Responsive Scrollable Menu

भारत का मानसून बेहतर हुआ, खरीफ फसलों को नुकसान की आशंका आई कमी : रिपोर्ट

नई दिल्ली, 24 अगस्त (आईएएनएस)। भारत में मानसून की स्थिति हाल के महीनों में काफी बेहतर हुई है, जिससे खरीफ फसलों को व्यापक नुकसान की आशंका कमी आई है। हालांकि, बारिश का वितरण अभी भी एक महत्वपूर्ण कारक बना हुआ है, जिस पर नजर रखना जरूरी है। यह जानकारी एक रिपोर्ट में दी गई।

वैश्विक ब्रोकरेज फर्म मैक्वायरी की एक रिपोर्ट के मुताबिक, 19 अगस्त तक संचयी बारिश की कमी घटकर 12.6 प्रतिशत रह गई है, जो जून में 35 प्रतिशत थी।

रिपोर्ट में कहा गया, “स्थिति में सुधार हो रहा है, हालांकि यह पूरी तरह सामान्य नहीं हुई है।” मानसून में सुधार का असर खरीफ फसलों की बुवाई पर भी देखने को मिला है। सीजन की कमजोर शुरुआत के बाद बुवाई में काफी सुधार हुआ है।

ब्रोकरेज के अनुसार, 14 अगस्त तक कुल खरीफ बुवाई पिछले साल के स्तर से 2 प्रतिशत कम थी, जबकि जून के अंत में यह कमी 21 प्रतिशत थी।

इसके अलावा, धान का रकबा पिछले साल की तुलना में 3.7 प्रतिशत कम रहा, जबकि मक्का का रकबा 4 प्रतिशत घटा।

इसके विपरीत, दलहन, तिलहन, गन्ना और कपास का रकबा पिछले साल के स्तर से करीब 1 प्रतिशत के दायरे में रहा।

मैक्वायरी ने कहा कि बुवाई में बची हुई कमी मुख्य रूप से कुछ चुनिंदा फसलों तक सीमित है और यह व्यापक स्तर पर नहीं है।

इसके अलावा, जलाशयों में पर्याप्त जल स्तर भी बारिश की कमी के खिलाफ सुरक्षा कवच प्रदान कर रहा है। महाराष्ट्र और गुजरात में जलाशयों में पानी का भंडारण 10 साल के औसत स्तर के बराबर या उससे अधिक है। वहीं, उत्तर प्रदेश, मध्य प्रदेश और पंजाब जैसे प्रमुख कृषि राज्यों में जल भंडारण उनके संबंधित औसत स्तर का करीब 80-100 प्रतिशत है।

हालांकि, बिहार और दक्षिण भारत के कुछ हिस्सों पर करीबी नजर रखने की जरूरत है।

रिपोर्ट के अनुसार, मानसून में सुधार, कुल बुवाई में सीमित कमी और पर्याप्त सिंचाई भंडार ने मिलकर खरीफ उत्पादन में गिरावट के जोखिम को कम कर दिया है।

रिपोर्ट में आगे कहा गया कि मानसून की प्रगति महंगाई के लिहाज से भी सकारात्मक है। जून के स्तर की तुलना में खाद्य आपूर्ति और महंगाई से जुड़े जोखिम कम हो रहे हैं।

--आईएएनएस

एबीएस

डिस्क्लेमरः यह आईएएनएस न्यूज फीड से सीधे पब्लिश हुई खबर है. इसके साथ न्यूज नेशन टीम ने किसी तरह की कोई एडिटिंग नहीं की है. ऐसे में संबंधित खबर को लेकर कोई भी जिम्मेदारी न्यूज एजेंसी की ही होगी.

