INDIA गठबंधन ने President Droupadi Murmu से की मुलाकात, मतपत्र से चुनाव कराने की मांग
(तस्वीरों के साथ) नयी दिल्ली, नौ अक्टूबर विपक्षी गठबंधन ‘इंडिया’ के नेताओं ने शुक्रवार को राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू से मुलाकात कर कथित वोट चोरी का मुद्दा उठाया और कहा कि मुर्मू ने उनकी बातों को खारिज नहीं किया तथा इससे जुड़े सबूत मांगे जो उन्हें मुहैया कराए जाएंगे। कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे, लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी, तृणमूल कांग्रेस की प्रमुख ममता बनर्जी, नेशनल कॉन्फ्रेंस के नेता और जम्मू-कश्मीर के मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला, समाजवादी पार्टी के नेता राजीव राय समेत 10 नेताओं ने इस गठबंधन की ओर से राष्ट्रपति से मुलाकात की और उन्हें अपनी मांगों का ज्ञापन सौंपा। विपक्षी नेता सोमवार को प्रधान न्यायाधीश न्यायमूर्ति सूर्यकांत से भी ‘‘वोट चोरी’’ के विषय पर मुलाकात करने का प्रयास करेंगे।
राष्ट्रपति से मिलने के बाद खरगे ने संवाददाताओं से कहा कि विपक्षी दलों ने पिछले चार दिनों से जारी आंदोलन के तहत राष्ट्रपति से मुलाकात की और उनके समक्ष अपनी बात रखी। राष्ट्रपति से मुलाकात के बाद खरगे ने संवाददाताओं से कहा, ‘‘हम वोट चोरी के बारे में बताने के लिए राष्ट्रपति के पास गए थे। हमने उनके समक्ष अपनी बात रखी और उनसे आग्रह किया कि ईवीएम को हटाकर मतपत्रों से चुनाव कराया जाए।’’ खरगे ने कहा कि राष्ट्रपति ने वोट चोरी के आरोपों के संबंध में सबूत मांगे हैं और विपक्ष उन्हें सबूत उपलब्ध कराएगा।
उन्होंने प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह पर निशाना साधते हुए कहा कि लोकतंत्र को खत्म करने की कोशिश की जा रही है। ममता बनर्जी ने कहा कि राष्ट्रपति का रुख नकारात्मक नहीं था और उन्होंने आश्वासन दिया कि वह विपक्ष द्वारा उठाए गए मुद्दों पर गौर करेंगी। उन्होंने कहा, ‘‘राष्ट्रपति ने सबूत मांगे हैं।
हमने उनसे कहा कि आप भारतीय गणराज्य की प्रहरी हैं, आप इस मामले को देखें।’’ राहुल गांधी ने बैठक को ‘‘अद्भुत’’ बताते हुए कहा कि विपक्षी नेताओं ने राष्ट्रपति को ज्ञापन सौंपा और उनके समक्ष चुनावी प्रक्रिया में कथित अनियमितताओं का मुद्दा उठाया। उन्होंने आरोप लगाया कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी, अमित शाह और मुख्य निर्वाचन आयुक्त ज्ञानेश कुमार ने लोकतंत्र को नष्ट करने की साजिश रची है। गांधी ने कहा कि राष्ट्रपति ने विपक्ष की ओर से उठाए गए मुद्दों को खारिज नहीं किया और चुनावों में कथित गड़बड़ियों के संबंध में सबूत पेश करने को कहा।
उन्होंने कहा, ‘‘हमने उनसे कहा कि चुनाव दर चुनाव यह चोरी की गई है। हमने जो सबूत जुटाए हैं, उन्हें राष्ट्रपति जब भी चाहेंगी, सौंप दिया जाएगा।’’ राहुल गांधी ने कहा कि उन्हें इस बात पर आश्चर्य हुआ कि राष्ट्रपति ने विपक्ष की बातों को स्वीकार किया। इससे पहले, विपक्षी नेताओं ने संविधान सदन के केंद्रीय कक्ष में बैठक की तथा ‘वोट चोरी’ के खिलाफ अभियान को आगे बढ़ाने तथा मुख्य निर्वाचन आयुक्त (सीईसी) ज्ञानेश कुमार को पद से हटाने की मांग को लेकर अपनी रणनीति पर मंथन किया।
बैठक के बाद विपक्षी नेताओं ने राष्ट्रपति भवन की ओर मार्च शुरू किया, हालांकि पुलिस ने उन्हें विजय चौक पर ही रोक दिया। विपक्षी नेताओं ने एक बड़ा बैनर ले रखा था, जिस पर ‘सेव डेमोक्रेसी’ (लोकतंत्र बचाओ) लिखा हुआ था। उन्होंने ‘ज्ञानेश कुमार इस्तीफा दो’ के नारे लगाए।
पुलिस द्वारा रोके जाने के बाद विपक्षी सांसद वहीं सड़क पर बैठक गए और सरकार तथा ज्ञानेश कुमार के खिलाफ नारे लगाए। संविधान सदन में हुई बैठक में कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे, लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी, कर्नाटक के मुख्यमंत्री डी.के. शिवकुमार, हिमाचल प्रदेश के मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू, तृणमूल कांग्रेस की प्रमुख ममता बनर्जी, राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (शरदचंद्र पवार) की नेता सुप्रिया सुले, इंडियन यूनियन मुस्लिम लीग के ई.टी. मोहम्मद बशीर, माकपा महासचिव एम.ए. बेबी, भाकपा महासचिव डी. राजा, समाजवादी पार्टी के सांसद राजीव राय और मोहिबुल्लाह नदवी, निर्दलीय सांसद कपिल सिब्बल और कई अन्य नेता मौजूद थे।
CJP Protest: 20 हजार पुलिसकर्मी, 300 CCTV कैमरे और 12 डिटेंशन सेंटर; 10 अक्टूबर के प्रदर्शन से पहले तैयार दिल्ली पुलिस
पूरे देश से CJP समर्थक दिल्ली के जंतर-मंतर पर जुटने वाले हैं. ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग को लेकर सीजेपी फाउंडर अभिजीत दीपके ने शनिवार को प्रदर्शन का आह्वान किया था.
The post CJP Protest: 20 हजार पुलिसकर्मी, 300 CCTV कैमरे और 12 डिटेंशन सेंटर; 10 अक्टूबर के प्रदर्शन से पहले तैयार दिल्ली पुलिस appeared first on Prabhat Khabar.
होम
जॉब
पॉलिटिक्स
बिजनेस
ऑटोमोबाइल
गैजेट
लाइफस्टाइल
फोटो गैलरी
Others 
prabhasakshi







