Varanasi Airport Firing Incident: सिक्योरिटी चेक के दौरान चली गोली, दो कर्मचारियों के हाथ और पैर पर लगी
उत्तर प्रदेश के वाराणसी स्थित लाल बहादुर शास्त्री अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट पर रविवार सुबह एक बड़ा हादसा हो गया। एयरपोर्ट पर सुरक्षा जांच के दौरान एक यात्री के हथियार से अचानक गोली चल गई। इस घटना में एयरपोर्ट पर तैनात दो सुरक्षा कर्मचारी घायल हो गए। घटना के बाद कुछ समय के लिए पूरे टर्मिनल भवन में अफरा-तफरी का माहौल बन गया।
घटना के बारे में
रविवार, 16 अगस्त 2026 की सुबह लगभग 9:30 बजे वाराणसी एयरपोर्ट पर सब कुछ सामान्य था। आजमगढ़ निवासी 55 वर्षीय कमलेश राय अपनी पत्नी के साथ एयर इंडिया एक्सप्रेस की फ्लाइट (IX-1810) से मुंबई जाने के लिए पहुंचे थे। उन्होंने एयरपोर्ट पर तैनात सुरक्षाकर्मियों को पहले ही जानकारी दे दी थी कि उनके पास लाइसेंसी हथियार मौजूद है। इसे भी पढ़ें: Asish Banerjee की मौत पर भड़के Abhishek Banerjee, मीडिया ट्रायल पर जताई कड़ी आपत्ति
कैसे हुई यह घटना?
नियम के अनुसार हवाई यात्रा के दौरान लाइसेंसी असलहे को जमा करके पायलट केबिन में सुरक्षित रखा जाता है। इसके लिए हथियार से मैगजीन को अलग करना जरूरी होता है। जब यात्री कमलेश राय अपनी पिस्टल से मैगजीन निकाल रहे थे, तभी अचानक पिस्टल का ट्रिगर दब गया और गोली चल गई।
दो कर्मचारी हुए घायल
गोली चलते ही मौके पर तैनात AAICLAS के दो सुरक्षाकर्मी इसकी चपेट में आ गए। एक महिला कर्मचारी के पैर में गोली लगी, जबकि दूसरी गोली एक पुरुष कर्मचारी के हाथ को छूती हुई निकल गई। घटना के तुरंत बाद एयरपोर्ट प्रशासन ने दोनों घायलों को इलाज के लिए न्यू लक्ष्मी ट्रॉमा सेंटर और कबीरचौरा मंडलीय अस्पताल भेजा, जहां उनका उपचार चल रहा है। इसे भी पढ़ें: राजनीति में आना... TMC के Asish Banerjee ने सुसाइड नोट में लिखे हैरान करने वाले सच
एयरपोर्ट निदेशक का बयान
वाराणसी हवाई अड्डा निदेशक ने घटना की पुष्टि करते हुए बताया कि मुंबई जाने वाले यात्री ने खुद ही अपने पास हथियार होने की जानकारी दी थी। जब नियमानुसार वेपन चेक की प्रक्रिया चल रही थी, उसी दौरान गलती से गोली चल गई, जिसमें दो कर्मचारी घायल हुए हैं।
पुलिस जांच एवं आगे की कार्रवाई
घटना की सूचना मिलते ही स्थानीय पुलिस और सुरक्षा एजेंसियां तुरंत मौके पर पहुंचीं। सुरक्षा एजेंसियों ने यात्री कमलेश राय को हिरासत में ले लिया है और उनसे पूछताछ की जा रही है। पुलिस पूरे मामले की गहनता से छानबीन कर रही है।
अमेरिकी दस्तावेजों ने Anthropic CEO की पत्नी Cami Clark के खोले राज़, Jeffrey Epstein से एडल्ट साईट के लिए मांगी थी फंडिंग
आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस की दुनिया में Anthropic के CEO डारियो अमोडेई एक जाना-पहचाना नाम हैं। लेकिन उनकी पत्नी कैमी क्लार्क की कहानी कहीं ज्यादा दिलचस्प है। कहा जाता है कि किसी समय में उन्होंने महिलाओं के लिए एक एडल्ट-कंटेंट स्टार्टअप खड़ा करने की कोशिश, फिर जेफरी एप्स्टीन से निवेश की बातचीत, उसके बाद सिलिकॉन वैली के बड़े नामों से करीबी और आज AI की दुनिया के सबसे चर्चित लोगों में से एक के साथ पर्दे के पीछे सक्रिय भूमिका, इससे साफ़ जाहिर होता है कि क्लार्क का करियर किसी सीधे रास्ते पर नहीं चला। हाल ही में जारी अमेरिकी सरकारी दस्तावेजों और वॉल स्ट्रीट जर्नल की रिपोर्ट ने उनके अतीत के उस हिस्से को फिर चर्चा में ला दिया है, जो लंबे समय से सार्वजनिक नजरों से लगभग गायब रहा था। अमेरिकी न्याय विभाग ने एप्स्टीन से जुड़े दस्तावेजों का एक बड़ा संग्रह सार्वजनिक किया है, हालांकि ऐसे दस्तावेजों में किसी व्यक्ति का नाम या संपर्क सामने आना अपने आप में किसी अपराध में शामिल होने का सबूत नहीं माना जा सकता।
कहानी करीब 15 साल पीछे जाती है। साल था 2011 जब कैमी क्लार्क और उनकी बिजनेस पार्टनर मिशेल कैपोसेफालो ने महिलाओं को ध्यान में रखकर एक एडल्ट-एंटरटेनमेंट कंपनी शुरू करने की कोशिश की। कंपनी का नाम Eddice था और इसे दोनों ने महिलाओं के लिए एक अलग तरह की, ‘सेक्स-पॉजिटिव’ पोर्न कंपनी के रूप में पेश किया था। कंपनी को शुरू करने के लिए करीब 3.5 लाख डॉलर की फंडिंग चाहिए थी। इसी सिलसिले में साहित्यिक एजेंट जॉन ब्रॉकमैन ने दोनों महिलाओं की मुलाकात जेफरी एप्स्टीन से कराई। उस समय एप्स्टीन पहले ही यौन अपराध के मामले में दोषी ठहराया जा चुका था और एक रजिस्टर्ड सेक्स ऑफेंडर था।
सरकारी दस्तावेजों में मौजूद बातचीत के मुताबिक, ब्रॉकमैन ने एप्स्टीन को दोनों महिलाओं से मिलने का सुझाव देते हुए उनके बिजनेस आइडिया का जिक्र किया था। कुछ समय बाद क्लार्क ने खुद एप्स्टीन को ईमेल किया और पुरानी मुलाकात याद दिलाते हुए अपने ‘लक्जरी पोर्न’ बिजनेस का जिक्र किया। एप्स्टीन ने भी उन्हें याद करते हुए जवाब दिया। क्लार्क ने Eddice में निवेश की संभावना पर एप्स्टीन से बात आगे बढ़ाई। लेकिन एप्स्टीन ने इस प्रस्ताव को ठुकरा दिया। इसके बाद क्लार्क ने बातचीत का रुख तुरंत दूसरे बिजनेस आइडिया की ओर मोड़ दिया। इस बार उनका आइडिया महिलाओं के लिए एक सोशल डाइटिंग ऐप और वेबसाइट का था। इसमें फिटनेस ट्रैकर से मिलने वाला डेटा, पोषण, मासिक धर्म चक्र, मूड और लोकेशन जैसी जानकारियों को एक जगह जोड़ने का विचार था। दिलचस्प बात यह है कि एप्स्टीन के साथ संपर्क वहीं खत्म नहीं हुआ। जारी किए गए दस्तावेजों के अनुसार, दोनों के बीच करीब दो साल तक बातचीत चलती रही। क्लार्क ने उसे एक हाउसवॉर्मिंग पार्टी में भी बुलाया और बाद में दोनों LinkedIn पर भी जुड़े।
इसे भी पढ़ें: Electric Vehicle स्टार्टअप Yulu ने Series C Funding में जुटाए 9.3 करोड़, अब IPO और Fleet Expansion पर बड़ा दांव
कैमी क्लार्क का शुरूआती सफर
क्लार्क का जन्म 1979 में नेवादा के रेनो में हुआ था। उन्होंने कॉलेज की पढ़ाई पूरी नहीं की और इसके बाद अलग-अलग तरह के कारोबारी प्रयोग करती रहीं। 20 साल की उम्र में उन्होंने रेनो के आर्किटेक्ट वाल्डेमार एक्लोफ III से शादी की, जो उस समय उनसे काफी बड़े थे। यह शादी करीब तीन साल चली। बाद में सैन फ्रांसिस्को में एक अपार्टमेंट से जुड़े मामले के बाद उन्होंने दिवालिया होने के लिए भी आवेदन किया। करीब 2010 में उन्होंने कैपोसेफालो के साथ Eddice की शुरुआत की। कंपनी का दावा था कि वह पारंपरिक पुरुष-केंद्रित एडल्ट इंडस्ट्री से अलग महिलाओं को केंद्र में रखकर काम करेगी। इसका स्लोगन था—‘intellectually promiscuous’। पहली चार फिल्मों के निर्माण के लिए फंड जुटाने की योजना थी, जिनमें ‘American Girl in Paris’ भी शामिल थी।
