दिल्ली की दम तोड़ती खेल संस्कृति: क्रिकेट के अलावा कहां हैं दर्शक, टूर्नामेंट और भविष्य की ठोस योजना?
राजधानी दिल्ली में खेल संस्कृति क्रिकेट तक सिमटती जा रही है. फुटबॉल और हॉकी जैसे खेलों के लिए नियमित टूर्नामेंट, दर्शकों की भागीदारी और मजबूत जमीनी ढांचे की कमी चिंता बढ़ाती है. कभी डूरंड कप दिल्ली की फुटबॉल पहचान था, लेकिन इसके बाहर जाने से राजधानी ने बड़ा आकर्षण खोया. सुब्रतो कप और नेहरू हॉकी टूर्नामेंट जैसे आयोजनों को स्कूलों, कॉलेजों और स्थानीय क्लबों से जोड़ना जरूरी है. दिल्ली सरकार, खेल महासंघों और स्थानीय संस्थाओं को सालभर का खेल कैलेंडर बनाकर जवाबदेही तय करनी चाहिए. क्रिकेट की लोकप्रियता बरकरार रहे, लेकिन राजधानी की खेल पहचान बहुआयामी भी बने.
Pakistan Economy : कर्ज के ज्वालामुखी पर बैठा है पाकिस्तान, सिर्फ ब्याज चुकाने में जाते हैं 8 लाख करोड़ रुपये
Pakistan Economy : पाकिस्तान ने चालू वित्त्वर्ष के लिए अपना बजट पेश किया है और इसमें साफ दिख रहा है कि उसके बजट का ज्यादातर हिस्सा कर्ज चुकाने में जा रहा है. पाकिस्तान को हर साल कर्ज के ब्याज के रूप में 8 लाख करोड़ चुकाने होते हैं. उसका कुल बजट 18 लाख करोड़ा का है और रक्षा बजट को निकाल दिया जाए तो 11.7 लाख करोड़ की रकम कर्ज चुकाने और हथियार खरीदने में चली जाती है. ऐसे में विकास तो उसके एजेंडे से बाहर की चीज हो जाती है.
होम
जॉब
पॉलिटिक्स
बिजनेस
ऑटोमोबाइल
गैजेट
लाइफस्टाइल
फोटो गैलरी
Others 
News18








