'टीम में लीडर या सीनियर जैसी...' अर्शदीप सिंह ने प्लेयर ऑफ द मैच अवार्ड जीतने के बाद बताई अंदर की बात, जानिए क्या कहा?
Arshdeep Singh : इंडियन क्रिकेट टीम ने वेस्टइंडीज को पांच मैचों की टी20 अंतरराष्ट्रीय सीरीज के दूसरे मुकाबले में 14 रनों से धूल चटा दी. टीम इंडिया की इस जीत में बाएं हाथ के तेज गेंदबाज अर्शदीप सिंह ने अहम योगदान दिया. उन्होंने बॉल के साथ कमाल का प्रदर्शन किया और 4 ओवर की गेंदबाजी में 44 रन खर्च कर कुल 3 विकेट हासिल किए. इन 3 विकटों के चलते उन्हें इंदौल के होल्कर स्टेडियम में प्लेयर ऑफ द मैच का अवार्ड मिला. इस अवार्ड को हासिल करने और अपनी टीम को जीत दिलाने के बाद अर्शदीप सिंह ने बड़ा बयान दिया है. उन्होंने क्या कहा है, आइए इसके बारे में जानते हैं.
इस मुकाबले में इंडियन क्रिकेट टीम ने टॉस हारने के बाद पहले बैटिंग करते हुए 20 ओवर में 10 विकेट खोकर 223 रन बनाए. इसके बाद वेस्टइंडीज की टीम 20 ओवर में 7 विकेट पर 209 रन बना पाई और 14 रनों से भारतीय क्रिकेट टीम को जीत मिली. इस मैच में बल्ले के साथ भारत के लिए अभिषेक शर्मा ने 30 बॉल में 5 चौके और 6 छक्कों के साथ 69 रनों की पारी खेली, लेकिन इसके बावजदू अर्शदीप सिंह को प्लेयर ऑफ द मैच मिला है. उन्होंने अवार्ड लेने के बाद क्या कहा है, आइए जानते हैं.
Back in the lead in the #INDvWI T20I series ????#TeamIndia clinch the ???? in Indore to go 2️⃣-1️⃣ up ✅
— BCCI (@BCCI) October 11, 2026
Scorecard ▶️ https://t.co/0ve4uDWSIn@mflone_ pic.twitter.com/35WSM1eUtk
अर्शदीप ने प्लेयर ऑफ द मैच बनने पर दिया बड़ा बयान
अर्शदीप सिंह ने कहा कि, 'ये विकेट बहुत अच्छा है. बॉल थोड़ी रिवर्स हो रही थी और डेथ ओवरों में बॉलिंग करना हमेशा मजेदार होता है. जब बॉल थोड़ी रिवर्स हो और ओस भी हमेशा अच्छी होती है लेकिन पिछले गेम में अच्छा नहीं कर सका, इसलिए इस बार टीम के लिए अच्छा करना चाहता था और सही रिजल्ट मिला. टीम में लीडर या सीनियर जैसी कोई चीज नहीं है. अभी माहौल बहुत चिल है और हम बस एक-दूसरे की सक्सेस एन्जॉय कर रहे हैं, जब भी किसी का दिन खराब होता है, तो हम हमेशा यह पक्का करते हैं कि हम उन्हें सपोर्ट करें और उन्हें बताएं कि वे टीम का एक जरूरी हिस्सा हैं. एक इंटरनेशनल क्रिकेटर के तौर पर आपके अच्छे और बुरे दिन आते ही हैं. जब तक आप शांत रहेंगे, आप हमेशा वापस आएंगे और अच्छा करेंगे'.
Big wickets ☝️
— BCCI (@BCCI) October 11, 2026
Crucial win ????
Arshdeep Singh's 3️⃣-fer earns him the Player of the Match award ????
WATCH his spell ▶️ https://t.co/Vyhwl0S7vq#TeamIndia | #INDvWI | @mflone_ | @arshdeepsinghh pic.twitter.com/9iGiAj7Ln4
अर्शदीप ने अपनी बॉलिंग को लेकर बोली बड़ी बात
अर्शदीप सिंह ने आगे कहा कि, 'मुझे पर्सनली यह बहुत पसंद है जब बैट्समैन शुरुआत में और डेथ ओवर में भी ज्यादा जोर लगाते हैं. यह एक अच्छा चैलेंज है, यह बहुत मजेदार है, और यही वह समय है जब आप खुद को अपनी स्किल्स को और खेल के उस फेज में अपनी मेंटल स्ट्रेंथ को भी टेस्ट करते हैं. तो यह बहुत मजेदार है. मेन फोकस बस जल्दी आना, नई बॉल से, पुरानी बॉल से थोड़ी बॉलिंग करना और जितना हो सके अपनी स्किल्स को बेहतर बनाना है. शेड्यूल हमेशा टाइट होता है. आपको बस जल्दी से खुद को ढालना होता है, जो टीम जल्दी ढल जाती है, ज्यादातर वह टीम होती है जो रिजल्ट के सही साइड पर होती है. इसलिए एक टीम के तौर पर हम बस हालात के हिसाब से खुद को ढालने और खेलने की कोशिश करते हैं'.
ये भी पढ़ें : IND VS WI: कितनी तारीख को खेला जाएगा भारत-वेस्टइंडीज के बीच चौथा टी-20 मैच? आज ही नोट कर लो डेट और टाइम
माउंट मुकुट ईस्ट फतह कर लौटे भारतीय तटरक्षक बल और HMI संयुक्त अभियान दल का CM धामी ने किया फ्लैग-इन
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने सोमवार को मुख्यमंत्री आवास में भारतीय तटरक्षक बल एवं हिमालयन माउंटेनियरिंग इंस्टीट्यूट (एचएमआई), दार्जिलिंग के संयुक्त पर्वतारोहण अभियान दल का फ्लैग-इन किया. एचएमआई के प्राचार्य कर्नल रजनीश जोशी के नेतृत्व में संयुक्त दल ने 7,045 मीटर ऊंचे माउंट मुकुट ईस्ट का सफल आरोहण कर ऐतिहासिक उपलब्धि हासिल की है. यह भारतीय तटरक्षक बल के इतिहास में 7,000 मीटर से अधिक ऊंचाई वाली किसी पर्वत चोटी का पहला सफल आरोहण है.