Continue reading on the app

सांप काटने पर शुरुआती एक घंटे में इलाज अत्यंत जरूरी, जानिए सर्पदंश के लक्षण

लखनऊ, 24 अगस्त (आईएएनएस)। मानसून शुरू होते ही देश के कई हिस्सों से सांप दिखाई देने लगते हैं। घरों, खेतों, बगीचों और सड़कों तक पर सांप दिखाई देते हैं। वहीं, कई जगहों पर सर्पदंश की खबरे आ रही हैं। ऐसे में सर्पदंश से तुरंत बचाव के लिए उत्तर प्रदेश के राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन ने एडवाइजरी जारी की है।

राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन ने एक्स पर पोस्ट किया, पहला घंटा सबसे महत्वपूर्ण। सर्पदंश एक आपातकालीन स्थिति है, जिसमें शुरुआती 1 घंटा बहुत महत्वपूर्ण माना जाता है। किसी भी लक्षण के दिखते ही तुरंत अस्पताल जाएं और चिकित्सकीय सहायता लें, क्योंकि समय पर इलाज ही सुरक्षा की कुंजी है।

राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन ने सर्पदंश के लक्षण भी बताया हैं। दो छिद्रयुक्त निशान, घाव से खून बहना या रिसना, सांस लेने में कठिनाई, त्वचा के रंग में बदलाव, आवाज में बदलाव या भारीपन और काटने के स्थान पर सूजन, जलन और तीव्र दर्द सांप काटने के लक्षण होते हैं।

राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन ने कहा, सर्पदंश की स्थिति में पहले 1 घंटे में इलाज अत्यंत महत्वपूर्ण होता है। पीड़ित को तुरंत नजदीकी सरकारी चिकित्सा केंद्र में ले जाएं और समय पर चिकित्सा सहायता प्राप्त करें।

विश्व स्वास्थ्य संगठन (डब्ल्यूएचओ) के मुताबिक, सांप के ज़हर (वेनम) के असर को रोकने या कम करने के लिए एंटीवेनम एक असरदार इलाज है और इसे डब्ल्यूएचओ की जरूरी दवाओं की लिस्ट में शामिल किया गया है। इन एंटीवेनम की उपलब्धता और पहुंच के साथ-साथ समुदायों और हेल्थ वर्करों के बीच बचाव के तरीकों के बारे में जागरूकता बढ़ाना, सांप के काटने से होने वाले गंभीर नतीजों और मौतों को कम करने का सबसे अच्छा तरीका है।

डब्ल्यूएचओ के अनुसार, अगर किसी ऐसे सांप ने काटा हो जिसके जहरीला होने का शक है, तो काटे गए हिस्से से घड़ी, कड़ा, अंगूठी या कोई भी टाइट चीज निकाल दें, ताकि सूजन आने पर नुकसान न हो। पीड़ित को शांत रखें। ज्यादातर जहरीले सांपों के काटने से तुरंत मौत नहीं होती। व्यक्ति को हिलने-डुलने से रोकें और जितनी जल्दी हो सके नजदीकी हेल्थ सेंटर ले जाएं।

कुछ मामलों में, काटने वाली जगह पर प्रेशर पैड से दबाव डालना सही हो सकता है। पारंपरिक प्राथमिक उपचार के तरीकों या जड़ी-बूटियों वाली दवाओं का इस्तेमाल न करें। स्थानीय दर्द (जो बहुत तेज हो सकता है) के लिए पैरासिटामोल दी जा सकती है। उल्टी हो सकती है, इसलिए व्यक्ति को बाईं करवट रिकवरी पोज़िशन में लिटाएं। सांस की नली और सांस लेने की प्रक्रिया पर बारीकी से नजर रखें और जरूरत पड़ने पर सीपीआर देने के लिए तैयार रहें।

--आईएएनएस

ओपी/एएस

डिस्क्लेमरः यह आईएएनएस न्यूज फीड से सीधे पब्लिश हुई खबर है. इसके साथ न्यूज नेशन टीम ने किसी तरह की कोई एडिटिंग नहीं की है. ऐसे में संबंधित खबर को लेकर कोई भी जिम्मेदारी न्यूज एजेंसी की ही होगी.

