Tejashwi Yadav ने Samrat Choudhary को ठहराया Bankipur उपचुनाव में BJP की हार का जिम्मेदार
पटना, चार अगस्त राष्ट्रीय जनता दल (राजद) के नेता तेजस्वी यादव ने बिहार में सत्तारूढ़ राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (राजग) पर तीखा हमला करते हुए मंगलवार को कहा कि बांकीपुर विधानसभा उपचुनाव में भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) की ‘‘करारी हार’’ मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी की ‘‘नकारात्मक राजनीति’’ का परिणाम है। विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव ने यहां प्रेसवार्ता में कहा, ‘‘सम्राट चौधरी के मुख्यमंत्री बनने के बाद पिछले 150 दिन में भाजपा राज्य में दो चुनाव हार चुकी है। पहले विधान परिषद चुनाव और अब बांकीपुर विधानसभा उपचुनाव।’’ उन्होंने आरोप लगाया, ‘‘सम्राट चौधरी राज्य चलाने में पूरी तरह विफल रहे हैं।
इसके अलावा राज्य में कानून-व्यवस्था पूरी तरह ध्वस्त हो चुकी है।’’ तेजस्वी ने कहा, ‘‘हम बांकीपुर के जनादेश को स्वीकार करते हैं। यह जनादेश भाजपा नीत राजग और मुख्यमंत्री के खिलाफ है।’’ जन सुराज पार्टी के संस्थापक प्रशांत किशोर ने सोमवार को बांकीपुर विधानसभा सीट पर जीत दर्ज की। यह सीट भाजपा का गढ़ मानी जाती थी, जिस पर पार्टी 1995 के बाद से कभी नहीं हारी थी।
भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन के अप्रैल में राज्यसभा के लिए निर्वाचित होने और विधानसभा सदस्यता से इस्तीफा देने के कारण रिक्त हुई बांकीपुर विधानसभा सीट पर उपचुनाव कराया गया था। अपने पहले ही चुनाव में किशोर ने 64,151 मत हासिल किए और भाजपा के उम्मीदवार नीरज कुमार सिन्हा को 19,324 मतों के अंतर से पराजित किया। सिन्हा को पार्टी ने अंतिम समय में तब उम्मीदवार बनाया था, जब पूर्व में घोषित प्रत्याशी अभिषेक ‘‘बंटी’’ ने ‘‘पारिवारिक कारणों’’ का हवाला देते हुए अपना नाम वापस ले लिया था।
इस उपचुनाव में राजद प्रत्याशी रेखा कुमारी को 14,273 मत मिले जो तीसरे स्थान पर रहीं। यादव ने कहा, ‘‘हम बांकीपुर उपचुनाव के जनादेश को स्वीकार करते हैं। लोगों ने भाजपा नीत राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (राजग) और मुख्यमंत्री के खिलाफ मतदान किया है।
भाजपा के प्रति जनता का गुस्सा साफ दिखाई दे रहा है। बताइए, मुख्यमंत्री ने 150 दिनों में एक भी बड़ा रचनात्मक काम किया है?’’ इस बीच, डेहरी-डलमियानगर नगर परिषद के कार्यपालक पदाधिकारी (ईओ) विमल कुमार की हाल में हुई मौत का मुद्दा उठाते हुए यादव ने आरोप लगाया कि पुलिस मामले की सही तरीके से जांच नहीं कर रही है तथा मुख्यमंत्री और राज्य सरकार इस मामले में स्थानीय विधायक को संरक्षण दे रही है। उन्होंने कहा, ‘‘मृत अधिकारी के परिजन निष्पक्ष जांच की मांग को लेकर मुख्यमंत्री से मिलना चाहते थे, लेकिन मुख्यमंत्री के पास उनसे मिलने का समय नहीं था।
इस मामले में स्थानीय विधायक की भूमिका की पुलिस जांच होनी चाहिए, क्योंकि वह ‘रंगदारी’ में लिप्त हैं। सरकार अपराधियों को संरक्षण दे रही है। राज्य में कानून-व्यवस्था पूरी तरह ध्वस्त हो चुकी है।’’ विमल कुमार का शव एक अगस्त को बिहार के औरंगाबाद जिले में मिला था।
