Responsive Scrollable Menu

लहर-लहर:खदानें, इमारतें, कारखाने नहीं... मुल्क की सबसे बड़ी दौलत नौजवान होते हैं

जब मैंने काम शुरू किया, तब मैं अपने से बड़ों के बीच था। मैंने सिप्पी फिल्म्स जॉइन की थी। रमेश सिप्पी साहब की ‘अंदाज’ बन रही थी। उस वक्त मेरी उम्र पच्चीस साल थी और रमेश जी छब्बीस के थे। लेकिन हमारे आसपास लगभग सभी हमसे उम्र में बड़े थे। उनसे हमने सीखा, उन्हें देखा, उनकी बातें सुनीं। फिर वक्त बदला। धीरे-धीरे हमारी उम्र के लोग इंडस्ट्री में आए। उसके बाद हमसे कम उम्र के लोग आने लगे। और आज जिन लोगों के साथ मैं काम करता हूं, उनमें से कई तो मेरे पोती-पोतों की उम्र के हैं। लोग अक्सर पूछते हैं कि इतने साल बाद भी आप अपने आपको प्रासंगिक कैसे बनाए हुए हैं। इसका कोई फॉर्मूला नहीं है, कोई जादू नहीं है। बस एक बात है- अगर आपके भीतर यह विनम्रता बची हुई है कि आप नई पीढ़ी की बात सुन सकें, उनसे सीख सकें और यह मान सकें कि दुनिया बदल रही है, तभी आप समय के साथ चल सकते हैं। सबसे खतरनाक बात यह है कि आदमी यह मान बैठे कि ‘मुझे सब पता है।’ जिस दिन आपको यह यकीन हो जाए कि ‘मैं ही सबसे ज्यादा जानता हूं’, उसी दिन आपकी सीखने की उम्र खत्म हो जाती है। अगर आप यह समझने लगें कि आपसे छोटों को दुनिया की कोई समझ नहीं है और बड़े भी आपसे ज्यादा नहीं जानते थे, तो आप अपने चारों तरफ दीवार खड़ी कर लेते हैं। आप तभी प्रासंगिक बने रह सकते हैं जब आपके भीतर इतनी विनम्रता हो कि यह स्वीकार कर सकें कि दुनिया बदल रही है। अगर आप नौजवानों की बात सुन सकते हैं, उनसे सीखने के लिए तैयार हैं और उन्हें समझने की कोशिश करते हैं, तो आप कभी अप्रासंगिक नहीं होंगे। किसी भी मुल्क की सबसे बड़ी दौलत उसकी खदानें, इमारतें या कारखाने नहीं होते; उसके नौजवान होते हैं। अगर नौजवानों के पास खुला दिमाग है, नई बातें सीखने की बेचैनी है और दुनिया को बेहतर बनाने का जज्बा है, तो उस देश का भविष्य सुरक्षित है। हमें नई पीढ़ी का सम्मान करना होगा। सच तो यह है कि हम इस दुनिया में ठहरने की अपनी बारी से कुछ ज्यादा ही ‘ठहर गए’ हैं; यह दुनिया असल में नई जेनरेशन की है। हां, यह भी सच है कि कुछ बातें अनुभव ने हमें सिखाई हैं, जो उन्हें अभी नहीं मालूम हैं, लेकिन उतना ही बड़ा सच यह भी है कि आज की दुनिया के बारे में बहुत-सी बातें वे जानते हैं, जिनकी हमें पूरी खबर नहीं। अगर दोनों पीढ़ियां एक-दूसरे से सीखने के लिए तैयार हों, तभी दोनों आगे बढ़ेंगे। हर नई पीढ़ी अपने साथ कुछ नया लेकर आती है। वह अपने बड़ों से कुछ सीखती है, लेकिन उनकी गलतियों को दोहराने के लिए पैदा नहीं होती। उसका काम है उनसे आगे जाना। अगर हर पीढ़ी पिछली पीढ़ी से ज्यादा समझदार, संवेदनशील और आजाद न बने, तो तरक्की का मतलब ही क्या रह जाएगा? एक बड़ी दिक्कत ये भी है कि लोग सुनते नहीं हैं, यानी जब आप बात कर रहे हैं तो मैं सुन नहीं रहा हूं, मैं ‘वेट’ कर रहा हूं कि जब ये चुप हों तो मैं अपनी बात कहूं। तो हम ‘वेटिंग टु टॉक’ हैं, ‘वेटिंग टु लिसनिंग’ नहीं। लेकिन वो एक बात है न कि- हमीं हम हैं तो क्या हम हैं, तुम्हीं तुम हो तो क्या तुम हो। तो दूसरे के भी ‘पॉइंट ऑफ व्यू’ को देखो। इतना सेल्फ सेंटर्ड एट्टिट्यूड और सेल्फिशनेस होगी तो दुनिया गड़बड़ हो जाएगी। मैं नौजवानों से हमेशा यही कहता हूं- दुनिया को अपनी आंखों से देखिए और उन लोगों की बात भी सुनिए जो आपसे अलग सोचते हैं। किसी बात को सिर्फ इसलिए सच मत मान लीजिए कि उसे बहुत लोग मानते हैं और किसी नए खयाल को सिर्फ इसलिए खारिज मत कर दीजिए कि वह नया है। मैं यह नहीं कहता कि हर पुरानी बात गलत है। मेरा सिर्फ इतना कहना है कि हर विचार- चाहे वह कितना ही पुराना क्यों न हो- तर्क और प्रमाण की कसौटी पर परखा जाना चाहिए। जो बात सही होगी, वह और मजबूत होकर सामने आएगी; जो गलत होगी, उसे बदल देना चाहिए। (संपादन और समन्वय- अरविंद मण्डलोई)

