Responsive Scrollable Menu

A PHP Error was encountered

Severity: Warning

Message: Attempt to read property "category_list" on null

Filename: front/menu.php

Line Number: 81

Backtrace:

File: /home/ezenews/htdocs/www.ezenews.in/public/application/views/front/menu.php
Line: 81
Function: _error_handler

File: /home/ezenews/htdocs/www.ezenews.in/public/application/views/front/post_detail.php
Line: 6
Function: view

File: /home/ezenews/htdocs/www.ezenews.in/public/application/controllers/Web.php
Line: 161
Function: view

File: /home/ezenews/htdocs/www.ezenews.in/public/application/controllers/Web.php
Line: 296
Function: show_page

File: /home/ezenews/htdocs/www.ezenews.in/public/index.php
Line: 319
Function: require_once

A PHP Error was encountered

Severity: Warning

Message: foreach() argument must be of type array|object, null given

Filename: front/menu.php

Line Number: 81

Backtrace:

File: /home/ezenews/htdocs/www.ezenews.in/public/application/views/front/menu.php
Line: 81
Function: _error_handler

File: /home/ezenews/htdocs/www.ezenews.in/public/application/views/front/post_detail.php
Line: 6
Function: view

File: /home/ezenews/htdocs/www.ezenews.in/public/application/controllers/Web.php
Line: 161
Function: view

File: /home/ezenews/htdocs/www.ezenews.in/public/application/controllers/Web.php
Line: 296
Function: show_page

File: /home/ezenews/htdocs/www.ezenews.in/public/index.php
Line: 319
Function: require_once

  Recommended

A PHP Error was encountered

Severity: Warning

Message: Attempt to read property "response" on null

Filename: controllers/Web.php

Line Number: 290

Backtrace:

File: /home/ezenews/htdocs/www.ezenews.in/public/application/controllers/Web.php
Line: 290
Function: _error_handler

File: /home/ezenews/htdocs/www.ezenews.in/public/index.php
Line: 319
Function: require_once

Israel ने की थी हत्या की प्लानिंग, अमेरिका को लगी भनक, कैसे बचे ईरानी नेता? हुआ खुलासा!

सियासत की बिसात पर मोहरे चाहे जितने भी बिछाए जाए लेकिन जब अमन का सौदा होता है तो जंगबाजों के हाथ कांपने लगते हैं। मध्य पूर्व यानी खाड़ी देशों से इस वक्त की जो सबसे बड़ी और चौंकाने वाली खबर आ रही है। उसने पूरी दुनिया के होश उड़ा दिए हैं। एक ऐसी खुफिया साजिश जो अगर कामयाब हो जाती तो आज आधी दुनिया तीसरे विश्व युद्ध की भीषण आग में जल रही होती। अमेरिका और ईरान के बीच एक बार फिर से वो खूनी जंग छिड़ सकती थी जिसकी तबाही का अंदाजा लगाना भी मुश्किल है। शांति और अमन की तमाम कोशिशों को ऐसा गहरा झटका लगने वाला था जिसकी भरपाई मुमकिन नहीं थी और यह सब तब होता जब इसराइल अपने खौफनाक मंसूबों में कामयाब हो जाता। इजराइल ने अमेरिका के साथ बातचीत में शामिल ईरान के टॉप लीडर्स को रास्ते से हटाने का यानी सीधे-सीधे गेम से आउट करने का पूरा प्लान तैयार कर लिया था। मगर ऐन वक्त पर अमेरिका को इसराइल के इस सीक्रेट ऑपरेशन की भनक लग गई। 

इसे भी पढ़ें: तेहरान में भारत ने दिखाया दम, फूट-फूट कर रोए ईरानी राष्ट्रपति

वाशिंगटन ने तुरंत अपने ब्लैक चैनल और खुफिया कूटनीतिक रास्ते एक्टिवेट किए और नेतन्याहू के हाथ पकड़ लिए। अमेरिका के भारी दबाव के बाद इसराइल को अपने कदम पीछे खींचने पड़े और तब जाकर ईरान के दो टॉप लीडर्स की जान बची। न्यूयॉर्क टाइम्स की रिपोर्ट इस बात की तस्दीक करती है। अमेरिका को इस साल की शुरुआत में सबसे बड़ा डर ईरान के विदेश मंत्री अब्बास अराकची और संसद अध्यक्ष मोहम्मद बागेरी अलीबाफ को लेकर था। यह दोनों वह चेहरे हैं जो अमेरिका के साथ चल रही अप्रत्यक्ष शांति वार्ता यानी बैक चैनल नेगोशिएशन में ईरान की तरफ से सबसे अहम भूमिका निभा रहे हैं। सीधे शब्दों में कहें तो ईरान की ओर से यही दोनों शांति वार्ता के असली सूत्रधार हैं। अमेरिकी अधिकारियों का मानना था कि बातचीत के इस बेहद नाजुक मोड़ पर अगर इन दोनों नेताओं में से किसी एक पर भी हमला हुआ तो शांति की पूरी बिसात उलट जाएगी।