फिर एंट्री हुई सिलिकॉन वैली के बड़े नामों की
क्लार्क की नेटवर्किंग धीरे-धीरे उन्हें टेक इंडस्ट्री के प्रभावशाली लोगों तक ले गई। 2011 से करीब तीन साल तक वह Google के पूर्व CEO एरिक श्मिट के साथ रिश्ते में रहीं। श्मिट ने बाद में क्लार्क के महिलाओं की सेहत से जुड़े एक बिजनेस में निवेश भी किया। इसके बाद 2014 में उनकी मुलाकात डारियो अमोडेई से हुई। उस समय अमोडेई आज के AI दिग्गज नहीं थे। वह अकेडमिक फील्ड में थे और Stanford में पोस्टडॉक्टरल रिसर्च कर रहे थे। इससे पहले उन्होंने Princeton से computational neuroscience में PhD की थी और बाद में Baidu और Google जैसी कंपनियों में काम किया। और यहीं से क्लार्क की कहानी AI की दुनिया से जुड़ने लगी।
इसे भी पढ़ें: FCRA Bill 2026: विदेशी फंडिंग पर रोक नहीं लगाएगा नया FCRA बिल, एम्बेसडर विनय क्वात्रा ने दी सफाई
अमोडेई की प्रोफेशनल दुनिया में भी क्लार्क की भूमिका
समय के साथ अमोडेई AI इंडस्ट्री में आगे बढ़ते गए और क्लार्क भी उनके व्यापक प्रोफेशनल नेटवर्क का हिस्सा बनती गईं। रिपोर्ट के मुताबिक, क्लार्क ने अपनी करीबी दोस्त मीरा मुराती का परिचय OpenAI के को-फाउंडर ग्रेग ब्रॉकमैन से कराया। मुराती आगे चलकर OpenAI की CTO बनीं। क्लार्क ने अमोडेई और एरिक श्मिट के बीच संपर्क बनाने में भी भूमिका निभाई। 2018 में श्मिट ने सैन फ्रांसिस्को में अमोडेई और क्लार्क के घर जाकर उनसे मुलाकात की थी। बाद में उन्होंने इस मुलाकात का जिक्र करते हुए कहा था कि दोनों के विचारों ने उन्हें प्रभावित किया था।
OpenAI से निकलकर Anthropic तक
दिसंबर 2020 में डारियो अमोडेई, उनकी बहन डेनिएला और OpenAI के पांच अन्य कर्मचारियों ने कंपनी छोड़ दी। इसके पीछे कंपनी की दिशा और नियंत्रण को लेकर मतभेद बताए गए थे। इसके बाद इन लोगों ने मिलकर Anthropic की शुरुआत की। मई 2021 में Anthropic ने 12.4 करोड़ डॉलर की Series A फंडिंग जुटाई। इस निवेश दौर में एरिक श्मिट भी शामिल थे। यहीं पर क्लार्क की भूमिका को लेकर कहानी और दिलचस्प हो जाती है। फरवरी 2021 में क्लार्क ने श्मिट के सामने एक वेंचर फंड का प्रस्ताव रखा था, जिसका नाम था ‘Mother of AGI Fund’। करीब 40 पन्नों के इस प्रस्ताव में बताया गया था कि यह फंड क्लार्क की Anthropic में भागीदारी को औपचारिक रूप देने, श्मिट के निवेश को संभालने और व्यापक AGI इकोसिस्टम में निवेश करने का जरिया बन सकता है। हालांकि यह योजना आगे नहीं बढ़ पाई। रिपोर्ट के मुताबिक, Anthropic से जुड़े अन्य लोगों का पर्याप्त समर्थन नहीं मिलने के कारण प्रस्ताव ठंडे बस्ते में चला गया। इसके कुछ समय बाद क्लार्क और अमोडेई ने इटली में शादी कर ली।