वह उसी दिन डेहरी से पटना जा रहे थे, जब बारुण क्षेत्र में सोन नहर सेवा पथ पर यह घटना हुई। यादव ने कहा, ‘‘मैं विमल कुमार के परिजनों से मिला हूं। इस मामले में विधायक के खिलाफ रंगदारी और हत्या का मामला दर्ज किया जाना चाहिए।
अधिकारी स्थानीय जनप्रतिनिधि की कथित रंगदारी का शिकार हुए। मुख्यमंत्री इस मुद्दे पर चुप्पी क्यों साधे हुए हैं? मैं मृत अधिकारी के परिजनों को सुरक्षा और उनकी पत्नी को सरकारी नौकरी देने की मांग करता हूं।
Devendra Fadnavis ने कांग्रेस पर साधा निशाना, सुनेत्रा पवार को लेकर कही यह बात
मुंबई, चार अगस्त महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने मंगलवार को कांग्रेस पर निशाना साधते हुए आरोप लगाया कि विपक्षी दल केवल सुर्खियां बटोरने के लिए निचले स्तर की राजनीति कर रहा है। कांग्रेस ने उपमुख्यमंत्री सुनेत्रा पवार को गूंगी गुड़िया कहा था। फडणवीस ने पत्रकारों से बातचीत में कहा कि महाराष्ट्र की राजनीतिक संस्कृति इस तरह की निम्नस्तरीय टिप्पणियों के जरिये प्रचार हासिल करने के प्रयासों को स्वीकार नहीं करती।
उन्होंने कहा, कुछ लोग केवल खबरों में बने रहने के लिए काम कर रहे हैं। उन्हें लगता है कि बदनाम होकर भी नाम सुर्खियों में आ जाए तो काफी है। यह महाराष्ट्र की राजनीतिक संस्कृति नहीं है।
फडणवीस कांग्रेस की उस टिप्पणी से जुड़े सवालों का जवाब दे रहे थे, जिसमें महाराष्ट्र कांग्रेस ने राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (राकांपा) की अध्यक्ष एवं राज्य की पहली महिला उपमुख्यमंत्री सुनेत्रा पवार को गूंगी गुड़िया कहा था। राकांपा, भाजपा की सहयोगी और सत्तारूढ़ महायुति गठबंधन की घटक है। कांग्रेस ने एक पोस्ट में कहा था, सुनेत्रा पवार, आप और कितने दिन गूंगी गुड़िया बनी रहेंगी?
इस पोस्ट के साथ उसने सुनेत्रा पवार और उनकी पार्टी के सहयोगी धनंजय मुंडे की मौजूदगी वाली एक प्रेस वार्ता का वीडियो भी साझा किया था। वीडियो में मुंडे को एक पत्रकार के सवाल के बीच में हस्तक्षेप करते देखा गया। सुनेत्रा पवार ने सवाल का जवाब नहीं दिया और मुंडे द्वारा बातचीत समाप्त किए जाने की घोषणा के बाद वहां से चली गईं।
एक अन्य सवाल के जवाब में मुख्यमंत्री फडणवीस ने कहा कि महाराष्ट्र लोक सेवा आयोग (एमपीएससी) ने खुद अपनी परीक्षा प्रक्रिया से जुड़े आरोपों की पुलिस जांच की मांग की है। एमपीएससी परीक्षा प्रक्रिया में अनियमितताओं के आरोपों पर फडणवीस ने घोटाले के दावों को खारिज किया। उन्होंने कहा, यह कोई घोटाला नहीं है।
एमपीएससी पहले ही इस पर स्पष्टीकरण दे चुका है। हालांकि आरोप तीन महीने बाद सामने आए, आयोग ने खुद पुलिस में शिकायत दर्ज कर जांच की मांग की। फडणवीस ने कहा कि कार्रवाई पहले ही शुरू हो चुकी है और आश्वासन दिया कि कथित अनियमितताओं की जांच में दोषी पाए जाने वालों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
उन्होंने कहा, जिस किसी ने भी गलत काम किया है, उसके खिलाफ निश्चित रूप से कार्रवाई होगी। यदि किसी के पास सबूत हैं तो वह उन्हें प्रस्तुत करें। विस्तृत जांच की जाएगी।
होम
जॉब
पॉलिटिक्स
बिजनेस
ऑटोमोबाइल
गैजेट
लाइफस्टाइल
फोटो गैलरी
Others 
prabhasakshi




