इसे भी पढ़ें: ऐसे मारता है भारत...इस राष्ट्रपति ने डरते हुए बताई मोदी की ताकत

न्यूयॉर्क टाइम्स के रिपोर्ट में बेहद दिलचस्प दावा किया गया। जब कुछ वक्त पहले ईरान इसराइल युद्ध अपने पीक पर था तब अमेरिकी अधिकारी भी अरागची और गालिवाफ को अपना वैलिड मिलिट्री टारगेट यानी वैध सैन्य निशाना मानते थे। यानी अगर युद्ध के दौरान इसराइल इन्हें मार देता तो अमेरिका को कोई फर्क नहीं पड़ता। मगर जैसे ही कूटनीति की मेज सजी अमेरिका का मन बदल गया। जैसे ही खाड़ी देशों में ईरान आक्रामक हुआ, उसने वाशिंगटन की नींद उड़ा दी। अमेरिका को समझ आ गया कि खाड़ी में उसका जो वजूद अब आखिरी सांसे गिन रहा है उसे बचाने के लिए इस बातचीत का रहना और इन दोनों सूत्रधारों का रहना कितना जरूरी है। बाद में डोनाल्ड ट्रंप प्रशासन को भी पता चला कि गालिबाप इसराइल की हिट लिस्ट में थे और अमेरिकी प्रशासन ने इजराइल को साफ चेतावनी दी कि वह ऐसी किसी हिमाकत को अंजाम ना दे। इस पूरी इनसाइड स्टोरी का सबसे थ्रिलिंग और डराना हिस्सा अप्रैल के महीने में देखने को मिला जब अमेरिकी उपराष्ट्रपति जे डिवेंस पाकिस्तान के दौरे पर थे और इसी दौरान ईरान के स्पीकर गालिबाब भी बातचीत के लिए इस्लामाबाद पहुंचे। इस यात्रा से पहले ही तेहरान घबरा गया था। 
ईरानी अधिकारियों ने कतर और पाकिस्तान के जरिए अमेरिका से सुरक्षा की गारंटी मांगी क्योंकि उन्हें डर था कि इसराइल इस अंतरराष्ट्रीय यात्रा का फायदा उठाकर गालीवाफ को निशाना बना सकता है और हुआ भी यही जब ईरानी प्रतिनिधिमंडल का विमान वापस लौट रहा था तो पाकिस्तानी लड़ाकू विमानों ने सुरक्षा के लिए उनके विमानों को स्कॉट किया। लेकिन वापसी के सफर के दौरान ईरानी खुफिया एजेंसियों के पास जो इनपुट आए उसने सबके रोंगटे खड़े कर दिए। खुफिया जानकारी मिली कि इसराइल के दो फाइटर जेट्स इराक के रास्ते पश्चिमी सीमा से ईरानी हवाई क्षेत्र में घुस चुके हैं और वे इसी वीआईपी विमान को हवा में उड़ाने के फिराक में थे। मौत का खतरा इतना करीब था कि ईरानी विमान को तुरंत मशाद शहर में इमरजेंसी लैंडिंग करानी पड़ी। इसके बाद गालीफाफ और उनके प्रतिनिधिमंडल को सड़क के रास्ते भारी सुरक्षा के बीच तेहरान ले जाया गया। हालांकि अमेरिका इस बात को अब जानने लगा है कि ईरान कितना शक्तिशाली है और ईरान ने ऐसे ऐसे कौन से हथियार छुपा रखे हैं जो दुनिया को तो नहीं पता लेकिन जंग के बीच वो कुछ यूं निकालता है कि वाशिंगटन की नींदें हराम हो जाती हैं। 

Continue reading on the app

Maatrubhumi को सेंसर बोर्ड से नहीं मिली मंजूरी? Salman Khan की टीम ने अफवाहों को किया खारिज, सामने रखी सच्चाई

बॉलीवुड सुपरस्टार सलमान खान की आगामी फिल्म 'मातृभूमि: मे वॉर रेस्ट इन पीस' (Maatrubhumi: May War Rest In Peace) को लेकर पिछले कुछ दिनों से सोशल मीडिया और मीडिया गलियारों में कई तरह की अफवाहें उड़ रही थीं। इन रिपोर्ट्स में दावा किया जा रहा था कि फिल्म को सेंट्रल बोर्ड ऑफ फिल्म सर्टिफिकेशन (CBFC) यानी सेंसर बोर्ड से मंजूरी मिलने में बड़ी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। अब इन सभी अटकलों पर विराम लगाते हुए सलमान खान की प्रोडक्शन कंपनी 'सलमान खान फिल्म्स' (SKF) ने एक आधिकारिक बयान जारी कर सच्चाई सामने रखी है।

अपने ऑफ़िशियल सोशल मीडिया हैंडल पर जारी एक बयान में प्रोडक्शन कंपनी ने इन आरोपों को खारिज किया है। उन्होंने कहा कि फ़िल्म को सर्टिफ़िकेशन के लिए CBFC के पास भेजा ही नहीं गया है, इसलिए ये सभी आरोप पूरी तरह बेबुनियाद हैं।
 

इसे भी पढ़ें: Box Office Report | आलिया भट्ट की Alpha की दमदार शुरुआत, Welcome to the Jungle पहुंची 100 करोड़ के करीब


