने दो और सीटें मांगी हैं। वहीं CM चेहरे को लेकर भी बात फाइनल हो चुकी है। गठजोड़ रिजल्ट से पहले किसी को CM चेहरा नहीं बनाएगा। गठजोड़ पर सीधे PM नरेंद्र मोदी नजर रख रहे हैं। सितंबर महीने में ही इसका ऐलान हो सकता है। दैनिक भास्कर को सीटों की वह लिस्ट मिली है, जिन पर भाजपा ने दावा किया है लेकिन गठजोड़ का ऐलान न होने की वजह से इन्हें अभी पब्लिश नहीं किया जा रहा है। अकाली+BJP सीट शेयरिंग का फॉर्मूला कैसे तैयार हुआ? गठजोड़ से पहले BJP ने 2024 में लोकसभा चुनाव का डेटा खंगाला। जिसमें पता चला कि अगर दोनों का गठबंधन रहता तो दोनों के उम्मीदवार मुकाबले ही नहीं बल्कि विनिंग पोजिशन में तक हो सकते थे। 2024 में वोट % के हिसाब से अकाली दल और भाजपा के वोट मिलाकर 31.98% हो जाते। जो कांग्रेस और AAP से करीब 5-6% ज्यादा रहते। इसके बाद हरियाणा के CM नायब सैनी ने चंडीगढ़ में सुखबीर बादल से मुलाकात की। वहां पहले कुल 117 में से आधी-आधी सीटों पर चुनाव लड़ने की बात कही। बाद में BJP ने अकाली दल को प्रेशर में लाने के लिए 70+ सीटों मांगनी शुरू कर दी। मगर, अकाली दल 50% के आसपास ही अड़ा रहा। इसके बाद BJP के पंजाब चुनाव इंचार्ज व केंद्रीय मंत्री सीआर पाटिल की सुखबीर बादल से मुलाकात हुई। यहां पाटिल ने सुखबीर को कहा कि 58 सीटों पर तो भाजपा मजबूती से चुनाव लड़ी। जिसमें से 23 सीटों पर पहले नंबर पर, 7 सीटों पर दूसरे और 28 सीटों पर भाजपा तीसरे नंबर पर रही। इन सभी सीटों पर भाजपा की स्थित अकाली दल से बेहद मजबूत रही। इसके अलावा कुछ सीटें ऐसी हैं जहां पर भाजपा के पास बड़े चेहरे हैं। भाजपा के इस तर्क के बाद ही 60:57 सीटों के फॉर्मूले पर अकाली दल से सहमति बनती हुई दिख रही है। चूंकि अकाली दल लगातार 2 चुनाव में सत्ता से बाहर है और बहुमत तो दूर विपक्षी दल तक नहीं बना, ऐसे में अकाली दल अभी भाजपा की शर्तें मानता हुआ नजर आ रहा है। सरकार बनी तो CM किसका होगा? सूत्रों के मुताबिक भाजपा और शिअद में CM चेहरे को लेकर भी चर्चा हुई। अकाली दल सुखबीर बादल को सीएम फेस बनाने का प्रस्ताव दिया। जिस पर भाजपा की तरफ से कहा गया कि दोनों लगभग बराबर सीटों पर चुनाव लड़ रहे हैं। भाजपा मोदी के नाम पर चुनाव लड़ेगी। चुनाव के बाद जिसकी ज्यादा सीटें आएंगी, उस पार्टी का सीएम होगा और दूसरी पार्टी का डिप्टी सीएम होगा।

Continue reading on the app

पंजाब में रिटायर्ड टीचर ने थाने की जमीन बेच दी:फिजियोथेरेपिस्ट कब्जा लेने पहुंचा तो पता चला; पिता बोला- पूरा परिवार स्प्रे पीकर मर जाएगा

