पूर्व रक्षा मंत्री पर खुलकर बोले Volodymyr Zelenskyy, बताया क्यों पैदा हुई थी डोनाल्ड ट्रंप संग असहज स्थिति
यूक्रेन के राष्ट्रपति वोलोदिमीर जेलेंस्की ने पहली बार पूर्व रक्षा मंत्री मिखाइलो फेडोरोव के साथ अपने मतभेदों पर खुलकर बात की है। जेलेंस्की ने कहा कि उन्हें लगता है कि पद से बर्खास्त किए गए मिखाइलो फेडोरोव ने बड़े पैमाने पर हुए विरोध प्रदर्शनों में शामिल होने और देश में चुनाव कराने की मांग जैसे कुछ गलत कदम उठाए थे। शनिवार को पत्रकारों के साथ करीब दो घंटे की अनौपचारिक बातचीत के दौरान जेलेंस्की ने यह बातें कहीं, जिसकी जानकारी सार्वजनिक कर दी गई है।
फेडोरोव पर जेलेंस्की का बयान
राष्ट्रपति जेलेंस्की ने कहा, "मिखाइलो के प्रति मेरा नजरिया हमेशा सकारात्मक रहा है और अब भी है। हमने साथ मिलकर बहुत कुछ देखा है। लेकिन मेरा मानना है कि वह खुद कुछ गलत कदम उठा लेते हैं या उन्हें ऐसा करने के लिए उकसाया जाता है।" जेलेंस्की ने यह भी बताया कि रक्षा मंत्रालय से मिली गलत जानकारी के कारण रूस में स्टारलिंक के इस्तेमाल को लेकर अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के साथ एक असहज स्थिति पैदा हो गई थी।
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युद्ध के मैदान का हाल
जेलेंस्की ने आंकड़े जारी करते हुए बताया कि रूसी बैलिस्टिक मिसाइल हमलों का मुकाबला करने के लिए यूक्रेन के पास पैट्रियट एयर-डिफेंस मिसाइलों की भारी कमी हो रही है। पिछले तीन वर्षों में पश्चिमी सहयोगियों से मिलने वाली आपूर्ति में गिरावट आई है, जबकि रूस ने अपने हमले तेज कर दिए हैं। हालांकि, उन्होंने युद्ध के मैदान में मिली सफलताओं का जिक्र करते हुए कहा कि यूक्रेनी सेना ने निप्रॉपेट्रोव्स्क इलाके के लगभग पूरे हिस्से को वापस अपने नियंत्रण में ले लिया है और अब वहां केवल 10 वर्ग किलोमीटर क्षेत्र ही रूसी कब्जे में बचा है।
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कौन हैं मिखाइलो फेडोरोव और क्यों हटाए गए?
मिखाइलो फेडोरोव को यूक्रेन की सेना के आधुनिकीकरण, तकनीक और ड्रोन युद्ध को बढ़ावा देने का बड़ा श्रेय दिया जाता है। उन्हें पिछले महीने देश के शीर्ष सैन्य कमांडर के साथ हुए मतभेदों के बाद पद से हटा दिया गया था। उन्हें हटाए जाने के बाद देश में बड़े पैमाने पर विरोध प्रदर्शन शुरू हो गए थे। इसके बाद फेडोरोव ने एक वीडियो संदेश जारी कर देश में चुनाव कराने की मांग भी की थी।
पहली भारतीय महिला मिमिक्री आर्टिस्ट आशा सिंह का निधन:मीना कुमारी की नकल से फेम मिला, बीआर चोपड़ा की महाभारत में द्रोणाचार्य की पत्नी बनी थीं
दिग्गज अभिनेत्री और भारत की पहली महिला मिमिक्री आर्टिस्ट आशा सिंह जायसवाल का निधन हो गया है। उन्होंने 22 अगस्त को शाम करीब 7:30 बजे अंतिम सांस ली। उनके बेटे आकाश भारद्वाज ने पोस्ट शेयर कर इस बात की जानकारी दी। आशा को भारत की पहली महिला मिमिक्री आर्टिस्ट माना जाता है। वे हिंदी सिनेमा की मशहूर एक्ट्रेस मीना कुमारी की आवाज की नकल करने के लिए पहचानी जाती थीं। वह बीआर चोपड़ा की महाभारत में द्रोणाचार्य की पत्नी कृपी के किरदार में नजर आई थीं। उनका अंतिम संस्कार रविवार को सुबह 10 बजे मुंबई के विले पार्ले स्थित पवन हंस श्मशान घाट पर किया गया। बेटे आकाश ने लिखा- मा के लिए उनका काम ही सब कुछ था आशा के बेटे आकाश ने लिखा कि उनकी मां के लिए उनका काम ही सब कुछ था। उन्होंने लोगों से अपील की कि वे सोशल मीडिया पर उनकी मां के काम को जरूर देखें और याद रखें, ताकि उनकी आत्मा को शांति मिले। मां का संदेश था कि मृत्यु का दुख मनाने के बजाय आनंद महसूस करना चाहिए। आशा इवेंट्स एंड फिल्म्स नाम से कंपनी बनाई थी आशा सिंह जायसवाल एक एंटरप्रेन्योर भी थीं। उन्होंने 'आशा इवेंट्स एंड फिल्म्स' नाम की कंपनी बनाई थी, जिसकी वे फाउंडर और ऑपरेटर थीं। इस कंपनी के जरिए वे कई सांस्कृतिक और इवेंट्स आयोजित करती थीं। जीवन के आखिरी दिनों तक वे अपने काम से जुड़ी रहीं।
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