Continue reading on the app

This satellite can see inside forests | BBC News

What if we could measure every leaf, branch and tree across the world's forests? New technologies are making that possible. Scientists are using satellites, laser scanners and AI to create super detailed 3D maps, revealing how much carbon is stored by forests and how they're changing because of climate change and deforestation. Tech Now's Yasmin Morgan-Griffiths spoke to leading tree ecologists and went exploring in the woods to find out more. Subscribe to our channel here: https://bbc.in/bbcnews For the latest news, download the BBC News app or visit BBC.com/news #ForestXRay #Technology #BBCNews

Continue reading on the app

  Sports

Jasprit Bumrah की Knee Injury ने बढ़ाई Team India की टेंशन, Sri Lanka के खिलाफ गेंदबाजी आक्रमण पड़ेगा कमजोर

भारतीय टेस्ट टीम को श्रीलंका के खिलाफ होने वाली दो मैचों की टेस्ट श्रृंखला से पहले बड़ा झटका लगा है। टीम के सबसे अनुभवी तेज गेंदबाज जसप्रीत बुमराह चोट के कारण इस श्रृंखला का हिस्सा नहीं होंगे। पूरी तरह फिट नहीं हो पाने की वजह से उन्हें अंतिम टीम से बाहर कर दिया गया है। उनकी अनुपस्थिति भारतीय गेंदबाजी आक्रमण के लिए बड़ी चुनौती मानी जा रही है।

मौजूद जानकारी के अनुसार, जसप्रीत बुमराह को पिछले महीने इंग्लैंड के खिलाफ खेले गए दूसरे एकदिवसीय मुकाबले के दौरान बाएं घुटने में चोट लगी थी। इसके बाद से वह लगातार चिकित्सकीय निगरानी में रहकर पुनर्वास प्रक्रिया से गुजर रहे थे। बीसीसीआई ने उन्हें श्रीलंका दौरे के लिए प्रारंभिक टीम में शामिल किया था, लेकिन यह चयन उनकी फिटनेस रिपोर्ट पर निर्भर था।