पंजाब के मानसा जिले में रिटायर्ड टीचर ने फिजियोथेरेपिस्ट को पुलिस थाने की जमीन ही बेच डाली। इसका खुलासा तब हुआ, जब फिजियोथेरेपिस्ट जमीन का कब्जा लेकर दुकान बनाने पहुंचा। नींव खोदते ही जमीन के मालिक आ गए और उसे भगा दिया। फिजियोथेरेपिस्ट उन्हें कहता रहा कि रिटायर्ड टीचर ने यही जमीन दिखाई थी। जब विवाद बढ़ने पर पटवारखाने से रिकॉर्ड निकलवाया गया तो पता चला कि यह जमीन तो थाना सिटी बरेटा की है। इसके बाद फिजियोथेरेपिस्ट ने उसी पुलिस थाने में इसकी शिकायत की है। उसका कहना है कि 32 लाख जमीन मालिक ने लिए और 4 लाख उसकी रजिस्ट्री वगैरह में लग गए। जब उसने रिटायर्ड टीचर से बात की तो वह उल्टा गालियां देने लगा। फिर उसने फोन बंद कर लिया। वह 6 बार जमीन पर कब्जा लेने जा चुका है लेकिन उसे हर बार भगा देते हैं। 6 पाइंट में जाने थाने की जमीन बेचने की कहानी… 1. आरोपी की दुकान के साथ दुकान, वहीं से जमीन बिकने का पता चला सतबीर ने बताया कि वह बरेटा मंडी में फिजियोथेरिपी की दुकान चलाता है। उसकी दुकान के साथ ही आरोपी की दुकान है। वहीं से उसे 6 महीने पहले बस स्टेंड बरेटा के पास 3 बिस्वा जमीन बिकने का पता चला। दलाल डालकर बात की तो पता चला कि जमीन रिटायर्ड टीचर बिलास चंद की है। बिलास चंद ने जमीन दिखाई और सौदा कर लिया। 2. 32 लाख का सौदा, रजिस्ट्री में निकली दूसरी जमीन विक्रेता रिटायर टीचर विलास से संपर्क के बाद आरोपी पक्ष के साथ 32 लाख रुपए में जमीन खरीदने का सौदा तय हुआ। सौदा तय करते समय जमीन का नंबर 9 दिया गया और सब कुछ सही होने का भरोसा दिया गया। लेकिन रजिस्ट्री के बाद प्रशासनिक टीम ने निशानदेही की तो जमीन नंबर 13 में निकली। 3. कब्जा लेने गया तो मालिकों ने भगा दिया, जांच में जमीन थाने की हद में निकली इसके बाद उसने विक्रेता से बात की और वही जमीन होने की बात कही। जब वह नींव खोदने पहुंचा तो मालिकों ने उसे भगा दिया। इसके बाद रजिस्ट्री की फर्द में दिखाए गए नंबर की खोज शुरू की और पटवारी से पूरा रिकॉर्ड निकलवाया। पड़ताल में पता चला कि जमीन पुलिस थाने की हद में आती है। बिलास से दोबारा बात की तो उसने जिम्मेदारी से पल्ला झाड़ लिया और कह दिया कि वह जो चाहे कार्रवाई कर ले। 4. 36 लाख खर्च, छह बार कब्जा लेने की कोशिश पीड़ित सतबीर सिंह ने बताया कि जमीन की रजिस्ट्री, कागजी कार्रवाई और कानूनी प्रक्रिया में अब तक कुल 36 लाख रुपए खर्च कर चुके हैं। उन्होंने लगभग छह बार निशानदेही करवाकर कब्जा लेने का प्रयास किया, लेकिन हर बार जमीन के मालिक और आरोपी पक्ष उन्हें डरा-धमकाकर या कानूनी अड़चनें डालकर रोक देते हैं। इतने बड़े आर्थिक नुकसान के बाद भी वह अपनी ही जमीन नहीं ले पा रहा है। 5. पुलिस शिकायत के बावजूद कार्रवाई नहीं पीड़ित ने धोखाधड़ी के संबंध में पुलिस थाना बरेटा में लिखित शिकायत दर्ज करवाई है। उसका कहना है कि शिकायत दिए एक महीने से ज्यादा हो चुका है, लेकिन प्रशासन की तरफ से कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया। वह लगातार थाने के चक्कर काटने को मजबूर है। गांव की पंचायत या गणमान्य लोगों को साथ लेकर बातचीत की कोशिश करने पर आरोपी पक्ष मौके से भाग जाता है। 6. विवादित जमीन नहीं चाहिए, मुझे पैसे लौटाएं जमीन और जमा पूंजी दोनों गंवाने के बाद सतबीर सिंह ने कहा कि वह भाग-भागकर थक चुका है और मानसिक रूप से भी हार चुका है। वह किसी भी कीमत पर विवादित जमीन नहीं लेना चाहता और आरोपी पक्ष से पूरे पैसे वापस चाहता है। उसने पुलिस और उच्च अधिकारियों से धोखाधड़ी करने वालों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई करने और 36 लाख रुपए वापस दिलवाने की अपील की है। पीड़ित के पिता ने बताया कितनी मेहनत से खरीदी जमीन पीड़ित बोला- पुलिस झूठ बोल रही, थाने ने जमीन दबाई पीड़ित गुरनाम सिंह से जब कहा गया कि थाना प्रभारी का कहना है कि आपका नंबर तो थाने में बोलता ही नहीं तो इस पर उसने कहा कि पुलिस लगातार इस मामले में झूठ बोल रही है। उन्होंने एक-एक कागज निकाला है। अब तो ये भी पता चला है कि थाना जिस जमीन पर बना हुआ है, वो जमीन भी 9 करम ज्यादा दबाई गई है। SSP बोले- जांच कराएंगे वहीं, मानसा के एसएसपी भगीरथ सिंह मीणा ने कहा कि मामले की गंभीरता से जांच करवाई जाएगी और यदि जांच में आरोप सही पाए गए तो दोषियों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।

Continue reading on the app

  Sports

Tilak Varma Century: तिलक वर्मा ने दिलीप ट्रॉफी के सेमीफाइनल में किया कमाल, ठोका कमाल शतक

South Zone vs North Zone, 2nd Semi-Final: तिलक वर्मा ने नॉर्थ जोन के खिलाफ शानदार शतक लगाया है. बेंगलुरु में खेले जा रहे सेमीफाइनल मैच में टीम मुश्किल में थी लेकिन तिलक वर्मा ने कप्तानी पारी खेली. Mon, 31 Aug 2026 17:27:56 +0530

  Videos
See all

Nepal Floods: बाढ़ के बाद का दर्द..सिसकियां सुन रो देंगे! | #nepal #china #floods #shorts #tmktech #vivo #v29pro
2026-08-31T12:12:52+00:00

Ankit Murder case: Encounter करने वाली टीम को 2 लाख का इनाम: DGP #shorts #ytshorts #ankitbaliyan #tmktech #vivo #v29pro
2026-08-31T12:12:41+00:00
Editor Choice
See all
Photo Gallery
See all
World News
See all
Top publishers