MPSC चेयरमैन के इस्तीफे पर Rohit Pawar ने महाराष्ट्र सरकार को दिया रविवार तक का अल्टीमेटम
महाराष्ट्र लोक सेवा आयोग (एमपीएससी) के अध्यक्ष विवेक भीमन्वार के इस्तीफे की मांग को लेकर पुणे में जारी आंदोलन और तेज हो सकता है, क्योंकि राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी-शरदचंद्र पवार (राकांपा-शप) के विधायक रोहित पवार ने महाराष्ट्र सरकार से रविवार शाम तक अपना रुख साफ करने को कहा है। अभ्यर्थी भीमन्वार के इस्तीफे और एमपीएससी में सुधार की मांग को लेकर पुणे में एसएम जोशी पुल पर पिछले दस दिन से विरोध-प्रदर्शन कर रहे हैं। पवार ने संवाददाताओं से कहा, ‘‘आगे की कार्रवाई की घोषणा रविवार शाम को की जाएगी।’’ पुणे पुलिस ने बिना इजाजत विरोध-प्रदर्शन करने, यातायात में रुकावट डालने और निषेधाज्ञा का उल्लंघन करने के आरोप में आंदोलन के 15 प्रतिनिधियों के खिलाफ दो दिन पहले मामला दर्ज किया था।
इसके अलावा, प्रदर्शन स्थल पर ड्रोन उड़ाने के आरोप में पांच लोगों के खिलाफ मामला दर्ज किया गया था। मामले दर्ज होने के बाद पवार विश्रामबाग थाने पहुंचे और मांग की कि उनके खिलाफ भी प्राथमिकी दर्ज की जाए। उन्होंने बताया कि पुलिस ने उनसे कहा कि जांच के बाद ही कोई फैसला लिया जाएगा।
पवार ने दावा किया कि इस मुद्दे से लगभग 25 लाख छात्र सीधे या परोक्ष रूप से प्रभावित हुए हैं। उन्होंने मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस से आग्रह किया कि वह ‘‘एमपीएससी अध्यक्ष भीमन्वार के साथ अपनी दोस्ती से ऊपर उठकर’’ अभ्यर्थियों की चिंताओं को प्राथमिकता दें। पवार ने कहा, ‘‘प्रदर्शनकारियों के प्रतिनिधियों ने आयोग में सुधार के लिए प्रस्तावित बदलावों का एक मसौदा सौंपा है और छात्रों ने इस दस्तावेज का समर्थन किया है।’’ उन्होंने सरकार पर प्रदर्शनकारियों को नजरअंदाज करने का आरोप लगाया, क्योंकि उनमें से कई गरीब परिवारों से हैं।
पवार ने कहा कि अगर छात्र, उनके परिवार के सदस्य और अन्य नागरिक बड़ी संख्या में इसमें शामिल होते हैं, तो आंदोलन एक अलग मोड़ ले सकता है। भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के नेता गोपीचंद पडलकर की आलोचना का जवाब देते हुए पवार ने आरोप लगाया कि आंदोलन में शामिल छात्रों को ‘‘अर्बन नक्सल’’, ‘‘इंटेलेक्चुअल नक्सल’’ और विरोध-प्रदर्शन के लिए पैसे लेने वाले लोग कहा गया। राकांपा (शप) के नेता ने सत्ताधारी पक्ष पर आंदोलन का मजाक उड़ाने और उसे महज एक तमाशा बताने का आरोप लगाया।
उन्होंने कहा कि ऐसी बातें गरीब छात्रों, किसानों और खेतिहर मजदूरों के बच्चों का मजाक उड़ाने के बराबर हैं। पवार ने कहा कि एमपीएससी अध्यक्ष की नियुक्ति के लिए फडणवीस जिम्मेदार हैं और उन्हें इस मामले में फैसला लेने का अधिकार है। उन्होंने कहा कि प्रदर्शनकारियों की मांग है कि आयोग में सुधार के लिए बनाई जाने वाली समिति में एफडीए आयुक्त तुकाराम मुंडे जैसे काबिल अधिकारियों को शामिल किया जाए।