CM धामी ने अभियान दल को दी बधाई
मुख्यमंत्री ने इस उपलब्धि के लिए अभियान दल के सभी सदस्यों को बधाई एवं शुभकामनाएं दीं. उन्होंने कहा कि हिमालय की दुर्गम और चुनौतीपूर्ण परिस्थितियों में इस प्रकार की सफलता पर्वतारोहियों के अदम्य साहस, दृढ़ संकल्प, अनुशासन और टीम भावना का परिचायक है. यह उपलब्धि भारतीय तटरक्षक बल के साथ ही पूरे देश के लिए गौरव का विषय है.
साहस, शौर्य और समृद्ध पर्वतारोहण परंपरा से जुड़ी उत्तराखंड की पहचान
मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तराखंड की पहचान साहस, शौर्य और समृद्ध पर्वतारोहण परंपरा से जुड़ी रही है. इस अभियान को उत्तराखंड राज्य स्थापना के 25 गौरवशाली वर्षों को समर्पित किया जाना विशेष महत्व रखता है. अभियान दल द्वारा माउंट मुकुट ईस्ट के शिखर पर 2,500 वर्ग फुट का विशाल उत्तराखंड ध्वज फहराया जाना प्रदेश के लिए गर्व की बात है. उन्होंने कहा कि यह उपलब्धि राज्य की गौरवशाली यात्रा और हिमालय के साथ उसके गहरे जुड़ाव को भी प्रदर्शित करती है.
मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तराखंड में साहसिक पर्यटन और पर्वतारोहण की अपार संभावनाएं हैं. राज्य सरकार साहसिक पर्यटन गतिविधियों को बढ़ावा देने के साथ ही युवाओं को पर्वतारोहण और अन्य साहसिक खेलों से जोड़ने के लिए निरंतर प्रयास कर रही है. इस प्रकार के अभियान युवाओं को कठिन परिश्रम, अनुशासन और लक्ष्य के प्रति समर्पण की प्रेरणा देते हैं.
'समुद्री सीमाओं की सुरक्षा में अहम भूमिका निभा रहा भारतीय तटरक्षक बल'
मुख्यमंत्री ने कहा कि भारतीय तटरक्षक बल देश की समुद्री सीमाओं की सुरक्षा में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहा है. बल के जवानों द्वारा हिमालय की ऊंचाइयों पर इस प्रकार की उपलब्धि हासिल करना उनकी साहसिक क्षमता और उत्कृष्ट प्रशिक्षण को दर्शाता है. उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि माउंट मुकुट ईस्ट अभियान से प्राप्त अनुभव वर्ष 2027 में प्रस्तावित माउंट एवरेस्ट अभियान की सफलता में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा.
इस अवसर पर एचएमआई, दार्जिलिंग के प्राचार्य एवं अभियान दल के नेतृत्वकर्ता कर्नल रजनीश जोशी ने अभियान की जानकारी देते हुए बताया कि भारतीय तटरक्षक बल वर्ष 2027 में अपनी स्थापना के 50 वर्ष पूर्ण करने जा रहा है. स्वर्ण जयंती के अवसर पर प्रस्तावित माउंट एवरेस्ट अभियान की तैयारियों के अंतर्गत यह पर्वतारोहण अभियान आयोजित किया गया. इसके लिए पर्वतारोहियों के चयन एवं प्रशिक्षण की जिम्मेदारी हिमालयन माउंटेनियरिंग इंस्टीट्यूट, दार्जिलिंग को सौंपी गई है.
15 सितंबर से 9 अक्टूबर तक चला अभियान
कर्नल जोशी ने बताया कि 15 सितंबर से 9 अक्टूबर 2026 तक संचालित अभियान के अंतर्गत संयुक्त दल ने माउंट मुकुट ईस्ट का सफल आरोहण किया. इस अभियान को उत्तराखंड के 25 गौरवशाली वर्षों को समर्पित करते हुए शिखर पर 2,500 वर्ग फुट का विशाल ध्वज फहराया गया. उन्होंने बताया कि माउंट एवरेस्ट अभियान की तैयारियों के क्रम में दल द्वारा इससे पूर्व सिक्किम हिमालय में माउंट बी.सी. रॉय और माउंट थिंचेनखांग का भी सफल आरोहण किया जा चुका है. इन अभियानों से पर्वतारोहियों को उच्च हिमालयी परिस्थितियों में अनुकूलन, तकनीकी दक्षता और सामूहिक समन्वय का महत्वपूर्ण अनुभव प्राप्त हुआ है.
इस अवसर पर भारतीय तटरक्षक बल के अपर महानिदेशक श्री आनंद प्रकाश बडोला, उप महानिरीक्षक श्री हिमांशु नौटियाल, उप महानिरीक्षक श्री डी.एस. चौहान, कमांडेंट श्री अमित उनियाल, कमांडेंट श्री विश्वजीत सिंह, एचएमआई के श्री पासांग तेनजिंग शेरपा सहित अभियान दल के अन्य सदस्य उपस्थित थे.
होम
जॉब
पॉलिटिक्स
बिजनेस
ऑटोमोबाइल
गैजेट
लाइफस्टाइल
फोटो गैलरी
Others 
News Nation






