केंद्रीय मंत्री Anupriya Patel बोलीं, भारत को ग्लोबल लैब बनाने के लिए AI का इस्तेमाल जरूरी
केंद्रीय मंत्री अनुप्रिया पटेल ने शनिवार को कहा कि भारत को वैश्विक फार्मेसी से आगे बढ़कर औषधियों की खोज के लिए कृत्रिम बुद्धिमत्ता (एआई) का इस्तेमाल करके वैश्विक प्रयोगशाला बनने की दिशा में काम करना चाहिए। पटेल ने भारतीय प्रबंधन संस्थान-अहमदाबाद में आयोजित हेल्थकेयर समिट 2026 को संबोधित करते हुए कहा कि एआई क्षेत्रीय असमानताओं को दूर करने और चिकित्सा विशेषज्ञों की कमी को पूरा करने में मददगार साबित हो सकता है। केंद्रीय स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण राज्य मंत्री ने कहा, देश केवल दुनिया की फार्मेसी कहलाने से संतुष्ट नहीं होने वाला।
इसे भी पढ़ें: Anupriya Patel ने कहा, भारत को Global Pharmacy से आगे Lab बनना होगा
अब इसका लक्ष्य दुनिया की प्रयोगशाला बनने का है और इसी वजह से एआई जरूरी है। उन्होंने कहा, हम नहीं चाहते कि भारतीय औषधि उद्योग केवल उन दवाओं का निर्माण करता रहे, जिनकी खोज दूसरे देशों में हुई है। काफी समय से ऐसा हो रहा है।
हमें दुनिया की फार्मेसी कहा गया है। हम दुनिया भर के देशों को जेनेरिक दवाएं और टीके उपलब्ध कराते हैं। हम विश्व स्वास्थ्य संगठन (डब्ल्यूएचओ) की जरूरतों को पूरा कर रहे हैं और भारत की क्षमताओं की सराहना की जा रही है।
इसे भी पढ़ें: Raghuram Rajan का बड़ा बयान: AI के इस्तेमाल पर लगे Tax, कर्मचारियों के लिए Training देने वाली कंपनियों को मिले राहत
लेकिन अब हमें इससे आगे बढ़ने की जरूरत है।
Brain Health: रील्स देख-देखकर दिमाग हो रहा है खोखला? नई रिसर्च ने खोली सबकी आंखें
रील्स और शॉर्ट्स जैसे छोटे वीडियो की लत दिमाग के लिए हानिकारक है। रिसर्च बताती है कि इससे फोकस और सेल्फ-कंट्रोल घटता है। एक्सपर्ट्स इसके लिए टाइम लिमिट सेट करने और ब्रेक लेने की सलाह देते हैं।
होम
जॉब
पॉलिटिक्स
बिजनेस
ऑटोमोबाइल
गैजेट
लाइफस्टाइल
फोटो गैलरी
Others 
prabhasakshi
Asianetnews








