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Dewas में School Van पानी भरे अंडरपास में फंसाने वाला चालक गिरफ्तार, सात बच्चे बचाए गए

(छठे पैरा में कुछ शब्द जोड़ते हुए) देवास, 26 अगस्त मध्यप्रदेश के देवास शहर में एक रेलवे अंडरपास में बारिश का पानी भरा होने के बावजूद एक निजी विद्यालय की वैन निकालने की कोशिश करके उसमें सवार एक शिक्षक और सात विद्यार्थियों की जान जोखिम में डालने के आरोप में पुलिस ने चालक को गिरफ्तार किया है। पुलिस के एक अधिकारी ने बुधवार को यह जानकारी दी। अधिकारी ने बताया कि सरकारी दिशा-निर्देशों की कथित अनदेखी के कारण विद्यालय के संचालक के खिलाफ भी अलग से मामला दर्ज किया गया है।

घटना के वीडियो सोशल मीडिया पर प्रसारित होने के बीच यह कार्रवाई मुख्यमंत्री मोहन यादव के निर्देश पर की गई है। यादव ने एक बयान में कहा,‘‘विद्यार्थियों की सुरक्षा हमारी सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है और इसमें किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।’’ पुलिस अधिकारी ने बताया कि 25 अगस्त (मंगलवार) को देवास के सिविल लाइन थाना क्षेत्र स्थित रेलवे अंडरपास में बारिश का पानी भर गया था और सुरक्षा की दृष्टि से पुलिस ने इसके दोनों ओर बैरिकेड लगाकर आवागमन बंद कर दिया था। अधिकारी के मुताबिक इन इंतजामों के बावजूद एक निजी विद्यालय के विद्यार्थियों को ले जा रहे वैन चालक ने दुस्साहस करते हुए बैरिकेड हटाए और वह वाहन को अंडरपास में ले गया।

उन्होंने बताया कि पानी अधिक होने के कारण वैन बंद होकर फंस गई और चालक स्कूली बच्चों को वाहन में ही छोड़कर मौके से रवाना हो गया। उन्होंने बताया कि वैन चालक को बाद में गिरफ्तार कर लिया गया। अधिकारी ने बताया कि स्थानीय नागरिकों और पुलिस कर्मियों ने रस्सियों की सहायता से स्कूल वैन में सवार एक शिक्षक और सात बच्चों को सुरक्षित बाहर निकाला।

उन्होंने बताया कि स्कूल वैन चालक के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता और मोटर वाहन अधिनियम के संबंधित प्रावधानों के तहत एक मामला दर्ज किया गया है और वाहन को जब्त कर लिया गया है। अधिकारी ने बताया कि विद्यार्थियों की सुरक्षा के मानकों और चालक के चरित्र सत्यापन संबंधी दिशा-निर्देशों की कथित अनदेखी के कारण विद्यालय संचालक के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता की धारा 223 (सरकारी अधिकारी का आदेश नहीं मानना) के तहत एक अलग प्राथमिकी दर्ज की गई है।

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Nepal Flood में फंसे लोगों के लिए जारी हुए Helpline Number, Uttarakhand ने शुरू की मदद

नेपाल के रसुवा क्षेत्र में भोटे कोशी नदी में बुधवार को अचानक आई भीषण बाढ़ से हुए जान-माल के नुकसान के मद्देनजर उत्तराखंड सरकार ने वहां फंसे अपने नागरिकों की सहायता के लिए हेल्पलाइन नंबर जारी किए हैं। अधिकारियों ने बताया कि उत्तराखंड राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (यूएसडीएमए) ने प्रदेश के नागरिकों की सहायता के लिए ये हेल्पलाइन नंबर जारी किए हैं। उन्होंने कहा कि यदि उत्तराखंड का कोई नागरिक नेपाल के प्रभावित क्षेत्र में फंसा हुआ है या किसी व्यक्ति के संबंध में कोई जानकारी साझा करनी है, तो देहरादून स्थित राज्य आपातकालीन परिचालन केंद्र (एसईओसी) के हेल्पलाइन नंबरों पर संपर्क किया जा सकता है।

अधिकारियों के अनुसार, एसईओसी के 0135-2710334, 2710335, 2664314, 2664315, 2664316 और 8218867005 नंबरों के अलावा टोल-फ्री नंबर 1070 पर भी संपर्क किया जा सकता है। इस बीच, उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने नेपाल में आई प्राकृतिक आपदा में हुए व्यापक जान-माल के नुकसान पर गहरा दुख व्यक्त किया है। धामी ने कहा कि इस कठिन समय में उत्तराखंड की जनता और सरकार की संवेदनाएं नेपाल के प्रभावित परिवारों के साथ हैं।

मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तराखंड, विशेष रूप से कुमाऊं क्षेत्र का नेपाल के साथ विशेष और आत्मीय संबंध है। ऐसे में नेपाल में आई आपदा का दुख प्रदेश के लोगों के लिए भी अपने परिवार के किसी सदस्य के संकट में होने जैसा है। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार स्थिति पर नजर बनाए हुए है और आवश्यकता पड़ने पर हरसंभव सहयोग के लिए तत्पर है।

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  Sports

Women’s Asia Cup 2026 में टीम इंडिया के शेड्यूल समेत 5 बड़ी बातें, जानिए कब और कहां देख सकते हैं Live?

पिछला एशिया कप 2 साल पहले 2024 में खेला गया था, जिसमें फाइनल में श्रीलंका ने भारत को हराकर पहली बार खिताब जीता था. इस बार टीम इंडिया वो हिसाब बराबर करने के इरादे से उतरेगी. Fri, 28 Aug 2026 00:02:51 +0530

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