ऑफ़िशियल बयान यहाँ है:
बयान में कहा गया, "ऐसे सभी दावे गलत हैं जिनमें कहा गया है कि 'मातृभूमि: मे वॉर रेस्ट इन पीस' को CBFC से जुड़ी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है या इसके सर्टिफ़िकेशन को रोक दिया गया है। फ़िल्म को अभी तक सर्टिफ़िकेशन के लिए CBFC के पास जमा ही नहीं किया गया है। इसलिए, ऐसी रिपोर्टें पूरी तरह बेबुनियाद हैं।"

प्रोडक्शन हाउस ने मीडिया संगठनों और सोशल मीडिया यूज़र्स से भी अपील की कि वे बिना पुष्टि की गई जानकारी न फैलाएं। उन्होंने कहा कि फ़िल्म से जुड़ी कोई भी जानकारी सिर्फ़ 'सलमान खान फ़िल्म्स' के ऑफ़िशियल प्लेटफ़ॉर्म के ज़रिए ही दी जाएगी।

बयान में आगे कहा गया, "हम मीडिया आउटलेट्स और लोगों से अनुरोध करते हैं कि वे बिना पुष्टि की गई जानकारी न फैलाएं। फ़िल्म के बारे में कोई भी ऑफ़िशियल अपडेट 'सलमान खान फ़िल्म्स' अपने ऑफ़िशियल चैनलों के ज़रिए ही शेयर करेगा।"
 

इसे भी पढ़ें: JUST MARRIED: Taylor Swift और Travis Kelce ने रचाई शादी! न्यूयॉर्क के मैडिसन स्क्वायर गार्डन में जुटी खेल और हॉलीवुड की दुनिया


यह स्पष्टीकरण उन रिपोर्टों के बाद आया है जिनमें कहा गया था कि 'मातृभूमि: मे वॉर रेस्ट इन पीस' को सर्टिफ़िकेशन में रुकावटों का सामना करना पड़ रहा है। इस ताज़ा अपडेट से साफ़ हो गया है कि सर्टिफ़िकेशन की प्रक्रिया अभी शुरू ही नहीं हुई है और लोगों को जानकारी के लिए सिर्फ़ ऑफ़िशियल सोर्स पर ही निर्भर रहना चाहिए।

फ़िल्म के बारे में और जानकारी
इस फ़िल्म में सलमान खान कर्नल संतोष बाबू का किरदार निभा रहे हैं, जो 16 बिहार रेजिमेंट के कमांडिंग ऑफ़िसर थे। उन्होंने उस लड़ाई के दौरान भारतीय सेना का नेतृत्व किया था जब बॉर्डर पर सीज़फ़ायर समझौता लागू किया गया था। फ़िल्म में चित्रांगदा सिंह मुख्य महिला भूमिका में हैं। 'मातृभूमि' में अभिलाष चौधरी और अंकुर भाटिया भी अहम भूमिकाओं में होंगे और इसका म्यूज़िक हिमेश रेशमिया ने तैयार किया है।

फ़िल्म का टीज़र प्रोड्यूसर्स ने 27 दिसंबर, 2025 को लॉन्च किया था, क्योंकि इसी तारीख को सलमान खान 60 साल के हुए थे। सलमान खान की पिछली रिलीज़ 'सिकंदर' थी, जिसे ए.आर. मुरुगाडोस ने डायरेक्ट किया था और जिसमें रश्मिका मंदाना भी थीं।
 
Entertainment News Hindi Today only at Prabhasakshi  
 

Continue reading on the app

  Sports

Babar Azam: बाबर आजम फिर बनेंगे पाकिस्तान के कप्तान! सिर्फ इस फॉर्मेट में मिलेगी जिम्मेदारी

Babar Azam: पाकिस्तान क्रिकेट टीम के स्टार बल्लेबाज बाबर आजम एक बार फिर नेशनल टीम की कप्तानी करते हुए नजर आ सकते हैं. पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड जल्द ही उन्हें एक फॉर्मेट की कमान सौंप सकता है. Sat, 04 Jul 2026 14:41:19 +0530

  Videos
See all

New York Viral Video: ये वीडियो देखकर कई लड़कियां बस इतना ही कहेंगी- "काश" | #Shorts #CoupleGoals #tmktech #vivo #v29pro
2026-07-04T09:40:20+00:00

Crime News: बीवी को मनाने गए पति पर हमला, आग लगाने का मामला | #Shorts #Crime #BreakingNews #tmktech #vivo #v29pro
2026-07-04T09:40:06+00:00

Mumbai Rain News: सावधान! मुम्बई पर अगले 48 घंटे भारी | Weather Update Today | Monsoon 2026 | News18 #tmktech #vivo #v29pro
2026-07-04T09:41:06+00:00

Ketan Agarwal Murder Case News LIVE: भाई ने खोला सिया का राज! | Chetan | Siya Goyal | Hindi News #tmktech #vivo #v29pro
2026-07-04T09:45:09+00:00
Editor Choice
See all
Photo Gallery
See all
World News
See all
Top publishers