बेकार समझकर फेंक दिया था पत्थर, 40 साल बाद पड़ी नजर, भागा-भागा म्यूजियम पहुंचा वैज्ञानिक, सच्चाई ने किया दंग
40 Year Old Mysterious Rock: साल 1985 में मिला एक पत्थर का टुकड़ा चार दशकों तक साधारण समझकर पड़ा रहा, उसकी सच्चाई जानने के बाद वैज्ञानिकों की आंखें फटी रह गईं. ड्रॉर में बंद पड़े इस टुकड़े को कोई नहीं जानता था कि इतना बेशकीमती हो सकता है, पर म्यूजियम में पहुंचते ही वो ऐतिहासिक बन गया.
मेघालय के लिविंग रूट ब्रिज: कैसे सामुदायिक संरक्षण मॉडल दुनिया के लिए नजीर बन रहा है ?
Himachal Community : जानें कि कैसे मेघालय के सामुदायिक मॉडल से प्रेरणा लेकर हिमाचल प्रदेश में जैव विविधता और प्राकृतिक संसाधनों का संरक्षण किया जा रहा है। समुदाय और सरकार की साझेदारी का भविष्य।
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