Responsive Scrollable Menu

अजाक्स को मिला अनुभवी गोलकीपर, टेर स्टेगन ने लोन पर थामा क्लब का दामन

एम्स्टर्डम, 4 अगस्त (आईएएनएस)। एएफसी अजाक्स ने अनुभवी गोलकीपर मार्क-आंद्रे टेर स्टेगन को साइन करने के लिए एफसी बार्सिलोना के साथ आधिकारिक समझौता कर लिया है। 34 वर्षीय खिलाड़ी एक सीजन के लिए लोन डील पर एम्स्टर्डम स्थित क्लब से जुड़ेंगे। इससे पहले, वह जनवरी में अस्थायी रूप से ला लीगा चैंपियन बार्सिलोना को छोड़कर लोन पर गिरोना गए थे।

Continue reading on the app

7 साल में 274 भगोड़ों को भारत लाया गया:₹17,874 करोड़ की संपत्ति भी अटैच; सरकार बोली- 36 देशों से प्रत्यर्पण

नई दिल्ली: केंद्र सरकार ने मंगलवार को बताया कि पिछले 7 वर्षों में 36 देशों से 274 भगोड़ों को भारत वापस लाया गया है। यह आंकड़ा साल 2004 से 2013 के बीच की तुलना में 10 गुना ज्यादा है। उस दौरान हर साल औसतन केवल चार भगोड़े ही वापस लाए जा सके थे। सरकार ने दावा किया कि पिछली सरकारों में इच्छाशक्ति की कमी थी, जबकि मोदी सरकार ने इसे राष्ट्रीय प्राथमिकता बनाया है। 17,874 करोड़ की संपत्ति जब्त सरकारी बयान के अनुसार, इस अवधि के दौरान प्रिवेंशन ऑफ मनी लॉन्ड्रिंग एक्ट (PMLA) के तहत भगोड़ों की 17,874 करोड़ रुपये की संपत्ति जब्त की गई है। सरकार ने एक एकीकृत, खुफिया और तकनीक पर आधारित मॉडल विकसित किया है, जिससे भगोड़ों के खिलाफ सख्त कार्रवाई और उनकी वापसी आसान हुई है। किन मामलों में कितने भगोड़े वापस आए? साल 2019 से 2026 (जुलाई तक) के बीच वापस लाए गए भगोड़ों में 9 वित्तीय अपराध, 17 आतंकी मामले, 42 संगठित अपराध, 62 हत्या-लूट और हिंसक अपराध, 53 यौन अपराध (बच्चों के खिलाफ अपराध सहित), 16 नशा तस्करी, 12 तस्करी-जाली मुद्रा, 18 मानव तस्करी और 45 अन्य अपराधों में वांछित थे। रेड कॉर्नर नोटिस में भारी बढ़ोतरी इंटरपोल द्वारा जारी रेड नोटिस की संख्या में भी तेजी आई है। 2022 में 40, 2023 में 100, 2024 में 107, 2025 में 112 और 2026 में अब तक 182 रेड कॉर्नर नोटिस जारी किए गए हैं। पिछले तीन वर्षों में कुल 401 भगोड़ों के खिलाफ रेड नोटिस जारी हुए हैं। गृह मंत्री के मार्गदर्शन में नई रणनीति गृह मंत्रालय ने बताया कि केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के मार्गदर्शन में प्रत्यर्पण अनुरोध अब अधिक पेशेवर तरीके से तैयार किए जाते हैं। इसमें संबंधित देशों की कानूनी अपेक्षाओं का ध्यान रखा जाता है। इसके लिए इंटेलिजेंस ब्यूरो (IB), CBI, RAW, NIA, ED, विदेश मंत्रालय, NCB, DGGI और राज्य पुलिस के बीच बेहतर तालमेल बनाया गया है। जनवरी 2026 में IB के मल्टी एजेंसी सेंटर (MAC) के तहत एक स्टैंडिंग फोकस ग्रुप का गठन किया गया है, जो भगोड़ों के मामलों को प्राथमिकता देता है। कानूनी बदलाव और तकनीक का इस्तेमाल सरकार ने 2018 में भगोड़ा आर्थिक अपराधी अधिनियम लागू किया। 2019 में NIA और UAPA में संशोधन कर दायरा बढ़ाया गया। 2024 में लागू तीन नए आपराधिक कानूनों में भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता (BNSS) की धारा 355 और 356 के तहत पहली बार 'ट्रायल इन एब्सेंटिया' (भगोड़े की अनुपस्थिति में मुकदमा) का प्रावधान किया गया है। CBI ने जनवरी 2025 में 'भारतपोल' (BHARATPOL) लॉन्च किया, जिससे 1,400 से अधिक एजेंसियां एक मंच पर जुड़ी हैं। इसके अलावा, 'ऑपरेशन त्रिशूल' के जरिए सैटेलाइट इनपुट और डिजिटल फुटप्रिंट का उपयोग कर भगोड़ों की लोकेशन का पता लगाया जा रहा है। तकनीक के इस्तेमाल से अब अदालती सुनवाई के लिए वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग जैसी सुविधाएं भी मिल रही हैं, जिससे कानूनी प्रक्रिया तेज हुई है।

Continue reading on the app

  Sports

विराट को छोले-भटूरे तो वैभव सूर्यवंशी को मटन पसंद... राजभोग से मिलती है छक्के मारने की ताकत? जानिए बेबी बॉस का डाइट प्लान

Vaibhav Sooryavanshi diet Plan: वर्तामान में क्रिकेट में जहां सख्त डाइट और फिटनेस ही टीम में चयन का मुख्य पैमाना बन चुके हैं, वहीं 15 साल के वैभव सूर्यवंशी अपनी शर्तों पर खेल रहे हैं. विराट कोहली की शुरुआती दिनों की तरह ही वैभव भी खाने के बेहद शौकीन हैं. मटन, चिकन, मछली से लेकर 'राजभोग' और आइसक्रीम तक, वे बिना किसी परहेज के अपने पसंदीदा स्वादों का मजा लेते हैं. Thu, 6 Aug 2026 20:54:57 +0530

  Videos
See all

Bihar Health System: Bihar में युवक का पैर टूटा,गत्ते से बांध दिया टूटा पैर | Aaj Tak Hindi #tmktech #vivo #v29pro
2026-08-06T16:15:29+00:00

UP Election 2027: क्या सॉफ्ट हिंदुत्व के सहारे BJP को टक्कर दे पाएगा विपक्ष? Yogi vs Akhilesh | Big #tmktech #vivo #v29pro
2026-08-06T16:15:06+00:00
Editor Choice
See all
Photo Gallery
See all
World News
See all
Top publishers