क्लार्क की दिलचस्प स्थिति यही है। वह Anthropic की आधिकारिक कर्मचारी नहीं हैं, लेकिन कंपनी से जुड़े लोगों के मुताबिक वह अमोडेई के लिए एक तरह की साउंडिंग बोर्ड और रणनीतिक सलाहकार की भूमिका निभाती हैं। उनकी मौजूदगी बड़े टेक और पॉलिटिकल आयोजनों में भी लगातार दिखाई देती है। इस साल नई दिल्ली में हुए एक AI सम्मेलन में जहां अधिकारियों और इंडस्ट्री लीडर्स को अपने साथ एक व्यक्ति लाने की अनुमति थी, वहां अमोडेई ने क्लार्क को साथ रखा। Wall Street Journal की पड़ताल के मुताबिक, उनके बारे में उपलब्ध ऑनलाइन जानकारी को हटाने या कम करने की कोशिशें भी हुई हैं। यहां तक कि अमोडेई की Wikipedia प्रोफाइल में उनकी शादी का उल्लेख हाल तक नहीं था और अब भी उनकी पत्नी का नाम स्पष्ट रूप से दर्ज नहीं है। रिपोर्ट में यह भी बताया गया कि Claude से जब उसके CEO की पत्नी के बारे में सवाल किया गया, तो AI सिस्टम भी उनके वैवाहिक संबंध की साफ पुष्टि नहीं कर पाया।
इसे भी पढ़ें: OpenAI और Anthropic के AI मॉडल ने परीक्षण के दौरान कंप्यूटर प्रणालियों में लगाई सेंध
Anthropic की राजनीति में बढ़ती भूमिका के बीच क्लार्क भी चर्चा में
Anthropic अब सिर्फ एक टेक कंपनी नहीं रह गई है। AI और अमेरिकी राष्ट्रीय सुरक्षा को लेकर कंपनी की नीतियां सीधे राजनीतिक बहस का हिस्सा बन चुकी हैं। डारियो अमोडेई ने Pentagon के साथ कुछ ऐसी शर्तों को स्वीकार करने से इनकार किया था, जिनके तहत Claude के इस्तेमाल पर कंपनी की लगाई सीमाएं हटाई जातीं। इसके बाद अमेरिकी प्रशासन और Anthropic के बीच तनाव बढ़ा। सरकार ने कंपनी को supply-chain risk तक घोषित किया, जबकि Anthropic ने इस फैसले को अदालत में चुनौती दी। बाद में AI मॉडल्स पर लगाए गए कुछ अतिरिक्त प्रतिबंध हटा दिए गए। इसी राजनीतिक माहौल में क्लार्क भी अमोडेई के साथ सक्रिय नजर आती हैं। रिपोर्ट के मुताबिक, उन्होंने राजनीतिक हलकों से जुड़े लोगों से बातचीत में Anthropic के मिशन को अमेरिका की सुरक्षा से जोड़कर पेश किया है और कंपनी को उसके आलोचकों द्वारा बताए जाने वाले ‘बहुत ज्यादा woke’ संस्थान से अलग बताया है।
Sun Valley में इवांका ट्रंप और जेरेड कुशनर से मुलाकात
जुलाई में हुए Sun Valley सम्मेलन के दौरान भी क्लार्क काफी समय अमोडेई के साथ रहीं। इस दौरान उन्होंने इवांका ट्रंप के साथ लंच किया और जेरेड कुशनर से बातचीत की। खास बात यह है कि अमोडेई पहले कुशनर से निवेश को लेकर संपर्क कर चुके थे। यानी एक तरफ Anthropic AI की अगली पीढ़ी बनाने की दौड़ में है, दूसरी तरफ कंपनी के CEO के सबसे करीब रहने वाली एक ऐसी शख्सियत है, जिसकी अपनी कहानी टेक इंडस्ट्री के पारंपरिक रास्ते से बिल्कुल अलग रही है। एप्स्टीन से जुडी पुरानी बातचीत इसी कहानी का एक अध्याय है लेकिन नए दस्तावेजों ने उस अध्याय को फिर सामने ला दिया है और साथ ही यह सवाल भी उठाया है कि सिलिकॉन वैली की दुनिया में औपचारिक पद के बिना नेटवर्क, रिश्ते और व्यक्तिगत प्रभाव आखिर कितनी दूर तक असर डाल सकते हैं।
होम
जॉब
पॉलिटिक्स
बिजनेस
ऑटोमोबाइल
गैजेट
लाइफस्टाइल
फोटो गैलरी
Others 
prabhasakshi