पवार ने आयोग के कामकाज की व्यापक जांच की मांग करते हुए कहा कि इसके चौकीदार से लेकर अध्यक्ष तक, सभी की जांच होनी चाहिए। उन्होंने महाराष्ट्र के कुछ हिस्सों में सूखे के हालात के बावजूद किसानों, खेतिहर मजदूरों और छात्रों को आर्थिक मदद न मिलने को लेकर राज्य सरकार की आलोचना भी की।
12 October History: नवाज शरीफ को हटाकर Pervez Musharraf ने हथियाई थी पाकिस्तान की सत्ता
इतिहास के पन्नों में 12 अक्टूबर का दिन पड़ोसी देश पाकिस्तान में सेना प्रमुख के हाथों सरकार के तख्तापलट के दिन के तौर पर दर्ज है। दरअसल 1999 में इसी दिन देश के तत्कालीन सेना प्रमुख परवेज मुशर्रफ ने प्रधानमंत्री नवाज शरीफ की सरकार का तख्तापलट कर शासन की बागडोर अपने हाथ में ले ली थी। इस रक्तविहीन क्रांति में नवाज पर श्रीलंका से आ रहे मुशर्रफ के विमान का अपहरण करने और आतंकवाद फैलाने का आरोप लगाने के बाद उन्हें गिरफ्तार कर लिया गया।
बाद में उन्हें परिवार के 40 सदस्यों के साथ सऊदी अरब निर्वासित कर दिया गया। देश-दुनिया के इतिहास में 12 अक्टूबर की तारीख में दर्ज अन्य प्रमुख घटनाओं का सिलसिलेवार ब्यौरा इस प्रकार है:- 1492 : इटली के खोजकर्ता क्रिस्टोफर कोलंबस की ऐतिहासिक खोज यात्रा पर निकले तीन जहाजों में से एक पर सवार लोगों ने बहामा में वाटलिंग द्वीप देखा। इसे एक नयी दुनिया की खोज कहा गया।
1967 : राजनीतिज्ञ और सामाजिक सरोकारों से जुड़े नेता राम मनोहर लोहिया का निधन। लोहिया को उनके नवाचारी विचारों के लिए याद किया जाता है। 1999 : पाकिस्तान में परवेज मुशर्रफ ने रक्तविहीन क्रांति कर प्रधानमंत्री नवाज शरीफ की सरकार का तख्ता पलटा और सत्ता हथिया ली।
1999 : संयुक्त राष्ट्र के जनसंख्या कोष के अनुमान के अनुसार, यह 12 अक्टूबर का ही दिन था, जब दुनिया की आबादी ने छह अरब का आंकड़ा छू लिया। 2000 : यमन के बंदरगाह अदन में ईंधन भरने की तैयारी कर रहे अमेरिका के विध्वंसक पोत पर अलकायदा से जुड़े आत्मघाती आतंकवादियों ने हमला किया, 17 नाविकों की मौत। 2001 : संयुक्त राष्ट्र और इसके महासचिव कोफी अन्नान को सदी का पहला नोबेल शांति सम्मान प्रदान किया गया।
2011 : भारत ने मानसून के मिजाज के अध्ययन के लिए एक उपग्रह सफलतापूर्वक अंतरिक्ष में प्रक्षेपित किया। 2018 : ओडिशा में ‘तितली’ चक्रवात के कारण भारी बारिश और बाढ़ से 60 लाख से ज्यादा लोग प्रभावित। 2023: साल 2016 में पठानकोट में वायुसेना स्टेशन पर हुए हमले के मुख्य षड्यंत्रकर्ता शाहिद लतीफ की पाकिस्तान में हत्या।
2024: कोस्टारिका के प्रशांत महासागर तट पर 6.2 तीव्रता का भूकंप।
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