Responsive Scrollable Menu

मारुति सुजुकी की नई माइक्रो SUV, 7 लाख रुपये से कम हो सकती है कीमत, टाटा पंच को देगी टक्कर

मारुति सुजुकी अपनी नई माइक्रो एसयूवी से इस सेगमेंट में तहलका मचाने की तैयारी में है। इस एसयूवी का कोडनेम Y43 है। इसकी शुरुआती कीमत 7 लाख रुपये से कम हो सकती है। कंपनी इसे अगले साल लॉन्च कर सकती है। 

Continue reading on the app

IAS नेहा मारव्या के खिलाफ सड़क पर उतरे अधिकारी-कर्मचारी, ST आयोग ने भी CM को लिखा पत्र

भोपाल: जनजातीय क्षेत्रीय विकास योजनाओं की संचालक IAS नेहा मारव्या के खिलाफ विभाग के अधिकारी-कर्मचारी खुलकर सामने आ गए हैं। शुक्रवार को भोपाल में 100 से ज्यादा अधिकारी-कर्मचारियों ने पेन डाउन कर काम बंद रखा और नारेबाजी की। अधिकारियों ने नेहा मारव्या पर बदसलूकी करने, कम समय में वर्षों पुराने रिकॉर्ड मांगने, बार-बार नोटिस देने और निलंबन व वेतनवृद्धि रोकने की धमकी देने जैसे आरोप लगाए हैं।

मामला अब केवल विभाग के अधिकारी-कर्मचारियों के विरोध तक सीमित नहीं है। आदिम जाति, अनुसूचित जाति एवं पिछड़ा वर्ग कल्याण विभाग राजपत्रित अधिकारी संघ ने मुख्य सचिव को शिकायत भेजकर नेहा मारव्या के तबादले की मांग की है। वहीं मध्य प्रदेश राज्य अनुसूचित जनजाति आयोग के अध्यक्ष रामलाल रौतेल ने भी मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव को पत्र लिखकर उन्हें जनजातीय कार्य विभाग से हटाने की मांग की है।

3 घंटे में जानकारी, एक दिन में 50 साल का रिकॉर्ड मांगने का आरोप

विरोध कर रहे अधिकारियों का कहना है कि प्रदेश में करीब 450 काम चल रहे हैं और कई कामों की माप पुस्तिका समेत दूसरी जानकारियां संबंधित एजेंसियों के पास रहती हैं। इसके बावजूद अधिकारियों से कई बार महज तीन घंटे के भीतर जानकारी उपलब्ध कराने के लिए कहा जाता है।

राजपत्रित अधिकारी संघ ने 4 अगस्त को मुख्य सचिव को भेजे अपने पत्र में आरोप लगाया कि संविधान के अनुच्छेद 275(1) के तहत वर्ष 1975-76 से अब तक प्राप्त राशि यानी करीब 50 वर्षों की जानकारी एक कार्य दिवस में मांगी गई। इसी तरह एकीकृत आदिवासी विकास परियोजनाओं की शुरुआत से अब तक के सालाना आवर्ती और अनावर्ती खर्च का रिकॉर्ड भी एक दिन में देने के निर्देश दिए गए।

सहायक संचालक किशोरी करंदीकर का भी आरोप है कि दशकों पुराने रिकॉर्ड तत्काल मांगे जाते हैं। समय पर जानकारी नहीं मिलने पर नोटशीट में प्रतिकूल टिप्पणी और नोटिस जैसी कार्रवाई की जाती है।

महिला अधिकारियों को मीटिंग से बाहर निकालने का आरोप

अपर आयुक्त संजय वार्ष्णेय के मुताबिक गुरुवार को वर्ष 2017 से संचालित एक योजना को लेकर बैठक हुई थी। इसमें दूसरे विभागों के अधिकारी भी मौजूद थे। उनका आरोप है कि बैठक के दौरान अपर संचालक स्तर की दो महिला अधिकारियों को डांटकर मीटिंग रूम से बाहर कर दिया गया।

महिला अपर संचालक शिवानी गुप्ता ने भी आरोप लगाया कि लोकसभा के एक सवाल से जुड़ी जानकारी उनके पास उपलब्ध नहीं होने पर उन्हें फटकार लगाई गई। उनका कहना है कि उन्होंने दिल्ली से जानकारी मंगवाकर उपलब्ध कराने की बात कही थी।

आहार अनुदान योजना की राशि को लेकर सवाल

अपर संचालक रीता सिंह ने आरोप लगाया कि आहार अनुदान योजना के तहत बैगा, सहरिया और भारिया समुदाय की करीब 2.40 लाख महिलाओं को हर महीने मिलने वाली 1,500 रुपए की राशि अगस्त में अब तक खातों में नहीं पहुंची है। उनके मुताबिक यह राशि करीब 30 करोड़ रुपए है। राजपत्रित अधिकारी संघ ने भी अपनी शिकायत में आहार अनुदान योजना का क्रियान्वयन प्रभावित होने का आरोप लगाया है।

