40 साल से लापता सैनिक की खोज के लिए इजरायली सेना ने चलाया विशेष ऑपरेशन: प्रधानमंत्री नेतन्याहू
नई दिल्ली, 7 मार्च (आईएएनएस)। ईरान के साथ चल रही लड़ाई के बीच इजरायल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने बताया कि उनके सैनिक शुक्रवार की रात को एक विशेष अभियान पर रवाना हुए। यह अभियान 40 साल पहले लापता हुए एक सैनिक की खोज से जुड़ा हुआ है।
इजरायल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर पोस्ट कर कहा कि हमारे वीर योद्धा कल रात एक विशेष अभियान पर रवाना हुए, जिसका उद्देश्य लगभग 40 वर्ष पूर्व लेबनान में बंदी बनाए गए जवान रॉन अराद को ढूंढना और उन्हें घर वापस लाना है।
उन्होंने कहा कि कई वर्षों से हम इस लक्ष्य को अथक रूप से प्राप्त करने का प्रयास कर रहे हैं।
जानकारी के अनुसार, इजरायल की सेना की तरफ से यह ऑपरेशन लेबनान में चलाया गया। दावा किया गया कि इजरायली सेना द्वारा नाबी चित कस्बे के एक कब्रिस्तान में खोदा गया। पूर्वी लेबनान में इजरायल द्वारा रात भर चलाए गए इस ऑपरेशन का उद्देश्य इजरायली वायु सेना के लापता रॉन अराद के शव को बरामद करना था।
रॉन अराद 1986 में एक मिशन के दौरान लेबनान के ऊपर से उड़ान भर रहे थे, विमान के क्रैश होने के बाद वे लापता हो गए थे। इजरायली सेना ने पूर्वी लेबनान में कब्रिस्तान में इसी सैनिक के अवशेष तलाशने के लिए खुदाई की थी। हालांकि, अभी तक यह स्पष्ट नहीं हो पाया है कि क्या इजरायल के सैनिक इसमें कामयाब हुए हैं।
आईडीएफ का कहना है कि यह अभियान कल नबी चित में जारी किए गए निकासी आदेश और हिजबुल्लाह के साथ चल रही लड़ाई के बीच मिली अन्य खुफिया जानकारी के आधार पर अंजाम दिया गया।
सेना का कहना है कि वह अपने सभी शहीद और लापता सैनिकों को इजरायल वापस लाने के लिए प्रतिबद्ध है और दिन-रात अथक प्रयास करती रहेगी। साथ में यह भी बताया गया कि आईडीएफ द्वारा चलाए गए इस ऑपरेशन में इजरायली सेना को कोई नुकसान नहीं हुआ। साथ में यह भी दावा किया गया कि इस ऑपरेशन के दौरान कोई गोलीबारी नहीं की गई।
हालांकि, लेबनान के स्वास्थ्य मंत्रालय ने बताया कि इजरायली हमलों में 16 लोग मारे गए और 35 अन्य घायल हो गए।
--आईएएनएस
एएमटी/डीकेपी
डिस्क्लेमरः यह आईएएनएस न्यूज फीड से सीधे पब्लिश हुई खबर है. इसके साथ न्यूज नेशन टीम ने किसी तरह की कोई एडिटिंग नहीं की है. ऐसे में संबंधित खबर को लेकर कोई भी जिम्मेदारी न्यूज एजेंसी की ही होगी.
यूएई खतरों का सामना करने के लिए पूरी तरह तैयार, लोगों की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता: संयुक्त अरब अमीरात के राष्ट्रपति
नई दिल्ली, 7 मार्च (आईएएनएस)। संयुक्त अरब अमीरात के राष्ट्रपति शेख मोहम्मद बिन जायद अल नाहयान की तरफ से यूएई में रहने वाले नागरिकों से कहा गया है कि यूएई अपने सभी नागरिकों, निवासियों और आगंतुकों की सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देता है।
शेख मोहम्मद बिन जायद अल नाहयान के सोशल मीडिया अकाउंट से किए गए पोस्ट में कहा गया है कि मैं हमारे प्रिय देश में रहने वाले सभी लोगों और यहां आने वाले मेहमानों से कहना चाहता हूं कि संयुक्त अरब अमीरात अपने सभी नागरिकों, निवासियों और आगंतुकों की सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देता है। ईश्वर की कृपा से यूएई इन खतरों का सामना करने के लिए पूरी तरह तैयार है।
उन्होंने आगे लिखा कि मैं हमारे बहादुर सशस्त्र बलों, समर्पित सुरक्षा एजेंसियों और उन सभी राष्ट्रीय संस्थानों और टीमों के प्रति अपनी गहरी सराहना व्यक्त करता हूं जो देश की सुरक्षा के लिए लगातार मेहनत कर रहे हैं। वे तैयारियों और आपसी सहयोग का सर्वोच्च उदाहरण पेश करते हैं। हमें उन पर गर्व है।
यूएई के राष्ट्रपति ने आगे लिखा कि मैं हमारे अमीराती नागरिकों और यहां रहने वाले भाई-बहनों का भी दिल से आभार व्यक्त करता हूं, जिन्होंने अपने शब्दों और कार्यों के माध्यम से यूएई के प्रति अपना प्रेम और वफादारी दिखाई है। यूएई में इस देश से प्रेम करने वाला और इसके विकास में योगदान देने वाला हर व्यक्ति अमीराती जैसा ही है।
उन्होंने का कि ईश्वर से प्रार्थना है कि वह पीड़ितों को शांति दे और घायलों को जल्द स्वस्थ करे। ईश्वर की कृपा से यूएई, जिसे जायद बिन सुल्तान अल नाहयान की धरती कहा जाता है, अपनी एकता के साथ मजबूत बना रहेगा, अपनी संप्रभुता की रक्षा करता रहेगा, और भविष्य की ओर लगातार आगे बढ़ता रहेगा।
इस बीच, यूनाइटेड स्टेट्स ने मिडिल ईस्ट से अपने नागरिकों को निकालने के लिए बड़े स्तर पर अभियान चलाया है। यूनाइटेड स्टेट्स डिपार्टमेंट ऑफ स्टेट ने बताया कि फरवरी के अंत से अब तक 28,000 से अधिक अमेरिकी नागरिक सुरक्षित रूप से यूएस लौट चुके हैं।
अमेरिकी विदेश मंत्रालय के सहायक सचिव डिलन जॉनसन ने कहा कि सरकार क्षेत्र में जारी सुरक्षा चिंताओं के बीच अमेरिकी नागरिकों को बाहर निकालने के लिए उड़ानों, जमीनी परिवहन और आपातकालीन सहायता का समन्वय कर रही है। उन्होंने बताया कि 28 फरवरी से अब तक 28,000 से अधिक अमेरिकी नागरिक सुरक्षित रूप से अमेरिका लौट चुके हैं। हालांकि, इस आंकड़े में वे अमेरिकी शामिल नहीं हैं, जो मिडिल ईस्ट से निकलकर दूसरे देशों में चले गए हैं या अभी रास्ते में हैं।
--आईएएनएस
एएमटी/डीकेपी
डिस्क्लेमरः यह आईएएनएस न्यूज फीड से सीधे पब्लिश हुई खबर है. इसके साथ न्यूज नेशन टीम ने किसी तरह की कोई एडिटिंग नहीं की है. ऐसे में संबंधित खबर को लेकर कोई भी जिम्मेदारी न्यूज एजेंसी की ही होगी.
होम
जॉब
पॉलिटिक्स
बिजनेस
ऑटोमोबाइल
गैजेट
लाइफस्टाइल
फोटो गैलरी
Others
News Nation






