Continue reading on the app

  Sports

Women's Asia Cup से पहले Pakistan को बड़ा झटका, Najiha Alvi चोटिल होकर बाहर, Sadaf Shamas की हुई एंट्री

पाकिस्तान महिला क्रिकेट टीम को एशिया कप शुरू होने से पहले बड़ा झटका लगा है। विकेटकीपर बल्लेबाज नाजिहा अल्वी घुटने की चोट के कारण महिला टी20 एशिया कप से बाहर हो गई हैं। पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड ने उनकी जगह सदफ शमास को टीम में शामिल किया है।

पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड के मुताबिक नाजिहा अल्वी ने अपने बाएं घुटने के पिछले हिस्से में दर्द की शिकायत की थी। इसके बाद कराए गए परीक्षणों में चोट की आशंका सामने आई। बोर्ड की चिकित्सकीय टीम ने जांच के बाद उन्हें आराम और पुनर्वास की सलाह दी है। नाजिहा की पूरी तरह ठीक होने में करीब चार सप्ताह लग सकते हैं।

नाजिहा के बाहर होने से पाकिस्तान की टीम के सामने विकेटकीपिंग और बल्लेबाजी दोनों मोर्चों पर विकल्प तलाशने की चुनौती होगी। हालांकि टीम में मुनीबा अली पहले से विकेटकीपर के तौर पर मौजूद हैं। ऐसे में सदफ शमास को मुख्य रूप से बल्लेबाजी में अपनी भूमिका मजबूत करने का मौका मिल सकता है।

सदफ शमास दाएं हाथ की बल्लेबाज हैं और जनवरी 2023 में अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में पदार्पण कर चुकी हैं। उन्होंने पाकिस्तान के लिए अब तक 12 टी20 अंतरराष्ट्रीय मुकाबले खेले हैं। हालांकि अक्टूबर 2024 के बाद से उन्हें टी20 अंतरराष्ट्रीय टीम में खेलने का मौका नहीं मिला है, लेकिन एकदिवसीय क्रिकेट में उनका प्रदर्शन इस साल काफी प्रभावशाली रहा है।

मौजूद जानकारी के अनुसार सदफ ने इस साल नौ पारियों में 488 रन बनाए हैं। इस दौरान उन्होंने अपना पहला अंतरराष्ट्रीय शतक लगाने के साथ चार अर्धशतक भी जड़े हैं। इसी प्रदर्शन के कारण उन्हें एशिया कप की टीम में जगह मिलने के बाद अब नाजिहा की जगह अंतिम दल में शामिल किया गया है।

गौरतलब है कि महिला एशिया कप का आयोजन 28 अगस्त से 13 सितंबर तक दुबई में होना है। पाकिस्तान को ग्रुप ए में भारत, थाईलैंड और हांगकांग के साथ रखा गया है। पाकिस्तान अपने अभियान की शुरुआत एक सितंबर को थाईलैंड के खिलाफ करेगा। इसके बाद पांच सितंबर को भारत से मुकाबला होगा, जबकि सात सितंबर को टीम हांगकांग के खिलाफ अपना आखिरी ग्रुप मैच खेलेगी।

पाकिस्तान टीम की कप्तानी फातिमा सना के हाथों में है। टीम में आयशा जफर, ईमान नसीर, ईमान फातिमा, गुल फिरोजा, मोमिना रियासत, मुनीबा अली, नशरा संधू, सादिया इकबाल, सायरा जाबीन, शवाल जुल्फिकार, तूबा हसन, उम्म-ए-हानी, वहीदा अख्तर और सदफ शमास शामिल हैं।

नाजिहा की चोट ऐसे समय आई है जब पाकिस्तान भारत के खिलाफ होने वाले मुकाबले को लेकर भी तैयारी कर रहा है। एशिया कप जैसे बड़े टूर्नामेंट में टीमों के लिए शुरुआती मुकाबलों से ही संतुलित संयोजन बनाए रखना अहम होता है। ऐसे में सदफ शमास के हालिया एकदिवसीय प्रदर्शन पर पाकिस्तान टीम प्रबंधन की नजर रहेगी। फिलहाल नाजिहा के लिए लक्ष्य जल्द से जल्द फिट होकर मैदान पर वापसी करना है।
Mon, 24 Aug 2026 23:34:00 +0530

  Videos
See all

Tara Sutaria: तारा सुतारिया का कूल लुक आया सामने #tarasutaria #shorts #viral #aajtak #bollywood #tmktech #vivo #v29pro
2026-08-24T18:15:35+00:00

Anjana Om Kashyap | महाराष्ट्र के पहाड़ी कांड में ना आईफोन विलेन ना बेटा #Shorts #Viral #tmktech #vivo #v29pro
2026-08-24T18:16:13+00:00
Editor Choice
See all
Photo Gallery
See all
World News
See all
Top publishers