कांग्रेस नेता संदीप दीक्षित ने बुधवार को आम आदमी पार्टी (आप) के "कट्टर ईमानदार" होली समारोह पर निशाना साधते हुए कहा कि त्योहार और राजनीति अलग-अलग रहने चाहिए। उन्होंने कहा कि अगर राजनीतिक नेताओं के बस में होता, तो वे हर चीज से खुद को जोड़ना चाहते, यहां तक कि किसी के अंतिम संस्कार में इस्तेमाल होने वाली लकड़ी पर भी अपना नाम लिखवा लेते। संदीप दीक्षित ने एएनआई से कहा कि होली और राजनीति अलग-अलग चीजें हैं, और मैं यह बात सबको बताता हूं। जिस तरह कुछ लोग त्योहारों और राजनीति को मिलाने की कोशिश करते हैं, वह बहुत अजीब लगता है। मैंने ऐसे कई उदाहरण देखे हैं जहां नेता और राजनीति हर चीज में दखल देते हैं। ऐसा लगता है कि अगर उनके बस में होता, तो वे किसी के अंतिम संस्कार में इस्तेमाल होने वाली लकड़ी पर भी अपना नाम लिखवाना चाहते।
दीक्षित की यह टिप्पणी दिल्ली के पूर्व मुख्यमंत्री और आप संयोजक अरविंद केजरीवाल द्वारा दिल्ली के पूर्व उपमुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया के आवास पर "कट्टर ईमानदार" होली मनाने के बाद आई है। केजरीवाल ने फेसबुक पर एक पोस्ट साझा करते हुए कहा कि उन्होंने सिसोदिया के आवास पर पार्टी सहयोगियों और कार्यकर्ताओं के साथ होली मनाई। उन्होंने आगे कहा कि "षड्यंत्रों और झूठ" के बावजूद, ईमानदारी और जनता के भरोसे के प्रति पार्टी की प्रतिबद्धता के कारण पार्टी का जोश बरकरार है।
फेसबुक पोस्ट में लिखा गया कि आज मनीष जी के घर पर हमने सभी पार्टी सहयोगियों और कार्यकर्ताओं के साथ 'कट्टर ईमानदार' होली मनाई। उनके षड्यंत्रों और झूठ के बीच भी आम आदमी पार्टी के रंग फीके नहीं पड़े हैं, क्योंकि हमारी ताकत ईमानदारी और जनता का भरोसा है। हम सत्य और संघर्ष के रंगों के साथ इसी तरह आगे बढ़ते रहेंगे। यह घटना दिल्ली सरकार द्वारा इस वर्ष होली को "शराबबंदी दिवस" सूची से हटाए जाने के बाद हुई है। जनवरी में जारी अधिसूचना में कहा गया था कि गणतंत्र दिवस, महाशिवरात्रि, ईद-उल-फितर, राम नवमी और महावीर जयंती को 'शराबबंदी दिवस' के रूप में मनाया जाएगा। यह सूची केवल जनवरी से मार्च तक की अवधि के लिए है।
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