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Gold Price Today: सोना फिर चमका! ₹177 की तेजी के साथ ₹1.42 लाख के पार, चांदी ₹789 टूटी; जानें ताजा भाव
Gold-Silver Price Today (30 July 2026): आज, 30 जुलाई 2026 को सोने की कीमतों में तेजी देखने को मिली है। इंडिया बुलियन एंड ज्वेलर्स एसोसिएशन (IBJA) के अनुसार, गुरुवार को 10 ग्राम 24 कैरेट सोना 177 रुपए महंगा होकर 1.42 लाख रुपए के लेबल पर कारोबार कर रहा है। वहीं, दूसरी ओर चांदी की कीमत में गिरावट दर्ज की गई है। एक किलो चांदी का भाव 789 रुपए घटकर 2.17 लाख रुपए रह गया है।
इसके अलावा, 22 कैरेट सोना ₹1,30,439 प्रति 10 ग्राम, 18 कैरेट सोना ₹1,06,801 प्रति 10 ग्राम और 14 कैरेट सोना ₹83,305 प्रति 10 ग्राम के स्तर पर कारोबार करता रहा। आइए अब देश के प्रमुख शहरों में 22 कैरेट सोने के ताजा भाव जानें।
प्रमुख शहरों में प्रति 10 ग्राम 22 कैरेट सोने की कीमत (सोर्स- Goodreturns)
| शहर | कीमत |
| दिल्ली | 1,32,450 |
| मुंबई | 1,32,300 |
| कोलकाता | 1,32,300 |
| चेन्नई | 1,32,300 |
| अहमदाबाद | 1,32,350 |
| जयपुर | 1,32,450 |
| भोपाल | 1,32,350 |
| लखनऊ | 1,32,450 |
| रायपुर | 1,32,300 |
साल के अंत तक 1.60 लाख रुपए तक पहुंच सकता है सोना
कमोडिटी बाजार के जानकार के मुताबिक, सोने और चांदी की कीमतें फिलहाल अपने रिकॉर्ड स्तर से काफी नीचे कारोबार कर रही हैं। ऐसे में मौजूदा स्तर पर निवेश के अवसर बन सकते हैं। हालांकि, उनका सुझाव है कि निवेशकों को एकमुश्त बड़ी राशि लगाने के बजाय चरणबद्ध (SIP या किस्तों में) निवेश करना चाहिए, ताकि बाजार में उतार-चढ़ाव का जोखिम कम रहे।
एक्सपर्ट्स के अनुमान के मुताबिक, यदि बाजार का रुख अनुकूल रहा तो साल 2026 के अंत तक सोने की कीमत 10 ग्राम पर करीब ₹1.60 लाख तक पहुंच सकती है। वहीं, चांदी का भाव भी बढ़कर लगभग ₹2.80 लाख प्रति किलोग्राम के स्तर को छू सकता है।
अलग-अलग शहरों में सोने के दाम क्यों होते हैं अलग? जानें 4 प्रमुख वजहें
सोने की कीमतें पूरे देश में एक जैसी नहीं होतीं। अलग-अलग शहरों में सोने के रेट में फर्क देखने को मिलता है। इसके पीछे कई व्यावहारिक और आर्थिक कारण जिम्मेदार होते हैं।
1. ट्रांसपोर्टेशन और सिक्योरिटी खर्च
सोने को एक शहर से दूसरे शहर तक पहुंचाने में ट्रांसपोर्ट और सुरक्षा पर खर्च आता है। जैसे-जैसे दूरी बढ़ती है, यह लागत भी बढ़ती जाती है, जिसका असर अंतिम कीमत पर पड़ता है।
2. खरीदारी की मात्रा (डिमांड फैक्टर)
दक्षिण भारत में सोने की खपत देश में सबसे ज्यादा होती है। यहां कुल मांग का लगभग 40% हिस्सा है। बड़ी खरीदारी के बावजूद स्थानीय बाजार में छूट सीमित रहती है, जिससे कीमतों में फर्क आता है।
3. ज्वेलरी एसोसिएशन की भूमिका
हर राज्य और शहर में ज्वेलरी एसोसिएशन स्थानीय मांग और आपूर्ति के आधार पर रेट तय करते हैं। इसी वजह से अलग-अलग शहरों में सोने के भाव अलग हो जाते हैं।
4. पुराना स्टॉक और खरीद मूल्य
ज्वेलर्स ने सोना किस कीमत पर खरीदा है, यह भी बिक्री मूल्य तय करने में अहम भूमिका निभाता है। पुराना स्टॉक महंगा या सस्ता खरीदा गया हो तो उसका असर ग्राहकों को मिलने वाले रेट पर पड़ता है।
सोना खरीदते समय इन 2 बातों का रखें खास
1. सिर्फ सर्टिफाइड गोल्ड ही खरीदें
हमेशा BIS (Bureau of Indian Standards) हॉलमार्क वाला सोना ही खरीदें। हॉलमार्क से सोने की शुद्धता और कैरेट की जानकारी मिलती है, जैसे अल्फान्यूमेरिक कोड (AZ4524)।
2. कीमत जरूर क्रॉस चेक करें
खरीदने से पहले सोने का भाव अलग-अलग स्रोतों जैसे IBJA (India Bullion and Jewellers Association) से जरूर जांचें। सोने की कीमत 24 कैरेट, 22 कैरेट और 18 कैरेट के हिसाब से अलग-अलग होती है।
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