प्रदोष व्रत: महादेव की कृपा पाने का विशेष दिन, जानें पूजा का महत्व और सरल विधि
Pradosh Vrat: हिंदू कैलेंडर के अनुसार, हर माह में दो बार प्रदोष व्रत आता है- एक कृष्ण पक्ष में और दूसरा शुक्ल पक्ष में। यह व्रत भगवान शिव और माता पार्वती को समर्पित है। 'प्रदोष' का अर्थ है 'अस्त होने वाला समय'। मान्यता है कि त्रयोदशी तिथि के दिन संध्या काल में महादेव कैलाश पर्वत पर नृत्य करते हैं, इसलिए इस समय की गई पूजा विशेष फलदायी होती है।
क्यों रखा जाता है प्रदोष व्रत?
भक्तों का विश्वास है कि जो व्यक्ति प्रदोष व्रत का पालन करता है, उसके जीवन से दरिद्रता दूर होती है और स्वास्थ्य में सुधार आता है। यह व्रत मनोवांछित फल की प्राप्ति, संतान सुख और शत्रुओं पर विजय पाने के लिए अचूक माना जाता है। इस दिन व्रत रखने वाले को मानसिक शांति और मोक्ष का मार्ग प्रशस्त होता है।
पूजा की सरल विधि
- संध्या काल का महत्व: प्रदोष व्रत की पूजा सूर्यास्त से 45 मिनट पहले और सूर्यास्त के 45 मिनट बाद के समय में की जाती है।
- शिव अभिषेक: इस दिन शिवलिंग पर जल, दूध, दही, घी और शहद अर्पित करें।
- पुष्प और प्रसाद: भगवान शिव को सफेद फूल, बेलपत्र और भांग अर्पित करें। अंत में शिव चालीसा और प्रदोष व्रत कथा का पाठ करें।
- उपवास: भक्त अपनी क्षमतानुसार फलाहार या निर्जला व्रत रख सकते हैं।
व्रत के लाभ
अलग-अलग दिनों के हिसाब से प्रदोष व्रत के अलग-अलग नाम और लाभ होते हैं। जैसे सोमवार को पड़ने वाला प्रदोष 'सोम प्रदोष' कहलाता है जो मानसिक शांति देता है, वहीं मंगलवार को पड़ने वाला 'भौम प्रदोष' कर्ज से मुक्ति दिलाने वाला माना जाता है।
डिस्क्लेमर (Disclaimer): यह जानकारी धार्मिक ग्रंथों और प्रचलित मान्यताओं पर आधारित है। व्रत रखने से पूर्व अपनी शारीरिक क्षमता और स्वास्थ्य का ध्यान रखें। किसी भी विशेष पूजा या धार्मिक अनुष्ठान के लिए अपने कुल पुरोहित या विद्वान से मार्गदर्शन अवश्य लें।
राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने अलका याज्ञनिक और मलयाली एक्टर ममूटी को किया पद्म विभूषण से सम्मानित, सिंगर ने पीएम के छूए पैर
By shristi jha
padma bhushan list: देश के सबसे प्रतिष्ठित नागरिक सम्मानों में शामिल पद्म पुरस्कार 2026 समारोह में कला, संगीत, खेल, समाजसेवा और अन्य क्षेत्रों की कई नामचीन हस्तियों को सम्मानित किया गया. राष्ट्रपति 'द्रौपदी मुर्मू' (Droupadi Murmu) ने राष्ट्रपति भवन में आयोजित समारोह में पुरस्कार प्रदान किए. इस दौरान मलयालम सिनेमा के दिग्गज एक्टर 'ममूटी' (Mammootty) को पद्म भूषण से सम्मानित किया गया, जबकि मशहूर पार्श्व गायिका 'अलका याज्ञनिक'(Alka Yagnik) को भी पद्म भूषण मिला. सम्मान लेने से पहले अलका पीएम मोदी के पैर छूते हुए नजर आईं.
ममूटी के नाम एक और बड़ी अचीवमेंट
40 साल से अधिक समय से बॉलीवुड मूवीज में उत्साही ममूटी को इंडियन फिल्म जगत में उनके असाधारण योगदान के लिए यह सम्मान दिया गया है. मलयालम मूवीज के सबसे पावरफुल एक्टर में गिने जाने वाले ममूटी ने अपने करियर में सैकड़ों फिल्मों में काम किया है और कई राष्ट्रीय पुरस्कार भी जीत चुके हैं. राष्ट्रपति भवन में आयोजित समारोह में उन्होंने पद्म भूषण अचीव किया, जिसे उनके प्रशंसक उनके लंबे और शानदार सफर का सम्मान मान रहे हैं.
अलका याज्ञनिक को भी मिला पद्म भूषण
90 और 2000 के दशक की सबसे पॉपुलर आवाजों में शामिल अलका याज्ञनिक को भी कला क्षेत्र में उनके योगदान के लिए पद्म भूषण से सम्मानित किया गया. हिंदी मूवीज के अनगिनत सुपरहिट गीतों को अपनी आवाज देने वाली अलका याज्ञनिक के लिए यह सम्मान उनके दशकों लंबे संगीत सफर की बड़ी अचीवमेंट माना जा रहा है.
देश के लिए गौरव का पल
पद्म पुरस्कार केवल एक सम्मान नहीं, बल्कि उन लोगों के योगदान की राष्ट्रीय पहचान है जिन्होंने अपने काम से देश का नाम रोशन किया है. ममूटी, अलका याज्ञनिक और धर्मेंद्र जैसे दिग्गजों को मिला यह सम्मान उनके लाखों प्रशंसकों के लिए भी गर्व का विषय बन गया है. मूवीज और म्यूजिक की दुनिया में उनके योगदान को आने वाली पीढ़ियां भी याद रखेंगी.
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क्यों खास रहा इस बार का समारोह?
इस बार का पद्म पुरस्कार समारोह इसलिए भी खास रहा क्योंकि इसमें मूवीज, म्यूजिक और स्पोर्ट्स जगत की कई ऐसी हस्तियों को सम्मानित किया गया, जिन्होंने दशकों तक अपने-अपने क्षेत्र में महत्वपूर्ण योगदान दिया है. पुरस्कार पाने वालों की सूची में क्रिकेटर 'रोहित शर्मा'(Rohit Sharma) समेत कई अन्य फेमस नाम भी शामिल रहे.
एंटरटेनमेंट जगत से किन-किन हस्तियों को मिला सम्मान?
इस साल एंटरटेनमेंट और कला जगत से कई फेमस नामों को पद्म सम्मान मिला. इस बार इन हस्तियों को पुरुस्कार देकर समन्नानित करा गया है. 'ममूटी'(Mammootty), 'अलका याग्निक'(Alka Yagnik), 'आर.माधवन'(R.Madhavan), 'प्रोसेनजीत चटर्जी'(Prosenjit Chatterjee), 'राजेंद्र प्रसाद'(Rajendra Prasad), 'सतीश शाह'(Satish Shah).
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