ST आयोग ने मुख्यमंत्री को लिखा पत्र

मध्य प्रदेश राज्य अनुसूचित जनजाति आयोग के अध्यक्ष रामलाल रौतेल ने 7 अगस्त को मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव को पत्र भेजा है। आयोग ने अधिकारी संघ से मिली शिकायतों का हवाला देते हुए नेहा मारव्या को मौजूदा पद से हटाने और जनजातीय कार्य विभाग से स्थानांतरित करने की मांग की है।

आयोग के पत्र में आहार अनुदान योजना के साथ PM-JANMAN, अनुच्छेद 275(1), DAJGUA और SPMU-DPMU जैसी योजनाओं के क्रियान्वयन को लेकर भी सवाल उठाए गए हैं। आयोग ने अधिकारियों-कर्मचारियों को अनावश्यक स्पष्टीकरण देने और निलंबन व वेतनवृद्धि रोकने की धमकी दिए जाने संबंधी शिकायतों का भी उल्लेख किया है।

इतना ही नहीं, आयोग के पत्र में कार्यालय की शाखाओं के प्रवेश द्वार बंद कर आवागमन बाधित करने और सरकारी बजट से व्यक्तिगत उपयोग की सामग्री खरीदने के आरोपों का भी जिक्र है। ये शिकायतों में लगाए गए आरोप हैं और इनकी स्वतंत्र पुष्टि सामने नहीं आई है।

Adobe Scan 14 Aug 2026

अधिकारी संघ ने सीधे तबादले की मांग की

राजपत्रित अधिकारी संघ ने मुख्य सचिव से कहा है कि मौजूदा परिस्थितियों में अधिकारी-कर्मचारी भय के माहौल में काम कर रहे हैं। संघ ने कार्यालय समय के बाद कर्मचारियों को रोके जाने के निर्देशों पर भी आपत्ति जताई है।

संघ ने मांग की है कि नेहा मारव्या का किसी दूसरे कार्यालय में स्थानांतरण किया जाए, जिससे अधिकारी बिना दबाव के विभागीय काम कर सकें। अधिकारी-कर्मचारियों ने पूरे मामले को लेकर मुख्य सचिव से मिलने का समय भी मांगा है।

नेहा मारव्या का पक्ष सामने आना बाकी

पूरे मामले में अधिकारी-कर्मचारियों और संगठनों की ओर से गंभीर आरोप लगाए गए हैं। हालांकि इन आरोपों पर IAS नेहा मारव्या का पक्ष सामने नहीं आया है। दैनिक भास्कर डिजिटल के मुताबिक उनसे कई बार संपर्क करने की कोशिश की गई, लेकिन उन्होंने कॉल रिसीव नहीं किया। ऐसे में अधिकारी-कर्मचारियों और आयोग की ओर से लगाए गए आरोपों पर नेहा मारव्या का पक्ष मिलने के बाद ही पूरे मामले की दूसरी तस्वीर स्पष्ट हो सकेगी।

 

View this post on Instagram

 

A post shared by Mp Breaking News (@mpbreakingnews.in)

Continue reading on the app

  Sports

गॉल में अग्निपरीक्षा, जानिए कब शुरू होगा IND vs SL पहला टेस्ट, टीवी से लेकर मोबाइल तक कहां देखें LIVE Streaming

IND vs SL Test Series Live Streaming: गॉल इंटरनेशनल स्टेडियम में 15 अगस्त से शुरू हो रहे पहले टेस्ट में भारत और श्रीलंका के बीच रोमांचक भिड़ंत देखने को मिलेगी. वर्ल्ड टेस्ट चैंपियनशिप की अंक तालिका में पिछड़ने के बाद दोनों टीमों के लिए यह सीरीज बेहद अहम हो चुकी है. जसप्रीत बुमराह की गैरमौजूदगी में जहां भारतीय पेस अटैक की कमान मोहम्मद सिराज संभालेंगे, वहीं गॉल की टर्निंग पिच पर तीन स्पिनरों के उतरने की संभावना है. श्रीलंका भी घरेलू परिस्थितियों का फायदा उठाकर टॉप-2 की रेस में बने रहने उतरेगा. Fri, 14 Aug 2026 19:20:05 +0530

  Videos
See all

Bhopal Tiranga Yatra: MP की सबसे बड़ी तिरंगा यात्रा में शामिल हुए CM Mohan Yadav, क्या बोले? #tmktech #vivo #v29pro
2026-08-14T14:13:46+00:00

UP Election 2027: यूपी में जेन-Z वोटरों को साधने की होड़, कौन मारेगा बाजी? |N18V| BJP| SP | Top News #tmktech #vivo #v29pro
2026-08-14T14:15:14+00:00
Editor Choice
See all
Photo Gallery
See all
World News
See all
Top publishers