सितंबर में ब्रोकिंग इंडस्ट्री में जुड़े 1.61 लाख नए एक्टिव क्लाइंट्स, Groww ने मारी बाजी, Zerodha और Upstox के ग्राहक घटे
India Broking Industry: भारत की ब्रोकिंग इंडस्ट्री ने सितंबर 2026 में लगभग 1.61 लाख नेट एक्टिव क्लाइंट जोड़े. NSE डेटा के मुताबिक, एक्सचेंज पर कुल एक्टिव क्लाइंट बेस अब बढ़कर लगभग 46.12 मिलियन हो गया है. मार्केट में गिरावट के बावजूद निवेशकों का जुड़ना जारी है. लेकिन अलग-अलग ब्रोकर के लिए तस्वीर काफी अलग-अलग है.
Groww ने सबसे ज्यादा क्लाइंट जोड़े
Groww सितंबर में सबसे ज्यादा नए क्लाइंट जोड़ने वाला ब्रोकर रहा, जिसने लगभग 1.01 लाख एक्टिव क्लाइंट जोड़े. इसके बाद Angel One ने लगभग 37,000 और Aaritya Broking (Sahi) ने 28,077 क्लाइंट जोड़े.
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Dhan की लगातार ग्रोथ
NSE पर टॉप 10 ब्रोकरों में, Dhan ने तीसरा सबसे ज्यादा नेट एडिशन दर्ज किया है. सितंबर में इसने 13,624 एक्टिव क्लाइंट जोड़े, जिससे इसका बेस अगस्त के 1.01 मिलियन से बढ़कर 1.12 मिलियन हो गया है. खास बात यह है कि धन का एक्टिव क्लाइंट बेस अब लगातार 12 महीनों से बढ़ रहा है. अक्टूबर 2025 में यह 979,483 था और सितंबर 2026 तक यह 1.12 मिलियन तक पहुंच गया.
दूसरे बड़े ब्रोकर्स का स्टेटस
दूसरे बड़े ब्रोकर्स में, ICICI सिक्योरिटीज ने लगभग 5,000 क्लाइंट जोड़े, जबकि HDFC सिक्योरिटीज और मोतीलाल ओसवाल में लगभग 3,000 क्लाइंट बढ़े. दूसरी ओर, जेरोधा में लगभग 5,000 क्लाइंट की थोड़ी कमी आई, और अपस्टॉक्स ने लगभग 11,000 क्लाइंट खो दिए. कोटक सिक्योरिटीज के नंबर काफी हद तक स्टेबल रहे.
SBI सिक्योरिटीज को सबसे बड़ा झटका लगा
बड़े ब्रोकर्स में, SBI सिक्योरिटीज में सबसे बड़ी गिरावट आई. सितंबर के दौरान इसके एक्टिव क्लाइंट बेस में लगभग 23,000 की कमी आई.
मार्केट शेयर में कौन कहां है?
अगस्त में Groww का एक्टिव क्लाइंट बेस 13.35 मिलियन से बढ़कर 13.45 मिलियन हो गया. इससे NSE पर इसका मार्केट शेयर 29.04% से बढ़कर 29.16% हो गया. मार्केट शेयर का मतलब है कि NSE के कुल एक्टिव क्लाइंट में से कितने ब्रोकर के पास हैं. Angel One और Zerodha के पास क्रमशः 14.65% और 14.73% थे.
तिमाही में कितनी ग्रोथ हुई?
जुलाई-सितंबर तिमाही में, NSE का एक्टिव क्लाइंट बेस लगभग 67.3 मिलियन बढ़कर 45.45 मिलियन से 46.12 मिलियन हो गया. Groww ने तिमाही की कुल ग्रोथ में लगभग 32.4 मिलियन क्लाइंट का योगदान दिया, जो नेट बढ़ोतरी का लगभग 48% है.
इन्वेस्टर्स के लिए यह क्यों मायने रखता है?
डेटा साफ दिखाता है कि नए इन्वेस्टर्स तेजी से कुछ खास प्लेटफॉर्म की ओर बढ़ रहे हैं, जबकि कुछ जाने-माने नाम क्लाइंट खो रहे हैं. लेकिन ब्रोकर चुनते समय, सिर्फ क्लाइंट नंबर न देखें. ब्रोकरेज चार्ज, प्लेटफॉर्म स्टेबिलिटी, कस्टमर सपोर्ट और फीचर्स की तुलना जरूर करें.
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सिंगापुर से छत्तीसगढ़ में आएगा Investment, सीएम का ऐलान, खुलेंगे नए मौके
छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने अपने चार दिवसीय (3 से 6 अक्टूबर) सिंगापुर दौरे को राज्य के विकास और औद्योगिक प्रगति के लिए अत्यंत सफल बताया है. भारत सरकार के विदेश मंत्रालय द्वारा नामांकित ‘सिंगापुर-इंडिया नेटवर्क फॉर ग्रोथ फोरम’ में शामिल होकर लौटे मुख्यमंत्री ने राज्य के लिए ₹43,600 करोड़ के प्रत्यक्ष विदेशी निवेश (FDI) प्रस्तावों की घोषणा की.
AI-रेडी डाटा सेंटर: ‘एनर्जी कैपिटल ग्लोबल’ द्वारा ₹41,750 करोड़ के निवेश से 100 मेगावाट का AI-रेडी डाटा सेंटर कैंपस विकसित किया जाएगा. एग्री-बिजनेस और एक्सपोर्ट हब: वैश्विक एग्री-बिजनेस कंपनी ‘वैलेंसी इंटरनेशनल’ ₹350 करोड़ का निवेश करेगी. इसके तहत काजू, तिल, दाल और मूंगफली जैसी फसलों की प्रोसेसिंग और निर्यात को बढ़ावा मिलेगा, जिससे किसानों को अंतरराष्ट्रीय बाजार मिलेगा. सोलर व बैटरी स्टोरेज सेक्टर: ‘सन स्ट्रीम ग्रीन एनर्जी’ ₹100 करोड़ का निवेश कर बैटरी स्टोरेज और संबंधित कंपोनेंट्स पर काम करेगी. कौशल विकास व तकनीकी शिक्षा: सिंगापुर की प्रसिद्ध संस्था 'ITE एजुकेशन सर्विसेज' के साथ छत्तीसगढ़ के ITI कॉलेजों में वैश्विक मानकों के अनुरूप पाठ्यक्रम और प्रशिक्षण के लिए समझौता (MoU) हुआ है.
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