बता दें कि बुमराह को बेंगलुरु स्थित बीसीसीआई के उत्कृष्टता केंद्र में फिटनेस परीक्षण से गुजरना था। हालांकि पुनर्वास के दौरान उन्हें घुटने में लगातार असहजता महसूस होती रही। चिकित्सकीय टीम ने उनकी स्थिति का आकलन करने के बाद यह फैसला लिया कि उन्हें अभी मैदान पर लौटाना जोखिम भरा हो सकता है। इसी कारण उन्हें श्रीलंका के खिलाफ टेस्ट श्रृंखला से बाहर कर दिया गया है।

गौरतलब है कि इंग्लैंड दौरे के दौरान भी बुमराह को चोट की समस्या का सामना करना पड़ा था। कार्डिफ में क्षेत्ररक्षण करते समय लगी चोट के कारण वह लॉर्ड्स में खेला गया एकदिवसीय मुकाबला भी नहीं खेल सके थे। इसके बाद उम्मीद थी कि वह समय रहते फिट होकर श्रीलंका श्रृंखला में वापसी करेंगे, लेकिन ऐसा संभव नहीं हो सका है।

जसप्रीत बुमराह पिछले कई वर्षों से भारतीय तेज गेंदबाजी की सबसे मजबूत कड़ी रहे हैं। नई और पुरानी दोनों गेंद से विकेट लेने की उनकी क्षमता ने उन्हें दुनिया के सर्वश्रेष्ठ टेस्ट गेंदबाजों में शामिल किया है। मौजूद जानकारी के अनुसार, वह इस समय भी टेस्ट गेंदबाजों की विश्व रैंकिंग में शीर्ष स्थान पर बने हुए हैं।

बता दें कि भारतीय टीम पिछले दो वर्षों में घरेलू मैदान पर दो टेस्ट श्रृंखलाएं हार चुकी है, जबकि विदेशी दौरों पर भी उसका प्रदर्शन उम्मीद के अनुरूप नहीं रहा है। ऐसे समय में बुमराह की गैरमौजूदगी टीम के लिए बड़ा झटका मानी जा रही है। अब टीम प्रबंधन को अन्य तेज गेंदबाजों पर अधिक भरोसा करना होगा।

फिलहाल बीसीसीआई की चिकित्सकीय टीम उनकी फिटनेस पर लगातार नजर बनाए हुए है। टीम प्रबंधन की कोशिश है कि बुमराह पूरी तरह स्वस्थ होने के बाद ही मैदान पर वापसी करें, ताकि भविष्य की महत्वपूर्ण श्रृंखलाओं में वह पूरी क्षमता के साथ भारतीय टीम का प्रतिनिधित्व कर सकें।
Sun, 02 Aug 2026 22:46:43 +0530

  Videos
See all

Iran America War Live: ईरान-अमेरिका महायुद्ध की खबर! | Trump | Air Strike | Kuwait | Baharin | N18G #tmktech #vivo #v29pro
2026-08-02T17:46:55+00:00

PM Modi | Gen-Z | Drug De-addiction Campaign: विकसित भारत का संकल्प..अब बहकाने वाली 'सोच' पर चोट! #tmktech #vivo #v29pro
2026-08-02T17:43:03+00:00

Baba Ramdev | Rubika Liyaquat: 'गर्लफ्रेंड-बॉयफ्रेंड का मतलब..' बाबा रामदेव का बयान वायरल ! #shorts #tmktech #vivo #v29pro
2026-08-02T17:44:20+00:00

Pappu Yadav Attack: दिल्ली में चाकू से हमला कैसे हुआ? खुद बताई पूरी कहानी | Times Now Navbharat News #tmktech #vivo #v29pro
2026-08-02T17:44:06+00:00
Editor Choice
See all
Photo Gallery
See all
World News
See all
Top publishers